भारत बहुत मजबूत टीम है, उसे चुनौती देना काफी मुश्किल काम, दूसरे ODI से पहले बोले अफगानी कप्तान
दूसरे वनडे मैच से पहले अफगानिस्तान की टीम के कप्तान हशमतुल्लाह शाहिदी ने मंगलवार को कहा कि भारत जैसी टीम अधिक मौके नहीं देतीं और अफगानिस्तान को मिलने वाले मौकों का फायदा उठाना सीखना होगा। उन्होंने भारतीय टीम की जमकर तारीफ की और अपनी टीम की कमजोरियों को भी उजागर किया।

अफगानिस्तान के कप्तान हशमतुल्लाह शाहिदी ने मंगलवार को कहा कि भारत जैसी टीम अधिक मौके नहीं देतीं और अफगानिस्तान को मिलने वाले मौकों का फायदा उठाना सीखना होगा। बारिश से प्रभावित पहले मैच में हार के बाद अफगानिस्तान तीन मैच की श्रृंखला में 0-1 से पीछे है। सलामी बल्लेबाज रहमानुल्लाह गुरबाज ने पहले मैच में 51 गेंद में 102 रन बनाए थे, लेकिन इसके बावजूद टीम को हार का सामना करना पड़ा।
भारत जैसी टीमें आपको अधिक मौके नहीं देतीं
दूसरे एकदिवसीय से पहले शाहिदी ने पीटीआई से कहा, ''जब आप भारत जैसी टीम के खिलाफ खेलते हैं तो वे आपको अधिक मौके नहीं देतीं, इसलिए जब आप आगे हों तो आपको उसका फायदा उठाना चाहिए और मैच उनके हाथों में नहीं जाने देना चाहिए।'' उन्होंने कहा, ''भारत अपने घरेलू हालात में बहुत मजबूत टीम है। यहां आने वाली किसी भी टीम के लिए यह चुनौतीपूर्ण होता है।''
भारत के खिलाफ खेलने से बहुत कुछ सीखेंगे
यह अफगानिस्तान की भारत के खिलाफ पहली द्विपक्षीय एकदिवसीय श्रृंखला है और शाहिदी ने कहा कि ऐसे अनुभव उनकी टीम के विकास में मदद करेंगे। शाहिदी ने कहा, ''जब हम भारत जैसी टीम के खिलाफ खेलते हैं तो बहुत कुछ सीखते हैं। खिलाड़ियों को शीर्ष स्तरीय क्रिकेट खेलने से आत्मविश्वास मिलता है। हम अपनी गलतियों की पहचान करते हैं और उन क्षेत्रों को समझते हैं जहां हम पीछे हैं।'' कप्तान ने हाल के वर्षों में अफगानिस्तान को एकदिवसीय क्रिकेट में अधिक अनुभव नहीं मिलने की ओर भी इशारा किया। शाहिदी ने कहा, ''हमने लंबे समय से एकदिवसीय क्रिकेट नहीं खेला है। मुझे लगता है कि पिछले दो वर्षों में हमने आठ या नौ एकदिवसीय मैच ही खेले हैं जो बहुत कम हैं। शायद पिछले मैच में हमारे साथ यही समस्या रही हो।''
धर्मशाला में अफगानिस्तान ने दिया था कड़ा मुकाबला
बता दें कि धर्मशाला में खेले गए पहले मुकाबले में अफगानिस्तान की टीम ने भारतीय टीम को कड़ी टक्कर दी थी। अफगानिस्तान ने बारिश से प्रभावित 25-25 ओवर के इस मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए 194 रनों का स्कोर खड़ा किया था। भारत के लिए यह स्कोर बेहद चुनौतीपूर्ण था लेकिन शुभमन गिल की शानदार पारी और अंत में लोकेश राहुल के शानदार फिनिशिंग टच की बदौलत भारतीय टीम ने 7 विकेट से इस मैच को आसानी से जीत लिया। रोहित शर्मा इस मुकाबले में कुछ खास नहीं कर पाए थे और सिर्फ 16 रन बनाकर रन आउट हो गए थे। ऐसे में अब दूसरे वनडे मैच में निगाहें उन पर भी होंगी। पिछले मुकाबले में अफगानिस्तान की टीम ने जिस तरीके का खेल दिखाया था ऐसे में उसे हल्के में भारतीय टीम बिल्कुल नहीं लेगी।
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Vimlesh Kumar Bhurtiyaविमलेश कुमार भुर्तिया (Vimlesh Kumar Bhurtiya): खेल पत्रकार
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विमलेश कुमार भुर्तिया पिछले 4 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान में स्पोर्ट्स टीम में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। उन्होंने भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) नई दिल्ली से पत्रकारिता की पढ़ाई की है।
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परिचय और अनुभव: विमलेश कुमार भुर्तिया भारतीय डिजिटल मीडिया जगत का एक उभरता हुआ नाम हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 4 वर्षों से अधिक का अनुभव प्राप्त है। वर्तमान में, वह भारत के अग्रणी समाचार संस्थान 'लाइव हिन्दुस्तान' (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में स्पोर्ट्स टीम में बतौर कंटेंट प्रोड्यूसर अपनी सेवाएं दे रहे हैं। पिछले चार वर्षों से वह इसी संस्थान से जुड़े हुए हैं और डिजिटल मीडिया की गतिशीलता, कार्यशैली और प्रकृति को समझने का प्रयास किया है। उनका मानना है कि पाठक किसी भी डिजिटल प्लेटफॉर्म की रीढ़ होता है ऐसे में उनके हितों को ध्यान में रखते हुए खबरों का प्रकाशन होना चाहिए। यह पत्रकारिता को जीवंत रखता है और जर्नलिज्म का मूल गुण भी यही है।
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विमलेश ने भारत के सबसे प्रतिष्ठित पत्रकारिता संस्थान से अपनी शिक्षा ग्रहण की है। वे 2021-22 बैच के भारतीय जनसंचार संस्थान नई दिल्ली के छात्र रहे हैं। उन्होंने इस नामी संस्थान से रेडियो एवं टेलीविजन पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन डिप्लोमा किया है। इसके बाद उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में ही मास्टर्स यानी (M.A) की डिग्री भी हासिल की है। इन्होंने अपना ग्रेजुएशन मध्य प्रदेश के नामचीन साइंस कॉलेजों में से एक होलकर साइंस कॉलेज से किया है। ग्रेजुएशन के दूसरे साल से ही विमलेश की दिलचस्पी साहित्य और पत्रकारिता की ओर जागृत होने लगी थी। यही कारण था कि ग्रेजुएशन के दिनों में ही उन्होंने दैनिक चैतन्यलोक नामक इंदौर की क्षेत्रीय पत्रिका में काम करना शुरू कर दिया। कुछ महीनों बाद उन्होंने दैनिक भास्कर में बतौर कॉपी एडिटर ट्रेनिंग ली। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय इंदौर के पत्रकारिता और जनसंचार विभाग से मास मीडिया में इंटर्नशिप की। विमलेश कुमार भुर्तिया को कंप्यूटर का भी अच्छा ज्ञान है। उन्होंने भोपाल स्थित माखनलाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय से कंप्यूटर एप्लीकेशन में डिप्लोमा किया है।
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