जोश हेजलवुड को पहला विकेट मिला ही नहीं था, 12 साल बाद सुनाया पुजारा के कैच से जुड़ा किस्सा
जोश हेजलवुड को पहला टेस्ट विकेट असल में नॉट आउट के रूप में मिला था।12 साल बाद उन्होंने भारतीय बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा से जुड़ा कैच का किस्सा बताया है। गेंद उनके बल्ले से लगी ही नहीं थी।

ऑस्ट्रेलिया के धाकड़ तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड ने साल 2014 में टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू किया था। उनके सामने भारतीय टीम थी, जिसके कप्तान एमएस धोनी थे। इसी चार मैचों की सीरीज के बीच में धोनी ने रिटायरमेंट का ऐलान किया था। हेजलवुड ने सीरीज के दूसरे मैच में डेब्यू किया था और जल्द ही पहला विकेट भी चटका दिया था, लेकिन असल में बल्लेबाज नॉट आउट था। हेजलवुड के सामने पुजारा थे, जिन्होंने गेंद को डक करने की कोशिश की थी, लेकिन गेंद हेलमेट पर लगकर पीछे चली गई थी। थोड़ी सी अपील पर ही अंपायर ने उंगली उठा दी। इस पर अब हेजलवुड ने एक दशक से ज्यादा समय के बाद बात की है।
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने एक वीडियो शेयर किया है, जिसमें जोश हेजलवुड अपने पहले टेस्ट मैच के बारे में बता रहे हैं। वे कहते हैं, "पहला टेस्ट मैच, हां। मुझे याद है। यह यहीं ब्रिस्बेन में था। गब्बा 2014। पहला विकेट नॉट आउट था। पुजारा। उसका पिछला हिस्सा देखना हमेशा अच्छा लगता है।" हेजलवुड को शायद याद नहीं है, लेकिन वह बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के दूसरे मैच में खेले थे।
पुजारा को लेकर हेजलवुड ने बताया पूरा किस्सा
उन्होंने आगे बताया, "यह एक शॉर्ट बॉल की तरह थी। वह बस उसे रोकने गया और मुझे लगता है कि गेंद उसके ग्लव के ऊपर से निकल गई, उसके हेलमेट से टकराकर पीछे चली गई। यह थोड़ा मज़ेदार था, क्योंकि सीरीज से पहले उन्होंने कहा था कि वे DRS का इस्तेमाल नहीं करना चाहते। मुझे याद है और वह गेम का लगभग पहला हफ्ता था। मेरी बॉल उसके हेलमेट से टकराई, जो पीछे पकड़ी गई थी और एक कूल सीधा शॉट अंपायर की ओर से मिला। यह एक अच्छी शुरुआत थी। काफी अच्छी।" हेजलवुड आज ऑस्ट्रेलिया के प्रमुख गेंदबाजों में शामिल हैं।
इस सीरीज की बात करें तो ऑस्ट्रेलिया ने पहला मैच एडिलेड में 48 रनों के अंतर से जीता था, जबकि ब्रिस्बेन में 4 विकेट से जीत दर्ज की थी। हालांकि, इसके बाद एमएस धोनी ने रिटायरमेंट ले लिया था और विराट कोहली ने आखिरी दो मैचों में कप्तानी करते हुए टीम इंडिया के लिए मैच ड्रॉ कराए थे और स्कोरलाइन इस सीरीज की ऑस्ट्रेलिया के पक्ष में 2-0 रही। इसके बाद की हर एक बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी भारत ने जीती थी, लेकिन 2024-25 में फिर से ऑस्ट्रेलिया ने घर पर बीजीटी को जीता था। भारत ने लगातार दो बार ऑस्ट्रेलिया को ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट सीरीज में 2-1 से हराया था।



