ऋषभ पंत को छक्के मारते हुए आउट देखना मंजूर है, मगर… जानिए पूर्व विकेटकीपर ने क्यों कहा ऐसा?

लाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
Follow us on Google News
share

भारत के पूर्व विकेटकीपर दीप दासगुप्ता ने कहा है कि मैं ऋषभ पंत को डिफेंड करने के बजाय 6 रन पर आउट होते देखना पसंद करूंगा। पंत की बल्लेबाजी और अप्रोच पर सवाल उठ रहे हैं, लेकिन दीप ने उनका सपोर्ट किया है।

Rishabh Pant
ऋषभ पंत

भारत के पूर्व विकेटकीपर दीप दासगुप्ता ने मौजूदा विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत का समर्थन किया है। टेस्ट क्रिकेट में पंत की अप्रोच पर सवाल उठते रहे हैं, लेकिन दीप दासगुप्ता का कहना है कि वह पंत को डिफेंस करते हुए आउट होने की बजाय छक्का जड़ने के चक्कर में आउट होते हुए देखना पसंद करेंगे। पंत अटैकिंग क्रिकेट से ही टेस्ट क्रिकेट में फेमस हुए हैं। अगर उनसे उनका खेल छीन लिया जाएगा तो फिर यह उनके लिए और भारतीय टेस्ट टीम के लिए घाटे का सौदा ही साबित होगा।

बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी 2024-25 में जब ऋषभ पंत जल्दबाजी के चक्कर में आउट हुए थे तो सुनील गावस्कर ने ऑन एयर उनको डांट लगाई थी और उन्हें स्टुपिड बोला था। हालांकि, भारतीय कोच गौतम गंभीर ने पंत का हमेशा समर्थन किया है, लेकिन उन्होंने यह भी संकेत दिया है कि पंत को परिस्थितियों को थोड़ा समझना होगा और उनका सम्मान करना होगा। इसी पसोपेश में वार्मअप मैच में पंत कन्फ्यूज से नजर आए थे। पहली पारी में उन्होंने रिस्की शॉट खेला था और दूसरी पारी में डिफेंस करते नजर आए थे।

‘पंत का सही मांडसेट में होना जरूरी’

इस पर दीप दासगुप्ता ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा कि उन्हें अपने स्टाइल पर छोड़ देना चाहिए। उन्होंने कहा, "उसे ठीक वैसे ही बैटिंग करनी चाहिए जैसे वह आमतौर पर करता है। मुझे कुछ मैच याद हैं जब वह बहुत ज्यादा डिफेंसिव था। मैं चाहूंगा कि वह जबरदस्त डिफेंस करते हुए आउट होने के बजाय छक्का लगाकर आउट हो जाए। ऋषभ को अटैक करने की आजादी मिलनी चाहिए और यही उसकी ताकत भी है। साथ ही, श्रीलंका के स्पिनर ज्यादातर लेफ्ट-आर्म स्पिनर हैं। इसलिए ऋषभ का फॉर्म में होना और सही माइंडसेट रखना इस सीरीज में भारत के लिए बहुत जरूरी है।"

पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज ने कहा, "जिम्मेदारी शब्द एक मुश्किल शब्द है। देखने वालों की सोच भी अजीब है: अगर कोई बैटर डिफेंड करता है और आउट हो जाता है, तो यह गैर-जिम्मेदाराना नहीं है, लेकिन अगर कोई शॉट खेलता है और आउट हो जाता है, तो यह गैर-जिम्मेदाराना हो जाता है। सच तो यह है कि कुछ बैट्समैन की ताकत डिफेंस होती है, जबकि दूसरों के लिए यह अटैक होता है, लेकिन डिफेंड करते हुए आउट होना अब ठीक हो गया है, जबकि अगर यह अटैकिंग शॉट है तो इसे गैर-जिम्मेदाराना या जल्दबाजी माना जाता है।"

मैनेजमेंट को इन चीजों के बारे में सोचना चाहिए

पंत पहली बार श्रीलंका में टेस्ट सीरीज खेलने वाले हैं। दीप दासगुप्ता का कहना है, "आपको यह एनालाइज़ करना चाहिए कि क्या टाइमिंग सही थी या अटैक करने के लिए बॉलर सही था, लेकिन हममें से ज़्यादातर लोग आउट होने का अंदाजा सिर्फ इस बात से लगाते हैं कि यह अटैकिंग शॉट था या नहीं। हमें यह समझना चाहिए कि एक अटैकिंग बैटर 10 में से 8 बार शॉट खेलते हुए आउट होगा। इसलिए यह जरूरी है कि सिर्फ मजाक के लिए कुछ न कहा जाए।"

Vikash Gaur

लेखक के बारे में

Vikash Gaur

विकाश गौड़: डिप्टी चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर कम असिस्टेंट मैनेजर, स्पोर्ट्स


