अंडर-19 वर्ल्ड कप में तबाही मचा सकते हैं ये 5 भारतीय प्लेयर, नाम नोट कर लीजिए
युवा भारतीय टीम में आक्रामकता, संयम और मैच जिताने वाले हुनर का एक शानदार संतुलन है। भारतीय टीम में इस बार ऐसे 5 चेहरे शामिल हैं, जो अपने दम पर मैच का पासा पलटने का माद्दा रखते हैं। कौन हैं ये खिलाड़ी इस पूरी रिपोर्ट में जानिए।

अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 का बिगुल बजने वाला है। भारत अपना अंडर-19 विश्व कप अभियान 15 जनवरी को बुलावायो के क्वींस स्पोर्ट्स क्लब में संयुक्त राज्य अमेरिका के खिलाफ शुरू करेगा। भारतीय टीम इस बार एक ऐसी टीम के रूप में मैदान पर उतर रही है, जिसे रोकना किसी भी टीम के लिए एक बड़ी चुनौती होगी। युवा भारतीय टीम में आक्रामकता, संयम और मैच जिताने वाले हुनर का एक शानदार संतुलन है। विशेषज्ञों का मानना है दवाब झेलने की क्षमता और बेहतरीन खिलाड़ियों का लगातार प्रदर्शन इस तरह के बड़े मुकाबलों में खिताबी जीत और हार का अंतर तय करते हैं। भारतीय टीम में इस बार ऐसे 5 चेहरे शामिल हैं, जो अपने दम पर मैच का पासा पलटने का माद्दा रखते हैं।
1. आयुष म्हात्रे
टीम के कप्तान आयुष म्हात्रे को एक ऐसे बल्लेबाज के रूप में देखा जा रहा है जो बिना किसी डर के, लेकिन पूरे नियंत्रण के साथ बल्लेबाजी करते हैं। उन्हें पारी का 'आर्किटेक्ट' कहा जाता है क्योंकि वह जानते हैं कि कब जोखिम लेना है और कब स्ट्राइक रोटेट कर सहयोगियों को शांत रखना है। वह शुरुआत को बड़े स्कोर में बदलकर मैच का टेम्पो सेट करने की क्षमता रखते हैं।
2. वैभव सूर्यवंशी
14 साल की उम्र से बड़े मंचों पर अपना जलवा दिखाने वाले निडर बल्लेबाज भारतीय टीम के सबसे बड़े 'एक्स-फैक्टर' हैं। जब वह अपनी लय में होते हैं, तो विपक्षी गेंदबाजों को अपनी रणनीति बीच में ही बदलने पर मजबूर कर देते हैं। उनकी आक्रामक शॉट मेकिंग और बाउंड्री लगाने की क्षमता उन्हें सबसे घातक बनाती है।
3. अभिज्ञान कुंडू
विकेटकीपर-बल्लेबाज अभिज्ञान कुंडू टीम को वह लचीलापन देते हैं जो शीर्ष क्रम के लड़खड़ाने पर स्थिरता प्रदान करता है। वह मध्य ओवरों में इतनी तेजी से आक्रमण कर सकते हैं कि टीम का स्कोर 280 के बजाय 300 के पार पहुंच जाए। स्टंप के पीछे उनकी शानदार विकेटकीपिंग भी टीम को जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाएगी।
4. कनिष्क चौहान
ऑफ-स्पिन ऑलराउंडर कनिष्क 11 से 40 ओवरों के बीच खेल को नियंत्रित करने का काम करते हैं। वह अपनी सटीक गेंदबाजी और गति में बदलाव से बल्लेबाजों को गलत शॉट खेलने पर मजबूर कर देते हैं। इसके अलावा बल्लेबाजी में वह निचले क्रम में आकर 250 के स्कोर को 290 तक पहुंचाने की क्षमता रखते हैं।
5. डी. दीपेश
तेज गेंदबाज दीपेश शुरुआती ओवरों को बल्लेबाजों के लिए एक जाल बना देते हैं। वह गेंद को दोनों तरफ स्विंग कराने और डेथ ओवरों में स्पष्ट सोच के साथ गेंदबाजी करने के लिए जाने जाते हैं। वह अकेले दम पर मैच का रुख मोड़ने में सक्षम हैं।
क्रिकेट पंडितों का मानना है कि यदि ये पांचों खिलाड़ी अपनी भूमिकाओं को सही ढंग से निभाते हैं, तो भारत का विश्व विजेता बनना तय नजर आता है।
IC मेन्स अंडर-19 विश्व कप 2026 के लिए भारतीय टीम:
आयुष म्हात्रे (कप्तान), विहान मल्होत्रा (उपकप्तान), वैभव सूर्यवंशी, एरॉन जॉर्ज, वेदांत त्रिवेदी,अभिग्यान कुंडू (विकेटकीपर), हरवंश सिंह (विकेटकीपर), आर.एस. अम्बरीश, कनिष्क चौहान, खिलान पटेल, मोहम्मद एनान, हेनिल पटेल, दीपेश देवेंद्रन, किशन कुमार सिंह, उधव मोहन।






