
रवींद्र जडेजा ने ODI में 13 साल पहले लगाया था अर्धशतक; ऐसे कैसे खेलेंगे 2027 वर्ल्ड कप? 5 सालों में बदतर हुआ है प्रदर्शन
भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा के एकदिवसीय (ODI) करियर पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ घरेलू सीरीज में भारत की 1-2 से करारी हार ने टीम प्रबंधन को आत्ममंथन पर मजबूर कर दिया है, जिसमें सबसे बड़ा सवाल जडेजा की फॉर्म को लेकर है
भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी ऑलराउंडर रवींद्र जडेजा के एकदिवसीय (ODI) करियर पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। न्यूजीलैंड के खिलाफ घरेलू सीरीज में भारत की 1-2 से करारी हार ने टीम प्रबंधन को आत्ममंथन पर मजबूर कर दिया है, जिसमें सबसे बड़ा सवाल जडेजा की फॉर्म को लेकर है। चौंकाने वाली बात यह है कि जडेजा ने भारतीय सरजमीं पर अपना आखिरी वनडे अर्धशतक 2013 में इंग्लैंड के खिलाफ लगाया था। यानी पिछले 13 वर्षों से घरेलू मैदान पर उनके बल्ले से एक भी बड़ी पारी नहीं निकली है। उनके पूरे करियर में घर पर केवल दो 50+ स्कोर (2009 बनाम ऑस्ट्रेलिया और 2013 बनाम इंग्लैंड) दर्ज हैं। उनकी पिछली 11 वनडे पारियों में भी सर्वोच्च स्कोर मात्र 32 रहा है, जो एक फिनिशर और मुख्य ऑलराउंडर के तौर पर उनकी उपयोगिता पर सवालिया निशान खड़े करता है।
बल्लेबाजी के साथ-साथ गेंदबाजी में भी जडेजा का पैनापन खोता नजर आ रहा है, जो भारतीय टीम के लिए दोहरी मार जैसा है। न्यूजीलैंड के खिलाफ हालिया तीन मैचों की सीरीज में वह एक भी विकेट लेने में नाकाम रहे, जो 2017 के बाद पहली बार हुआ है जब वह किसी द्विपक्षीय सीरीज में विकेटविहीन रहे हों। उन्होंने सीरीज के मैचों में क्रमश: 0/56, 0/44 और 0/41 के आंकड़े दर्ज किए। वर्तमान में 37 वर्षीय जडेजा उम्र के उस पड़ाव पर हैं जहां प्रदर्शन में निरंतरता अनिवार्य है। यहां तक कि उनकी फील्डिंग, जिसे कभी विश्व स्तरीय माना जाता था, अब वैसी नजर नहीं आती। इंदौर के निर्णायक वनडे में उनसे कैच भी छूटे, जो उनके गिरते आत्मविश्वास और रिफ्लेक्सिस की ओर इशारा करते हैं।
अगले साल होने वाले 2027 वनडे विश्व कप की तैयारियों के लिहाज से जडेजा की यह फॉर्म एक बड़ा रोड़ा बन सकती है। जहां विराट कोहली अपनी शानदार फॉर्म बरकरार रखे हुए हैं और रोहित शर्मा भी योगदान दे रहे हैं, वहीं जडेजा का बल्ले और गेंद दोनों से विफल होना टीम के संतुलन को बिगाड़ रहा है। पूर्व क्रिकेटर आकाश चोपड़ा ने भी इस पर चिंता जताते हुए कहा कि जडेजा के लिए हालात बिल्कुल भी अनुकूल नहीं हैं और यह सीरीज हार उन्हें व्यक्तिगत रूप से बहुत चुभेगी। भारत को अब इस साल लंबे समय तक वनडे क्रिकेट नहीं खेलना है, जिसका अर्थ है कि जडेजा के पास अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी फॉर्म साबित करने के मौके बेहद सीमित होंगे।
