WC से बाहर होने के बाद पाकिस्तानी खिलाड़ियों पर 50-50 लाख के फाइन वाली खबर झूठी है, PCB ने किया कन्फर्म

Mar 14, 2026 04:01 pm ISTVimlesh Kumar Bhurtiya लाइव हिन्दुस्तान
share

टी-20 विश्व कप में पाकिस्तान के टूर्नामेंट से जल्दी बाहर हो जाने के बाद पीसीबी ने खिलाड़ियों पर 50-50 लाख रुपये का फाइनल लगाया है, ऐसी खबरें कई दिनों से चल रही थीं, जिस पर पीसीबी ने अपनी प्रतिक्रिया जाहिर की है और इसे अफवाह बताया है।

WC से बाहर होने के बाद पाकिस्तानी खिलाड़ियों पर 50-50 लाख के फाइन वाली खबर झूठी है, PCB ने किया कन्फर्म

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड यानी पीसीबी ने शनिवार को टी20 विश्व कप से टीम के जल्दी बाहर होने के बाद खिलाड़ियों पर जुर्माना लगाने की खबरों का खंडन किया है। उन्होंने इन खबरों को सिर्फ अफवाह बताया है और सरासर झूठी करार दिया है। टूर्नामेंट से पाकिस्तान के बाहर होने के बाद से कई ऐसी खबरें आई थीं, जिनमें कहा गया था कि पाकिस्तान के प्लेयर्स को उनके बोर्ड ने खराब प्रदर्शन के लिए 50-50 लाख का जुर्माना लगाया है। जिसे अब पाकिस्तानी क्रिकेट बोर्ड ने झूठा बताते हुए सिर्फ सोशल मीडिया गॉसिप कहा है। बीते 3 सालों में पाकिस्तान लगातार चौथी बार आईसीसी टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में पहुंचने में नाकाम रहा। कई खबरों के मुताबिक, 15 सदस्यीय टीम के हर खिलाड़ी पर 50 लाख पाकिस्तानी रुपये का जुर्माना लगाया गया था। हालांकि, अब यह खबर झूठी निकली है।

पीसीबी प्रवक्ता ने हिंदुस्तान टाइम्स डिजिटल पर की पुष्टि

अफवाहें फैलने के कई दिनों बाद, पीसीबी के प्रवक्ता आमिर मीर ने हिंदुस्तान टाइम्स डिजिटल को पुष्टि की कि ऐसा कोई कदम कभी नहीं उठाया गया था और ऐसी कार्रवाई की कोई संभावना नहीं है, क्योंकि इसके लिए कोई मिसाल या प्रावधान नहीं है। उन्होंने शनिवार दोपहर को कहा कि “पीसीबी द्वारा ऐसा कोई निर्णय कभी नहीं लिया गया। यह सब सोशल मीडिया पर फैली अफवाहें हैं। ऐसा कोई पूर्व उदाहरण या प्रावधान नहीं है।”

रिपोर्ट में किए गए थे ये दावे

बता दें कि टी-20 विश्व कप के सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए सुपर-8 के ग्रुप 2 के आखिरी मैच में पाकिस्तान को श्रीलंका से 65 रनों या उससे अधिक से जीत हासिल करनी थी लेकिन पाकिस्तान की टीम ऐसा ना कर सकी और वह टी-20 विश्व कप से बाहर हो गई। पाकिस्तान के टूर्नामेंट से बाहर होते ही कई रिपोर्ट्स ऐसी आईं जिनमें दावा किया गया कि कोलंबों में भारत से विश्व कप का मुकाबला हारते ही पीसीबी ने यह फैसला ले लिया था कि खिलाड़ियों पर 50-50 लाख रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा, लेकिन अगर टीम हार के बाद भी सेमीफाइनल में पहुंच जाती है तो जुर्माना वापस ले लिया जाएगा।

पूर्व खिलाड़ियों ने भी इस खबर पर दी थी कड़ी प्रतिक्रिया

जब ये खबरें सोशल मीडिया पर वायरल हुईं, तो कई प्रशंसकों और पूर्व खिलाड़ियों ने पीसीबी द्वारा खिलाड़ियों को दंडित करने की इस घटना की कड़ी आलोचना की। पाकिस्तान के पूर्व कप्तान यूनिस खान ने खिलाड़ियों से अपील की कि अगर ये खबरें सच हैं तो वे बोर्ड के खिलाफ आवाज उठाएं। उन्होंने यह तर्क दिया था कि राष्ट्रीय टीम के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने की कोशिश करने वाले किसी भी खिलाड़ी को दंडित नहीं किया जाना चाहिए। वहीं, दिनेश कार्तिक, नासिर हुसैन, माइकल एथर्टन और अन्य कई खिलाड़ियों ने भी इसी तरह का रुख अपनाया था और अपनी प्रतिक्रिया जाहिर की थी।

