
भारतीय महिला क्रिकेट टीम के विश्व चैंपियन बनने से गदगद हैं सचिन तेंदुलकर, बोले- बल्ला और गेंद उठाकर…
सचिन तेंदुलकर ने टीम इंडिया के वुमेंस वर्ल्ड कप जीतने के लिए बधाई दी और इस जीत को मील का पत्थर बताया। सचिन ने कहा कि ये जीत वाकई में खास है और इससे उन सभी युवा लड़कियों को हौसला मिलेगा, जो इस खेल में आना चाहती हैं।
भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने रविवार 2 नवंबर की रात को इतिहास रच दिया। भारतीय टीम पहली बार आईसीसी वुमेंस क्रिकेट विश्व कप की चैंपियन बनी। वुमेंस वर्ल्ड कप 2025 के फाइनल में टीम इंडिया ने साउथ अफ्रीका को 52 रनों से मात देकर खिताबी जीत हासिल की और भारत चौथा ऐसा देश है, जिसने वनडे विश्व कप जीता है। अभी तक 12 में से सात बार ऑस्ट्रेलिया ने 4 बार इंग्लैंड ने और एक बार न्यूजीलैंड ने वुमेंस क्रिकेट वर्ल्ड कप की ट्रॉफी पर कब्जा किया था। भारतीय महिला टीम के गौरवमयी पल पर क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर भी खुश नजर आए। उन्होंने महिला क्रिकेटरों की आने वाली जेनरेशन को भी मोटिवेट किया।

सचिन तेंदुलकर ने टीम इंडिया की जीत पर एक्स पोस्ट करते हुए लिखा, “1983 के विश्व कप ने एक पूरी पीढ़ी को बड़े सपने देखने और उन्हें साकार करने के लिए प्रेरित किया। आज, हमारी महिला क्रिकेट टीम ने सचमुच कुछ खास किया है। उन्होंने देश भर की अनगिनत युवा लड़कियों को बल्ला और गेंद उठाकर मैदान में उतरने और यह विश्वास करने के लिए प्रेरित किया है कि वे भी एक दिन ट्रॉफी उठा सकती हैं। यह भारतीय महिला क्रिकेट के सफर का एक निर्णायक क्षण है। शाबाश, टीम इंडिया। आपने पूरे देश को गौरवान्वित किया है।”
भारतीय महिला टीम के लिए ये विश्व कप अहम था, क्योंकि एक कलंक भारतीय महिला टीम पर लगा हुआ था कि भारतीय महिला टीम कभी आईसीसी ट्रॉफी नहीं जीत पाई है। एक बड़ी ट्रॉफी भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कैबिनेट में होनी चाहिए थी, जो न सिर्फ मौजूदा खिलाड़ियों को प्रेरित करती, बल्कि भारत के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट खेल चुकी महिलाओं को भी ये याद दिलाती कि हम जो नहीं कर पाए, हमारी छोटी बहनों ने कर दिखाया।
इसके अलावा उन करोड़ों महिलाओं के लिए भी ये जीत यादगार रहेगी, जो क्रिकेट ही नहीं, बल्कि किसी भी खेल के क्षेत्र में खुद का नाम बनाना चाहती हैं। यही वजह रही कि ये जीत भारतीय महिला क्रिकेट टीम के लिए मील का पत्थर साबित होगी और इस खेल से भी तमाम लड़कियां जुड़ेंगी और ये प्रसिद्धि महिला क्रिकेट को मिलती जाएगी।






