UPESSC : सालभर में छाप नहीं छोड़ सकीं कीर्ति पांडेय, टलती रही भर्ती परीक्षाएं, 4 दिन पहले ही लिख गई विदाई पटकथा
उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग की अध्यक्ष प्रोफेसर कीर्ति पांडेय ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने इस्तीफे का कारण व्यक्तिगत बताया है। अध्यक्ष प्रो. कीर्ति पांडेय की विदाई की पटकथा चार दिन पहले ही लिखी जा चुकी थी।

UPESSC Uttar Pradesh Education Service Selection Commission News : गोरखपुर विश्वविद्यालय में समाजशास्त्र विभाग की शिक्षिका प्रो. कीर्ति पांडेय को एक सितंबर 2024 को अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की योजना के अनुरूप भर्तियों में तेजी लाने के लिए उनको पद पर लाया गया था लेकिन सालभर में कोई छाप नहीं छोड़ सकीं। इसके उलट नवगठित आयोग भर्ती परीक्षाएं टालने के ही कारण चर्चा में रहा। 16 और 17 अप्रैल को आयोजित असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती की लिखित परीक्षा में आयोग के एक संविदा कर्मचारी महबूब अली की गिरफ्तारी के कारण भी काफी बदनामी हुई। आयोग में अनिर्णय की स्थिति का आलम यह था कि तीन बार टीजीटी और चार बार पीजीटी (प्रवक्ता) की परीक्षा तिथि टाली जा चुकी है।
सबसे पहले चार व पांच अप्रैल को टीजीटी की लिखित परीक्षा कराने का निर्णय लिया था। बाद में यह परीक्षा 14 व 15 मई को और फिर 21 और 22 जुलाई को कराने पर सहमति बनी। अब 18 व 19 दिसम्बर को परीक्षा प्रस्तावित है। इसी प्रकार प्रवक्ता भर्ती परीक्षा सबसे पहले 11 व 12 अप्रैल को कराने का निर्णय हुआ था। उसके बाद 18 व 19 जून और फिर 20 व 21 जून को परीक्षा तिथि तय की गई थी। उसके बाद अगस्त के अंतिम सप्ताह में परीक्षा का निर्णय लिया गया। अब 15 व 16 अक्टूबर को परीक्षा कराने पर सहमति बनी है।
चार दिन पहले ही लिख गई विदाई पटकथा
अध्यक्ष प्रो. कीर्ति पांडेय की विदाई की पटकथा चार दिन पहले ही लिखी जा चुकी थी। प्रो. कीर्ति पांडेय ने 22 सितंबर को शासन को अपना इस्तीफा भेज दिया था। उसी दिन नवगठित आयोग के कार्यवाहक उपसचिव डॉ. शिवजी मालवीय को राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय फतेहाबाद, आगरा में प्रवक्ता-जन्तु विज्ञान के रिक्त पद पर सम्बद्ध कर दिया गया था। 25 सितंबर से असिस्टेंट प्रोफेसर के साक्षात्कार शुरू होने थे और उसी दिन प्रो. कीर्ति पांडेय ने आयोग की बैठक में लिखित परीक्षा पर आपत्ति मांगने का निर्णय लिया। बतौर अध्यक्ष प्रो. कीर्ति पांडेय का यही आखिरी निर्णय रहा और उसके 24 घंटे के अंदर उनकी विदाई हो गई।
शासन पर बढ़ जाएगी आयोग की निर्भरता
आयु में वरिष्ठतम सदस्य राम सुचित ने कार्यवाहक अध्यक्ष का कार्यभार ग्रहण कर लिया। कार्यवाहक अध्यक्ष राम सुचित ने बकायदा विज्ञप्ति जारी कर साफ किया है कि शासन के निर्देशों के क्रम में आगे की कार्यवाही करेंगे। जानकारों की मानें तो आयोग में कार्यवाहक अध्यक्ष होने के कारण अब शासन पर निर्भरता बढ़ जाएगी। नियमित अध्यक्ष परीक्षा कराने से लेकर साक्षात्कार वगैरह के लिए आयोग की बैठक कर निर्णय ले सकते हैं लेकिन कार्यवाहक अध्यक्ष को कोई भी नीतिगत कार्य करने से पहले शासन की अनुमति लेनी होगी।
अध्यक्ष पद के लिए आवेदन 21 तक मांगे
