वैभव सूर्यवंशी को लेकर रॉबिन उथप्पा ने मारी पलटी, कहा- मैंने उसे अंडरएस्टिमेट किया...
वैभव सूर्यवंशी को लेकर रॉबिन उथप्पा के विचार बदल गए हैं। उन्होंने यू टर्न मार दिया है। वैभव को किस्मत के सहारे बैटिंग करने वाला प्लेयर बताने से लेकर वह एक शानदार प्लेयर है तक का सफर उन्होंने तय कर लिया है। उन्होंने अफसोस जताते हुए कहा है कि मैंने उसे अंडरएस्टिमेट कर लिया था।

हाल ही में रॉबिन उथप्पा के दिए गए बयान को याद दिलाते हुए एक पॉडकास्ट में पूछा गया कि आपने कहा था कि वैभव सूर्यवंशी को बॉलर फिगर आउट कर लेंगे। इसके जवाब में उथप्पा ने कहा “मुझे बस इतना लगा था यार कि वो जो सेकंड सीजन का ब्लूज है वो इंपैक्ट करेगा। पर बिल्कुल भी नहीं किया उस पर। यहां तक कि वह 15 साल का होते हुए भी बहुत कुशल और चतुर है। और उसने ऐसी दुलर्भ आंखें पाई हैं, जो क्रिकेट में बहुत ज्यादा रेयर है। इन सभी चीजों में मैंने अंडएस्टिमेट किया था। क्योंकि देखने में बच्चा लगता है।" रॉबिन उथप्पा ने कहा कि ”पिछले सीजन हमने वैभव से ट्रेलर देखे थे, लेकिन इस आईपीएल सीजन उसने पूरी फिल्म दिखा दी है।"
टेस्ट में 6 नंबर पर खेले वैभव
रॉबिन उथप्पा ने पॉडकास्ट में बात करते हुए वैभव सूर्यवंशी के टेस्ट क्रिकेट में खेलने की वकालत भी की। उन्होंने कहा “इस लड़के को टेस्ट क्रिकेट खेलना तो चाहिए।” हालांकि, उन्होंने वैभव को ओपनर के रूप में टेस्ट क्रिकेट में नहीं देखा बल्कि एक नंबर 6 के लोअर मिडिल ऑर्डर बैटर के रूप में इमैजिन किया। उथप्पा ने इसके पीछे के तर्क भी दिए। उन्होंने कहा कि “वैभव में वो काबिलियत है कि वह पुरानी गेंद के साथ भी अच्छी बैटिंग कर सकता है और नई गेंद के साथ भी गेंदबाजों की धुलाई कर सकता है। ऐसे में उसके लिए टेस्ट क्रिकेट में नंबर 6 पर बल्लेबाजी करना ज्यादा बेहतर रहेगा।”
आईपीएल 2026 से पहले दिया था ये बयान
बता दें कि आईपीएल 2026 शुरू होने से पहले रॉबिन उथप्पा ने वैभव सूर्यवंशी के बारे में बयान दिया था कि उनकी बैटिंग बहुत हद तक किस्मत के भरोसे चलती है। वे आगामी सीजन में आईपीएल 2025 जैसा प्रदर्शन नहीं दोहरा पाएंगे। उन्होंने कहा "इस साल आईपीएल में चीजें अलग हो सकती हैं क्योंकि टीमों के पास अब उनकी ताकत और कमजोरियों के बारे में ज्यादा जानकारी है। अब गेंदबाजों को पता है कि उन्हें किस लाइन और लेंथ पर गेंदबाजी करनी है, जिससे युवा बल्लेबाज के सामने नई चुनौतियां खड़ी हो सकती हैं। वैभव कुछ हद तक किस्मत के भरोसे भी बैटिंग करते हैं।"
खुश हूं कि गलत साबित किया
हालांकि, अब जब वैभव सूर्यवंशी ने अच्छा प्रदर्शन कर दिया है और उसी प्रदर्शन के दम पर उन्हें भारतीय टीम के लिए भी चयनित कर लिया गया है तब रॉबिन उथप्पा ने सीधे शब्दों में अफसोस जताया है और कहा है कि “मैं खुश हूं कि उसने मुझे गलत साबित किया है।”
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Vimlesh Kumar Bhurtiyaविमलेश कुमार भुर्तिया (Vimlesh Kumar Bhurtiya): खेल पत्रकार
संक्षिप्त विवरण
विमलेश कुमार भुर्तिया पिछले 4 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान में स्पोर्ट्स टीम में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। उन्होंने भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) नई दिल्ली से पत्रकारिता की पढ़ाई की है।
विस्तृत बायो
परिचय और अनुभव: विमलेश कुमार भुर्तिया भारतीय डिजिटल मीडिया जगत का एक उभरता हुआ नाम हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 4 वर्षों से अधिक का अनुभव प्राप्त है। वर्तमान में, वह भारत के अग्रणी समाचार संस्थान 'लाइव हिन्दुस्तान' (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में स्पोर्ट्स टीम में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पिछले चार वर्षों से वह इसी संस्थान से जुड़े हुए हैं और डिजिटल मीडिया की गतिशीलता, कार्यशैली और प्रकृति को समझने का प्रयास किया है। उनका मानना है कि पाठक किसी भी डिजिटल प्लेटफॉर्म की रीढ़ होता है ऐसे में उनके हितों को ध्यान में रखते हुए खबरों का प्रकाशन होना चाहिए। यह पत्रकारिता को जीवंत रखता है और जर्नलिज्म का मूल गुण भी यही है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
विमलेश ने भारत के सबसे प्रतिष्ठित पत्रकारिता संस्थान से अपनी शिक्षा ग्रहण की है। वे 2021-22 बैच के भारतीय जनसंचार संस्थान नई दिल्ली के छात्र रहे हैं। उन्होंने इस नामी संस्थान से रेडियो एवं टेलीविजन पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा किया है। इसके बाद उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में ही मास्टर्स यानी (M.A) की डिग्री भी हासिल की है। इन्होंने अपना ग्रेजुएशन मध्य प्रदेश के नामचीन साइंस कॉलेजों में से एक होलकर साइंस कॉलेज से किया है। ग्रेजुएशन के दूसरे साल से ही विमलेश की दिलचस्पी साहित्य और पत्रकारिता की ओर जागृत होने लगी थी। यही कारण था कि ग्रेजुएशन के दिनों में ही उन्होंने दैनिक चैतन्यलोक नामक इंदौर की क्षेत्रीय पत्रिका में काम करना शुरू कर दिया। कुछ महीनों बाद उन्होंने दैनिक भास्कर में बतौर कॉपी एडिटर ट्रेनिंग ली। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय इंदौर के पत्रकारिता और जनसंचार विभाग से मास मीडिया में इंटर्नशिप की। विमलेश कुमार भुर्तिया को कंप्यूटर का भी अच्छा ज्ञान है। उन्होंने भोपाल स्थित माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय से कंप्यूटर एप्लीकेशन में डिप्लोमा किया है।
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