
जो रूट के शतक से इंग्लैंड ने भारत पर कसा शिकंजा, तीसरे दिन विकेट के लिए तरसे भारतीय गेंदबाज
इंग्लैंड ने जो रूट के 150 रनों की दमदार पारी की बदौलत पहली पारी में बढ़त हासिल कर ली है। इंग्लैंड ने तीसरे दिन अपनी पहली पारी में सात विकेट खोकर 544 रन बना लिए हैं। भारतीय गेंदबाज मैच के तीसरे दिन सिर्फ पांच विकेट हासिल कर सके।
जो रूट के शतक की मदद से इंग्लैंड ने पांच मैचों की सीरीज के चौथे टेस्ट के तीसरे दिन पहली पारी में सात विकेट पर 544 रन बनाकर मैच पर अपनी पकड़ काफी मजबूत कर ली। भारत की पहली पारी 358 रन पर सिमटी थी, जिससे इंग्लैंड की कुल बढ़त अब 186 रन की हो गई है और उसके तीन विकेट शेष है। मैच के तीसरे दिन ओली पोप और जो रूट ने पहले सेशन में कोई विकेट नहीं गिरने दिया। हालांकि दूसरे सेशन में वॉशिंगटन सुंदर ने पोप और हैरी ब्रूक को पवेलियन भेजकर भारत को थोड़ी राहत दी थी लेकिन फिर जो रूट और बेन स्टोक्स ने बड़ी साझेदारी करके भारत के गेंदबाजों को विकेट के लिए तरसाया। तीसरे सेशन में जडेजा, बुमराह और सिराज को 1-1 विकेट मिला लेकिन तब तक इंग्लैंड की टीम ने बड़ी बढ़त हासिल कर ली थी।
भारत की पहली पारी 358 रन पर सिमटी थी जिससे इंग्लैंड की कुल बढ़त अब 186 रन की हो गयी और उसके तीन विकेट शेष है। स्टंप्स के समय इंग्लैंड के कप्तान बेन स्टोक्स 77 रन पर खेल रहे थे जबकि लियाम डॉसन 21 रन बनाकर क्रीज पर डटे हुए है। रूट ने अपनी इस यादगार पारी के दौरान ओली पोप (71) के साथ तीसरे विकेट के लिए 144 और बेन स्टोक्स के साथ 142 रन की साझेदारी की।
रूट ने अपनी 248 गेंद की शानदार पारी के दौरान 14 चौके लगाने के साथ कई रिकॉर्ड अपने नाम किये। वह 120 के व्यक्तिगत स्कोर पर पहुंचते ही ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग (13378) को पछाड़कर टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में दूसरे स्थान पर आ गये। अपना 157वां टेस्ट खेल रहे 34 साल के रूट ने दिन के पहले सत्र में सबसे ज्यादा टेस्ट रन के मामले में भारतीय दिग्गज राहुल द्रविड़ (13288) और दक्षिण अफ्रीका के पूर्व महान हरफनमौला जैक कैलिस (13289) को पीछे छोड़ा। वह अब सिर्फ भारत के महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर (15921) से पीछे हैं।
रूट ने अपनी इस यादगार पारी के दौरान ओली पोप (71) के साथ तीसरे विकेट के लिए 144 और स्टोक्स के साथ 142 रन की साझेदारी की। स्टोक्स 66 रन के व्यक्तिगत स्कोर पर रिटायर्ड हर्ट हो गये लेकिन क्रिस वोक्स (चार) के रूप में छठा विकेट गिरने के बाद फिर से बल्लेबाजी के लिए क्रीज पर आये।
भारतीय गेंदबाजों पर थकान का असर साफ दिख रहा था। बुमराह (95 रन पर एक विकेट) 130 के आस-पास की गति से गेंदबाजी कर रहे थे जबकि अंशुल कंबोज भी प्रभावित करने में नाकाम रहे। मोहम्मद सिराज (113 रन पर एक विकेट) ने दमखम से गेंदबाजी की लेकिन किस्मत का साथ नहीं मिला। पिच की असमान उछाल को देखते हुए इंग्लैंड की कोशिश बड़ी बढ़त कायम कर भारत पर दबाव बनाने की होगी क्योंकि मैच के चौथे और पांचवें दिन गेंद के नीचे रहने के कारण बल्लेबाजी और मुश्किल होती जायेगी।
रूट ने अपनी पारी में मैदान के चारों ओर शानदार शॉट लगाये। तेज गेंदबाजों के खिलाफ कवर क्षेत्र की ओर गेंद को सहलाते हुए चौका लगाने के अलावा उन्होंने शॉट गेंद के खिलाफ सहजता से पुल शॉट खेले तो वही स्पिनरों के खिलाफ आसानी से स्वीप और रिवर्स स्वीप पर रन बटोरे। उनकी पारी का अंत दिन के आखिरी सत्र में रविंद्र जडेजा (117 रन पर दो विकेट) की गेंद पर हुआ, जब उनका पैर क्रीज से बाहर निकल गया और विकेट के पीछे ध्रुव जुरेल ने समय गवाएं बिना गिल्लियां बिखेर दी। बुमराह ने इसके बाद खतरनाक जैमी स्मिथ (नौ) को चलता किया तो वहीं सिराज को वोक्स के रूप में पहली सफलता मिली।