प्रो. कीर्ति पांडेय का इस्तीफा शुक्रवार को स्वीकार होने के साथ ही नए अध्यक्ष के चयन की प्रक्रिया शुरू हो गई। शासन के विशेष सचिव गिरिजेश कुमार त्यागी की ओर से जारी विज्ञापन में अभ्यर्थियों से 21 अक्तूबर की शाम छह बजे तक आवेदन मांगे गए हैं। अभ्यर्थियों को प्रार्थना पत्र (बायो-डाटा सहित) विशेष सचिव, उच्च शिक्षा अनुभाग-5, लखनऊ के नाम से पंजीकृत डाक से भेजना है। अध्यक्ष का कार्यकाल नियुक्ति तिथि से तीन वर्ष अथवा 65 वर्ष की आयु तक होगा। राज्य सरकार के प्रमुख सचिव या समकक्ष पद पर रह चुके आईएएस अफसर, किसी विश्वविद्यालय के वर्तमान या पूर्व कुलपति या किसी विवि के न्यूनतम दस वर्ष तक प्रोफेसर और कम से कम तीन वर्ष के प्रशासनिक अनुभव वाले अभ्यर्थी आवेदन कर सकते हैं।
लेखक के बारे में
Pankaj Vijayपंकज विजय| वरिष्ठ पत्रकार
शॉर्ट बायो पंकज विजय एक वरिष्ठ डिजिटल पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 15 से अधिक वर्षों का अनुभव है। वर्तमान में livehindustan.com में असिस्टेंट एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। वे करियर, स्कूल व हायर एजुकेशन, जॉब्स से जुड़े विषयों पर खबर लेखन और विश्लेषण में विशेषज्ञता रखते हैं। 9 वर्षों से यहां इसी भूमिका में हैं। सरकारी भर्तियों, बोर्ड व एंट्रेंस एग्जाम, प्रतियोगी परीक्षाओं, उनके परिणाम, बदलते दौर में करियर की नई राहों, कोर्स, एडमिशन एवं नए जमाने के रोजगार के लिए जरूरी स्किल्स से जुड़ी अपडेट तेजी से पाठकों तक पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं।
15 से अधिक सालों का अनुभव
पंकज विजय ने अपने करियर की शुरुआत प्रिंट मीडिया से की। अमर उजाला समाचार पत्र में रिसर्च, संपादकीय और करियर एजुकेशन जॉब्स डेस्क पर काम किया। यहां उन्हें फीचर लेखन व रिपोर्टिंग का भी मौका मिला। इसके बाद उन्होंने आज तक डिजिटल में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाईं। आज तक वेबसाइट पर राष्ट्रीय, अंतर्राष्ट्रीय, अपराध और एजुकेशन व रोजगार जगत से जुड़ी खबरें लिखीं। इसके बाद एनडीटीवी ऑनलाइन में एजुकेशन जॉब्स सेक्शन पर काम कर इस विषय में अपनी समझ को और व्यापक बनाया। एनडीटीवी की पारी के बाद वे लाइव हिन्दुस्तान से जुड़े और बीते 9 वर्षों से करियर एजुकेशन जॉब्स सेक्शन पर काम कर रहे हैं।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
भारतीय जनसंचार संस्थान (आईआईएमसी), दिल्ली से हिन्दी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा, गुरु जंभेश्वर यूनिवर्सिटी से मास कम्युनिकेशन में एमए व दिल्ली यूनिवर्सिटी से इतिहास में बीए ऑनर्स किया है। एनसीसी सी सर्टिफिकेट होल्डर हैं जिसके चलते उन्हें रक्षा क्षेत्र जैसे पुलिस व सेनाओं की भर्तियों की बेहतर समझ है।
विजन
तमाम तरह के करियर, स्कूल एजुकेशन, हायर एजुकेशन, भर्तियों, प्रतियोगी परीक्षाओं, एंट्रेंस एग्जाम, नौकरी के लिए जरूरी स्किल्स एवं बेरोजगार युवाओं के मुद्दों को लेकर पंकज के पास गहरी समझ है। उन्होंने यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा के कई टॉपरों के इंटरव्यू किए हैं। उनकी लिखी सक्सेस स्टोरीज युवाओं और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों को प्रेरित करती रही हैं। पंकज का मानना है कि विश्वसनीयता, पारदर्शिता और तथ्यपरकता ही पत्रकारिता की असली ताकत है। उनका लक्ष्य स्कूली छात्रों व बेहतर करियर एवं सरकारी नौकरी की तलाश कर रहे युवाओं को आसान भाषा में सटीक, तेज और भरोसेमंद जानकारी देना है।
विशेषज्ञता
तमाम तरह की सरकारी भर्तियां, परीक्षाएं व उनके परिणाम
स्कूल एजुकेशन, हायर एजुकेशन, कोर्स, एडमिशन से जुड़े विषय
बोर्ड रिजल्ट लाइव कवरेज और शिक्षा एवं रोजगार जगत संबंधी ब्रेकिंग
स्कूलिंग के बाद करियर की राहें
यूपीएससी, जेईई मेन व नीट जैसी बड़ी परीक्षाओं के टॉपरों के इंटरव्यू
छात्रों के ज्ञान के लिए रिसर्च बेस्ड और एक्सप्लेनर स्टोरी