रवींद्र जडेजा का करियर 'सर' की उपाधि और कई यादगार जीतों से भरा रहा है, लेकिन वर्तमान आंकड़े उनके लिए मुश्किलें पैदा कर रहे हैं। उनके करियर का गेंदबाजी औसत (36.54) और हालिया विकेट लेने की असमर्थता यह संकेत दे रही है कि चयनकर्ता अब विकल्प तलाशना शुरू कर सकते हैं। यदि जडेजा को 2027 के मिशन में शामिल होना है, तो उन्हें घरेलू सत्र में असाधारण प्रदर्शन करना होगा। भारतीय टीम इस समय बदलाव के दौर से गुजर रही है और प्रबंधन अब केवल अनुभव के आधार पर किसी खिलाड़ी को लंबे समय तक ढोने का जोखिम नहीं उठाना चाहेगा।
बता दें कि रवींद्र जडेजा का वनडे करियर 2009 में श्रीलंका के खिलाफ शुरू हुआ और जनवरी 2026 तक जारी रहा, जिसमें उन्होंने कुल 210 मैचों में 32.28 की औसत से 2905 रन बनाने के साथ-साथ 232 विकेट हासिल किए हैं। उनके बल्लेबाजी रिकॉर्ड में 13 अर्धशतक शामिल हैं (उच्चतम स्कोर 87), हालांकि उन्होंने इस प्रारूप में कोई शतक नहीं लगाया है, जबकि गेंदबाजी में उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 5/33 रहा है। जडेजा के करियर की सबसे बड़ी उपलब्धियों में 2013 चैंपियंस ट्रॉफी में 'गोल्डन बॉल' जीतना और 2025 चैंपियंस ट्रॉफी विजेता टीम का हिस्सा होना शामिल है। रवींद्र जड़ेजा के लिए परेशानी का सबस यह भी है कि दिसंबर 2020 के बाद उनके बल्ले से कोई अर्धशतक नहीं निकला है। उन्होंने अपना आखिरी अर्धशतक ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ कैनबरा 2 दिसंबर 2020 को लगाया था, जहां नाबाद 66 रनों की पारी खेली थी।
रवींद्र जडेजा ने अपने एकदिवसीय (ODI) करियर में अब तक कुल 13 अर्धशतक लगाए हैं। उनके वनडे अर्धशतकों की विस्तृत सूची इस प्रकार है:
1. 60 (नाबाद): बनाम श्रीलंका, कोलंबो (RPS), 8 फरवरी 2009
2. 57: बनाम ऑस्ट्रेलिया, गुवाहाटी, 8 नवंबर 2009
3. 61 (नाबाद): बनाम जिम्बाब्वे, बुलावायो, 28 मई 2010
4. 51: बनाम जिम्बाब्वे, हरारे, 3 जून 2010
5. 78: बनाम इंग्लैंड, द ओवल, 9 सितंबर 2011
6. 61 (नाबाद): बनाम इंग्लैंड, कोच्चि, 15 जनवरी 2013
7. 66 (नाबाद): बनाम न्यूजीलैंड, ऑकलैंड, 25 जनवरी 2014
8. 62 (नाबाद): बनाम न्यूजीलैंड, हैमिल्टन, 28 जनवरी 2014
9. 52 (नाबाद): बनाम पाकिस्तान, मीरपुर, 2 मार्च 2014
10. 87: बनाम इंग्लैंड, लीड्स, 5 सितंबर 2014 (यह उनके वनडे करियर का सर्वोच्च स्कोर है)
11. 77: बनाम न्यूजीलैंड, मैनचेस्टर, 9 जुलाई 2019
12. 55: बनाम न्यूजीलैंड, ऑकलैंड, 8 फरवरी 2020
13. 66 (नाबाद): बनाम ऑस्ट्रेलिया, कैनबरा, 2 दिसंबर 2020