संक्षिप्त विवरण:

विकाश गौड़ पिछले 8 वर्षों से हिंदी डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं और वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) के स्पोर्ट्स सेक्शन में डिप्टी चीफ कंटेंट प्रोड्यूसर (असिस्टेंट मैनेजर) के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।


विस्तृत बायो:

परिचय और अनुभव: विकाश गौड़ भारतीय डिजिटल स्पोर्ट्स मीडिया का एक उभरता हुआ चेहरा हैं। लगभग 8 वर्षों के अनुभव के साथ, विकाश ने डिजिटल पत्रकारिता की बारीकियों को जमीन से समझा है। 2016 में अपने करियर की शुरुआत करने वाले विकाश ने डिजिटल-फर्स्ट अप्रोच के साथ खेल पत्रकारिता में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। जनवरी 2021 से वह 'लाइव हिन्दुस्तान' की स्पोर्ट्स टीम के मुख्य स्तंभ बने हुए हैं, जहां वह कंटेंट प्लानिंग और स्पोर्ट्स कवरेज का नेतृत्व करते हैं।


करियर का सफर:
मंगलायतन विश्वविद्यालय, अलीगढ़ से पत्रकारिता का ककहरा सीखने के बाद विकाश का सफर 'खबर नॉन स्टॉप' से शुरू हुआ था, जो अब देश के प्रतिष्ठित मीडिया घरानों तक फैला हुआ है। उन्होंने पत्रिका समूह की वेबसाइट 'कैच न्यूज' में खेल की खबरों की तकनीकी समझ विकसित की। इसके बाद 'डेली हंट' में वीडियो प्रोड्यूसर के तौर पर काम करते हुए उन्होंने विजुअल स्टोरीटेलिंग के गुर सीखे। 'दैनिक जागरण' की वेबसाइट में करीब ढाई साल तक खेल डेस्क पर अपनी धार तेज करने के बाद, उन्होंने लाइव हिन्दुस्तान का रुख किया, जहां वे बीते 4 साल से चौके-छक्के लगा रहे हैं। इंटर्न के तौर पर प्रिंट की समझ हासिल कर चुके विकाश गौड़ के पास अब डिजिटल की अच्छी समझ है और वे ट्रेंड को बखूबी फॉलो करते हैं।


खेल जगत की कवरेज और विशेषज्ञता:
अपने अब तक के करियर में विकाश ने दुनिया के कई बड़े खेल आयोजनों को डेस्क और फील्ड पर रहकर कवर किया है। उनकी विशेषज्ञता केवल क्रिकेट तक सीमित नहीं है, बल्कि वह मल्टी-स्पोर्ट्स इवेंट्स की भी गहरी समझ रखते हैं। उन्होंने निम्नलिखित प्रमुख आयोजनों का व्यापक विश्लेषण और रिपोर्टिंग की है:


क्रिकेट:आईसीसी क्रिकेट विश्व कप, आईपीएल और द्विपक्षीय सीरीज।


ग्लोबल इवेंट्स: ओलंपिक गेम्स, राष्ट्रमंडल खेल और एशियाई खेल


पत्रकारिता का दृष्टिकोण:
विकाश का मानना है कि खेल पत्रकारिता केवल स्कोर बताने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह खिलाड़ियों के संघर्ष, खेल की रणनीति और डेटा के पीछे छिपी कहानी को पाठकों तक पहुंचाने का माध्यम है। लाइव हिन्दुस्तान में अपनी भूमिका में वह सुनिश्चित करते हैं कि खेल की खबरें सटीक, तेज और निष्पक्ष हों, जिससे पाठकों को एक संपूर्ण अनुभव मिल सके।


विशेषज्ञता:

क्रिकेट विश्लेषण एवं लाइव कवरेज
ओलंपिक एवं ग्लोबल स्पोर्ट्स इवेंट्स
इंटरव्यू एवं मीडिया इंटरैक्शन
स्पोर्ट्स डेटा एंड स्टेटिस्टिक्स
डिजिटल कंटेंट स्ट्रेटेजी एंड टीम मैनेजमेंट

और पढ़ें
Cricket News लेटेस्ट मैच अपडेट Cricket Live Score, Cricket Schedule, और Cricket News in Hindi के लिए हमारे साथ जुड़े रहें। IND vs Pak Live के पल-पल के स्कोर और अपडेट्स भी यहीं पाएं। सभी बड़े मुकाबलों के पल-पल के अपडेट्स और देश-दुनिया की हर क्रिकेट खबर सबसे पहले पाने के लिए Live Hindustan App अभी डाउनलोड करें।
Hindi Newsक्रिकेट न्यूज़पंत को छक्के मारते हुए आउट देखना मंजूर है, मगर… पूर्व विकेटकीपर ने क्यों कहा ऐसा