आयरलैंड पर कहर बनकर टूटीं माइया बौशियर, ठोका शतक; इंग्लैंड ने ODI क्रिकेट में रचा दिया इतिहास
इंग्लैंड की महिला क्रिकेट टीम ने अपना ही रिकॉर्ड तोड़ दिया और एक इतिहास लिख दिया। इंग्लैंड की महिला टीम ने वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में अपनी सबसे बड़ी रन चेज की है।

इंग्लैंड की महिला क्रिकेट टीम ने मंगलवार 1 सितंबर को कमाल का खेल दिखाया। एक युवा टीम इंग्लैंड की मैदान पर थी और आयरलैंड के खिलाफ उन्होंने 282 रनों का टारगेट वनडे इंटरनेशनल मैच में चेज किया और एक नया इतिहास लिख दिया। इंग्लैंड ने असल में सबसे बड़ा टारगेट अपने इतिहास का वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में चेज किया है। इसमें अहम योगदान माइया बौशियर का रहा, जिन्होंने दमदार शतक इस मैच में जड़ा। लीसेस्टर में खेले गए इस मैच में 39वें ओवर में ही इस विशाल लक्ष्य को इंग्लैंड की टीम ने चेज कर लिया था।
सलामी बल्लेबाज माइया बौशियर ने 11 चौकों की मदद से 95 गेंदों में 104 रनों की पारी खेली। उन्होंने 118 गेंदों में 143 रनों की साझेदारी सोफिया डंकली के साथ की। इस साझेदारी ने ही मैच पूरी तरह इंग्लैंड की ओर मोड़ दिया था। 61 गेंदों में 73 रनों की पारी सोफिया डंकली ने खेली। वहीं, एलिस कैपसी ने 40 गेंदों में नाबाद 41 रन बनाए और फ्रेया केम्प ने 22 गेंदों में 36 रनों की पारी खेली। इससे टीम को 6 विकेट से जीत मिली। प्लेयर ऑफ द मैच का अवॉर्ड माइया बौशियर को मिला, जिन्होंने पहला शतक वनडे इंटरनेशनल क्रिकेट में जड़ा।
आयरलैंड ने भी दिखाया था दमदार खेल
आयरलैंड के लिए इस मैच का पहला हाफ अच्छा रहा, क्योंकि उन्होंने 280 से ज्यादा रन बनाए। एमी हंटर और गैबी लुईस के बीच 152 गेंदों पर 136 रन की मजबूत पार्टनरशिप दूसरे विकेट के लिए हुई। 89 गेंदों में 69 रन 8 चौकों की मदद से कप्तान गैबी लुईस ने बनाए और 90 गेंदों में 62 रनों की पारी एमी हंटर ने खेली। 48 गेंदों में 54 रन रेबेका स्टोकेल ने बनाकर टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाया। ऐसा लग रहा था कि आयरलैंड की टीम कड़ी टक्कर इंग्लैंड को देगी, लेकिन गेंदबाज 281 रनों के डिफेंड करने में नाकाम रहे।
बौशियर ने दमदार खेल दिखाया। उन्होंने 23 साल की पेसर जैन मैगुरी के छठे ओवर में लगातार चार चौके लगाए। इसके बाद डंकली ने भी उनका साथ दिया और 10 ओवर में 72 रन दोनों ने जोड़ दिए। 40 गेंदों में ही सोफिया डंकली ने अपना अऱ्धशतक पूरा कर लिया था, जबकि बौशियर ने 17वें ओवर में 53वीं गेंद खेलने के बाद अर्धशतक पूरा किया। इसके बाद वे रुकी नहीं और शतक बनाकर ही उन्होंने दम लिया। इंग्लैंड की यह एक युवा टीम है, जिसके पास अनुभव की कमी जरूर है, लेकिन आत्मविश्वास भरपूर है।



