54 रन पर ऑलआउट, एक गेंदबाज ने चटकाए 8 विकेट; बांग्लादेश का बंटाधार
23 साल बाद ऑस्ट्रेलियाई दौरे पर गई बांग्लादेश की टीम प्रैक्टिस मैच में ही हथियार डाल बैठी। पहली पारी में उन्होंने फिर भी थोड़ी अच्छी बल्लेबाजी की, मगर दूसरी इनिंग में पूरी टीम 54 रनों पर सिमट गई।

23 साल बाद ऑस्ट्रेलिया दौरे पर गई बांग्लादेश की टीम ने तो प्रैक्टिस मैच में ही हथियार डाल दिए। 3 दिन के प्रैक्टिस मैच में ही मेहमान टीम हार गई। अभी उनका सामना पैट कमिंस, मिचेल स्टार्क और जोश हेजलवुड जैसे तेज गेंदबाजों से नहीं हुआ। ऑस्ट्रेलिया और बांग्लादेश के बीच दो टेस्ट मैच की सीरीज का पहला मुकाबला 13 अगस्त से शुरू होने है। सीरीज शुरू होने से पहले ऑस्ट्रेलियाई कंडीशन में ढलने के लिए बांग्लादेश की टीम को एक प्रैक्टिस मैच खेलने का मौका मिला। इस प्रैक्टिस मैच में ही मेहमान टीम हार गई, जबकि इस टीम में कोई बड़ा गेंदबाज मौजूद नहीं था। बांग्लादेश के लिए यह शर्म की बात है कि दूसरी पारी में उनकी टीम 54 रनों पर ही ऑलआउट हो गई।
मेहदी हसन मिराज ने जड़ा शतक
टॉस जीतकर पहले बैटिंग करने उतरी बांग्लादेश ने पहली पारी में 263 रन बोर्ड पर लगाए। इस दौरान 7वें नंबर पर उतरे मेहदी हसन मिराज ने शतक जड़ते हुए 109 रनों की पारी खेली। उनके अलावा दो ही बल्लेबाज 20 रन का आंकड़ा पार करने में कामयाब रहे।
बांग्लादेश के इस स्कोर के सामने क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया XI ने टीग विली की 130 रनों की शतकीय पारी के दम पर 355 रन बनाकर मेहमानों पर लीड हासिल की। इस दौरान कप्तान कर्टिस पैटरसन ने 53 तो विकेट कीपर बल्लेबाज जेक डोरन ने 76 रनों की पारी खेली। बांग्लादेश के लिए हसन महमूद ने सबसे अधिक चार विकेट लिए।
दूसरी पारी में खुली बांग्लादेश की पोल
बांग्लादेश की पोल उस समय खुली जब वह दूसरी पारी में बैटिंग करने आई। तीन दिन के इस वॉर्म अप मैच में भी बांग्लादेश यह मुकाबला ड्रॉ नहीं करवा पाई। दूसरी पारी में बांग्लादेश के बल्लेबाजों ने हथियार डाल दिए और पूरी टीम मात्र 54 के स्कोर पर सिमट गई। जी हां, सही पढ़ा। बांग्लादेश के बल्लेबाज 22 ओवर ही क्रीज पर टिक पाए।
इस दौरान तारीफ ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज कैंपबेल थॉम्पसन की बनती है, जिन्होंने 11 ओवर में मात्र 25 रन खर्च कर 8 विकेट चटकाए।
कैंपबेल थॉम्पसन ने ऑस्ट्रेलिया के लिए अभी तक किसी फॉर्मेट में डेब्यू नहीं किया है। अगर बांग्लादेश की टीम का प्रैक्टिस मैच में ये हाल है तो मेन मैच में तो उन्हें स्टार्क, कमिंस और हेजलवुड जैसे तेज तर्रार गेंदबाजों का सामना करना है। ऐसे में तो दो दिन में ही मैच खत्म हो जाएगा।



