मैं मदद मांग रहा था और वे... इंग्लैंड के कोच मैक्कलम और मैनेजमेंट पर स्टार ऑलराउंडर का तीखा हमला
लंबे समय से इंग्लैंड की टीम से बाहर चल रहे ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टोन ने हेड कोच ब्रेंडन मैक्कलम और मैनेजिंग डायरेक्टर रॉब की पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने इंग्लैंड के टीम मैनेजमेंट पर अपमान करने और सही संवाद ना करने का आरोप लगाया है।

लंबे समय से इंग्लैंड की टीम से बाहर चल रहे ऑलराउंडर लियाम लिविंगस्टोन ने हेड कोच ब्रेंडन मैक्कलम और मैनेजिंग डायरेक्टर रॉब की पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने इंग्लैंड के टीम मैनेजमेंट पर अपमान करने और सही संवाद ना करने का आरोप लगाया है। लिविंगस्टोन ने कहा कि एक बार जब वह अपनी बल्लेबाजी पर कुछ काम करने और सुधार के लिए मैक्कलम के पास पहुंचे तो उन्होंने कथित तौर पर कहा कि इतनी चिंता क्यों करते हो। चिल करो। जो होगा, अपने आप हो जाएगा।
पिछले साल मार्च में चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान आखिरी बार अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने वाले लिविंगस्टोन ने दावा किया है कि उन्हें राष्ट्रीय टीम से ड्रॉप किए जाने के बाद टीम मैनेजमेंट से कुछ भी साफ-साफ नहीं कहा गया।
आईपीएल 2026 के लिए भारत आने से पहले इएसपीएनक्रिकन्फो के साथ बातचीत में लिविंगस्टोन ने कहा कि उन्हें इस साल टी20 विश्व कप में खुद के नहीं होने का कोई मलाल नहीं है। लिविंगस्टोन आईपीएल में सनराइजर्स हैदराबाद का अहम हिस्सा हैं और फ्रेंचाइजी ने उन्हें 13 करोड़ रुपये में रीटने किया है।
2021 से 2025 के बीच लगातार 5 आईसीसी टूर्नामेंट में इंग्लैंड के स्क्वाड का हिस्सा रहे लिविंगस्टोन ने इस बार के टी20 विश्व कप को लेकर कहा, ‘मैंने इसे बिल्कुल भी मिस नहीं किया। ईमानदारी से कहूं तो मेरे अंदर से कहीं से भी और तनिक सी भी ये आवाज नहीं आ रही थी कि काश मैं भी इसमें खेल रहा होता।’
32 साल के लिविंगस्टोन ने खुलासा किया कि पिछले साल मई में जब उन्हें वेस्टइंडीज के खिलाफ होमसीरीज से ड्रॉप किए जाने से पहले उन्हें मैक्कलम से फोन आया था। बातचीत बहुत छोटी रही। एक मिनट तक भी नहीं चली।
लिविंगस्टोन ने बताया, 'मैंने पूछा क्यों (ड्रॉप किया गया)? उन्होंने कहा कि वे किसी अन्य को आजमाना चाहते हैं। वह बाज थे। राइट (तत्कालीन चयनकर्ता ल्यूक लाइट) ने मुझसे संपर्क ही नहीं किया और ब्रूकी (कप्तान हैरी ब्रूक) ने मुझे टेक्स्ट किया था।'
लिविंगस्टोन ने दावा किया कि मैनेजिंग डायरेक्टर रॉब की ने भी तब उनसे कोई बात नहीं की। ऑलराउंडर ने कहा, ‘उन्होंने (रॉब की) कहा कि मैं तुमसे गर्मियों में बात करूंगा। मैंने एक दिन उन्हें फोन मिलाया तो उन्होंने कहा कि वह अभी टेस्ट कैंप में बिजी हैं। उसके बाद सितंबर के आखिर तक मुझे उनसे बातचीत का इंतजार ही रहा।’
