'कपिल देव के सिग्नेचर...,' भारतीय टीम ने खरीदी शराब और सिगरेट, 1983 की पार्टी का बिल वायरल
कीर्ति आजाद 1983 वर्ल्ड कप विजेता टीम का हिस्सा थे। भारत ने तब कपिल की अगुवाई में खिताब जीता था। कीर्ति ने चैंपियन बनाने के बाद पार्टी को लेकर किए जा रहे दावे की सच्चाई बताई, जिसका बिल वायरल है।

कपिव देव की कप्तानी में भारत ने 1983 में वर्ल्ड कप जीता था। भारत ने लंदन में आयोजित फाइनल में वेस्टइंडीज को हराकर खिताब अपने नाम किया। सोशल मीडिया पर इन दिनों एक फोटो वायरल हो रहा, जो किसी होटल के बिल जैसा है। वायरल बिल के आधार पर दावा किया जा रहा कि भारतीय टीम ने 1983 में चैंपियन बनाने के बाद रात को पार्टी के लिए काफी शराब और सिगरेट खरीदी थी। हालांकि, कीर्ति आजाद ने दावे को खारिज कर दिया है। 1983 वर्ल्ड कप विजेता टीम का हिस्सा रहे कीर्ति आजाद ने वायरल बिल को फेक करार दिया। उन्होंने टूर्नामेंट में भारत की ओर से तीन मैच खेले थे।
किस होटल में मनाया गया था जश्न?
नकली बिल पर ग्रोसवेनर होटल लिखा है और उसमें कई चीजें खरदीने का जिक्र है। खरीदी गई चीजों में व्हिस्की, बीयर, सिगरेट और ऐशट्रे शामिल हैं। टेबल 'इंडियन क्रिकेट टीम' के नाम पर बुक होने का दावा किया गया है। साथ ही बिल पर महान क्रिकेटर कपिल देव के सिग्नेचर हैं। कीर्ति आजाद ने दावे की पोल खेलते हुए बताया कि यह एक नकली बिल है क्योंकि टीम उस रात वहां गई ही नहीं। टीम ने पूरी रात जश्न मनाया लेकिन दूसरी जगह पर। जहां जश्न मनाया गया, वो वेस्टमोरलैंड होटल था।
'कपिल देव के सिग्नेचर भी नकली हैं'
कीर्ति आजाद ने बुधवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, ''यह नकली है। यह सोशल मीडिया पर वायरल है। हम लंदन में लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड के नजदीक वेस्टमोरलैंड होटल में रुके थे। 25 जून 1983 को जीत के बाद 26 जून की सुबह तक पूरी रात जश्न मनाया गया। हम कभी उस होटल में नहीं गए। कपिल देव के सिग्नेचर भी नकली हैं।'' पूर्व किकेटर की पोस्ट पर जमकर रिएक्शन आ रहे हैं। एक यूजर ने कमेंट किया, ''मुझे यह देखकर हैरानी होती है कि कुछ लोग ऐसी चीजों को बनाने में अपना समय बर्बाद करते हैं और उन्हें सोशल मीडिया पर जंगल की आग की तरह फैलाते हैं। अजीब लोग हैं। और कुछ काम नहीं हैक्या?''
बता दें कि 1983 के वर्ल्ड कप में भारत का चैंपियन बनना क्रिकेट इतिहास का सबसे चौंकाने वाले पलों में गिना जाता है। भारतीय टीम को 'अंडरडॉग' यानी कमजोर टीम माना गया था। ट्रॉफी जीतना तो दूर किसी को प्रभावी प्रदर्शन की भी उम्मीद नहीं थी। हालांकि, कपिल देव की अगुवाई में भारत ने इतिहास रचते हुए पहली ट्रॉफी हासिल की। भारत ने 1975 और 1979 में वर्ल्ड कप जीतने वाली वेस्टइंडीज टीम को धूल चटाई, जिसे अजेय माना जा रहा था।
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Md.Akramमोहम्मद अकरम: खेल पत्रकार
परिचय: मोहम्मद अकरम 10 सालों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान में डिप्टी चीफ कंटेंट प्रॉड्यूसर के तौर पर कार्यरत हैं। इन्हें खेल और राजनीति की दुनिया में गहरी दिलचस्पी है। क्रिकेट और अन्य खेलों से जुड़े अपडेट्स, मैच एनालिसिस और स्टोरी रिसर्च बखूबी अंजाम देते हैं। अकरम का मानना है कि खेल पत्रकारिता सिर्फ स्कोर बताने तक सीमित नहीं है, बल्कि खेल की भावना, खिलाड़ियों की मेहनत और उससे जुड़ी कहानियों को सामने लाना भी उतना ही जरूरी है।
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