Vimlesh Kumar Bhurtiya

लेखक के बारे में

Vimlesh Kumar Bhurtiya

विमलेश कुमार भुर्तिया (Vimlesh Kumar Bhurtiya): खेल पत्रकार

संक्षिप्त विवरण
विमलेश कुमार भुर्तिया पिछले 4 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान में स्पोर्ट्स टीम में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। उन्होंने भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) नई दिल्ली से पत्रकारिता की पढ़ाई की है।

विस्तृत बायो

परिचय और अनुभव: विमलेश कुमार भुर्तिया भारतीय डिजिटल मीडिया जगत का एक उभरता हुआ नाम हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 4 वर्षों से अधिक का अनुभव प्राप्त है। वर्तमान में, वह भारत के अग्रणी समाचार संस्थान 'लाइव हिन्दुस्तान' (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में स्पोर्ट्स टीम में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पिछले चार वर्षों से वह इसी संस्थान से जुड़े हुए हैं और डिजिटल मीडिया की गतिशीलता, कार्यशैली और प्रकृति को समझने का प्रयास किया है। उनका मानना है कि पाठक किसी भी डिजिटल प्लेटफॉर्म की रीढ़ होता है ऐसे में उनके हितों को ध्यान में रखते हुए खबरों का प्रकाशन होना चाहिए। यह पत्रकारिता को जीवंत रखता है और जर्नलिज्म का मूल गुण भी यही है।

शैक्षणिक पृष्ठभूमि
विमलेश ने भारत के सबसे प्रतिष्ठित पत्रकारिता संस्थान से अपनी शिक्षा ग्रहण की है। वे 2021-22 बैच के भारतीय जनसंचार संस्थान नई दिल्ली के छात्र रहे हैं। उन्होंने इस नामी संस्थान से रेडियो एवं टेलीविजन पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा किया है। इसके बाद उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में ही मास्टर्स यानी (M.A) की डिग्री भी हासिल की है। इन्होंने अपना ग्रेजुएशन मध्य प्रदेश के नामचीन साइंस कॉलेजों में से एक होलकर साइंस कॉलेज से किया है। ग्रेजुएशन के दूसरे साल से ही विमलेश की दिलचस्पी साहित्य और पत्रकारिता की ओर जागृत होने लगी थी। यही कारण था कि ग्रेजुएशन के दिनों में ही उन्होंने दैनिक चैतन्यलोक नामक इंदौर की क्षेत्रीय पत्रिका में काम करना शुरू कर दिया। कुछ महीनों बाद उन्होंने दैनिक भास्कर में बतौर कॉपी एडिटर ट्रेनिंग ली। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय इंदौर के पत्रकारिता और जनसंचार विभाग से मास मीडिया में इंटर्नशिप की। विमलेश कुमार भुर्तिया को कंप्यूटर का भी अच्छा ज्ञान है। उन्होंने भोपाल स्थित माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय से कंप्यूटर एप्लीकेशन में डिप्लोमा किया है।

खेल पत्रकारिता और पत्रकारिता का उद्देश्य
विमलेश खेल से जुड़ी तमाम तरह की स्टोरीज पाठकों तक पहुंचाते हैं, जिनमें तथ्यों की स्पष्टता होती है और सकारात्मक विश्लेषण भी शामिल होता है। ये क्रिकेट की दुनिया का अच्छा ज्ञान रखते हैं और राजनीति में गहरी दिलचस्पी है। राजनीति और क्रिकेट में घट रही घटनाओं का विश्लेषण करना उनकी तह तक जाना विमलेश को पसंद है। उनका मानना है कि एक पत्रकार की पहली जिम्मेदारी तथ्यपरकता (Fact-checking) है। चाहे वह चकाचौंध से भरा क्रिकेट जगत हो या अन्य खेल और खिलाड़ियों का जीवन। बतौर खेल पत्रकार यह कसौटी हर वक्त बनी रहनी चाहिए कि लेखन हमेशा प्रमाणिक हो। उनकी रिपोर्टिंग का उद्देश्य पाठकों को न केवल सूचित करना है, बल्कि उन्हें सही और सुरक्षित जानकारी के माध्यम से सशक्त बनाना भी है। पत्रकारिता का मुख्य उद्देश्य सूचना, शिक्षा और मनोरंजन होता है और इन्हीं उद्देश्यों को पूरा करना एक पत्रकार की पहली जिम्मेदारी होनी चाहिए।

और पढ़ें
Cricket News लेटेस्ट मैच अपडेट, IPL 2026 , Orange Cap और Purple Cap की रेस, IPL 2026 Points Table , IPL 2026 Schedule और Live Cricket Score देखें और Live Hindustan App डाउनलोड करके सभी अपडेट सबसे पहले पाएं।