लिविंगस्टोन ने आगे कहा, 'मेरे लिए वह आंखें खोलने वाला अनुभव रहा कि अगर आप टीम में हैं तो हैं, अगर आप टीम में नहीं हैं तो कोई भी आपकी परवाह नहीं करता।'
लिविंगस्टोन ने 2025 का एक वाकया बताया जब वह बल्ले से रन बनाने के लिए संघर्ष कर रहे थे और कोच ब्रेंडन मैक्कलम की मदद मांगी थी। उनका दावा है कि कोच ने मदद करने के बजाय ये कहा कि बहुत ज्यादा फिक्र मत किया करो।
लिविंगस्टोन ने कहा, 'मैं मदद मांग रहा था और मुझे ये मिला कि मुझे कहा गया कि मैं बहुत ज्यादा सोचता हूं, मुझे चिल करने की जरूरत है और हर चीज अपने आप हो जाएगा।'
लेखक के बारे में
Chandra Prakash Pandeyचन्द्र प्रकाश पाण्डेय वर्तमान में लाइव हिंदुस्तान में स्पोर्ट्स सेक्शन के इंचार्ज के रूप में कार्यरत हैं। टीवी और डिजिटल पत्रकारिता में करीब दो दशक का अनुभव रखने वाले चन्द्र प्रकाश को जटिल विषयों का सरल विश्लेषण करने में महारत हासिल है। बचपन में न्यूज के प्रति ऐसा प्रेम हुआ कि रात में रेडियो पर न्यूज बुलेटिन के दौरान पढ़ाई-लिखाई का अभिनय करते लेकिन कान और दिल-दिमाग ध्वनि तरंगों पर अटका रहता। तब क्या पता था कि आगे चलकर न्यूज की दुनिया में ही रचना-बसना है। रेडियो में कभी काम तो नहीं किया लेकिन उस विधा के कुछ दिग्गज प्रसारकों संग टीवी न्यूज की दुनिया में कदमताल जरूर किया। चन्द्र प्रकाश पाण्डेय ने टीवी पत्रकारिता से शुरुआत की। पेशे में पहला दशक टीवी न्यूज के ही नाम रहा जहां उन्होंने 'न्यूज24', 'श्री न्यूज', 'फोकस न्यूज', 'न्यूज वर्ल्ड इंडिया' और भोजपुरी न्यूज चैनल 'हमार टीवी' में अलग-अलग समय पर अलग-अलग भूमिकाएं निभाई। इस दौरान डेली न्यूज शो के साथ-साथ 'विनोद दुआ लाइव: आजाद आवाज' जैसे कुछ स्पेशल शो के लिए भी लेखन किया। अगस्त 2016 में उन्होंने 'नवभारत टाइम्स' के साथ डिजिटल जर्नलिज्म की दुनिया में कदम रखा। NBT में उन्होंने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिक्स, जियोपॉलिटिक्स, क्राइम, स्पोर्ट्स, कोर्ट से जुड़ी खबरों का लेखन-संपादन किया। इस दौरान उन्होंने लोकसभा और विधानसभा चुनावों समेत महत्वपूर्ण विषयों पर कई स्पेशल सीरीज भी लिखी जिनमें लीगल न्यूज एक्सप्लेनर्स 'हक की बात' की एक लंबी श्रृंखला भी शामिल है। मार्च 2025 से वह लाइव हिंदुस्तान में शब्दाक्षरों के चौके-छक्के जड़ रहे हैं।
चन्द्र प्रकाश पाण्डेय मूल रूप से यूपी के देवरिया के रहने वाले हैं। गांव की मिट्टी में पलते-बढ़ते, खेत-खलिहान में खेलते-कूदते इंटरमीडिएट तक की पढ़ाई की। उसके बाद मैथमेटिक्स का छात्र 'राजनीति कला है या विज्ञान?' में उलझ गया। बी.ए. और बी. एड. की पढ़ाई के बाद पत्रकारिता की ओर रुझान बढ़ा और मॉस कम्यूनिकेशंस में मास्टर्स किया। अभी भी सीखने-समझने का सतत क्रम जारी है।
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