
UP NEET PG 2026: यूपी नीट पीजी काउंसलिंग 2026 स्थगित, 1200 सीटें खाली; कटऑफ कम करने की तैयारी
UP NEET PG Counseling 2026: यूपी नीट पीजी की खाली तकरीबन 1200 सीटें भरने के लिए कटऑफ कम करने की तैयारी है। तीसरे राउंड की काउंसलिंग स्थगित कर दी गई है।
UP NEET PG Counseling 2026: उत्तर प्रदेश में नीट पीजी (NEET PG) की काउंसलिंग प्रक्रिया में एक बड़ा मोड़ आया है। राज्य के निजी मेडिकल कॉलेजों में एमडी (MD) और एमएस (MS) की लगभग 1200 सीटें खाली रह जाने के कारण चिकित्सा शिक्षा महानिदेशालय (DGME) ने तीसरे राउंड की काउंसलिंग को फिलहाल स्थगित कर दिया है। इन सीटों को भरने के लिए केंद्र सरकार से ‘कटऑफ पर्सेंटाइल’ कम करने की सिफारिश की जा सकती है।
निजी कॉलेजों में भारी संख्या में सीटें रिक्त
यूपी नीट पीजी काउंसलिंग के तहत प्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेजों की 2,180 और निजी कॉलेजों की 2,765 सीटों पर प्रवेश होना था। दो राउंड की काउंसलिंग पूरी होने के बाद सरकारी सीटें तो भर गई हैं, लेकिन निजी कॉलेजों की हालत चिंताजनक है। विशेष रूप से नॉन-क्लिनिकल विषयों (जैसे बायोकेमेस्ट्री, माइक्रोबायोलॉजी, पैथोलॉजी) में छात्र रुचि नहीं ले रहे हैं।
जीरो फीस पर भी नहीं मिल रहे छात्र
हालात इतने चुनौतीपूर्ण हैं कि कई निजी मेडिकल कॉलेजों ने अपनी फीस में भारी कटौती की है, फिर भी छात्र नहीं मिल रहे हैं।
मुफ्त शिक्षा का प्रस्ताव
सीतापुर स्थित हिंद इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज ने एक अभूतपूर्व कदम उठाते हुए डीजीएमई को पत्र भेजा है। कॉलेज ने एमडी बायोकेमेस्ट्री और एमडी माइक्रोबायोलॉजी की सीटों पर ‘शून्य शिक्षण शुल्क’ पर प्रवेश देने का प्रस्ताव रखा है।
सीटों का गणित: तीसरे राउंड के लिए रजिस्ट्रेशन 2 जनवरी से शुरू हो चुका था और परिणाम आज, 12 जनवरी को घोषित होना था, लेकिन अब इसे रोक दिया गया है।
क्यों खाली रह गई सीटें और क्या है समाधान?
जानकारों का मानना है कि नॉन-क्लिनिकल ब्रांच में करियर के सीमित अवसरों और निजी कॉलेजों की अन्य हॉस्टल व विविध फीस के कारण छात्र इन सीटों से दूरी बना रहे हैं।
कटऑफ कम करने पर विचार
जब सीटें बड़ी संख्या में खाली रहती हैं, तो स्वास्थ्य मंत्रालय और एनएमसी (NMC) अक्सर कटऑफ पर्सेंटाइल को कम कर देते हैं ताकि अधिक छात्र काउंसलिंग के लिए पात्र हो सकें। पूर्व के वर्षों में भी जीरो पर्सेंटाइल तक कटऑफ कम की जा चुकी है।
छात्रों के लिए आगे क्या?
तीसरे राउंड की काउंसलिंग स्थगित होने से उन छात्रों को लाभ मिल सकता है जो पहले क्वालिफाई नहीं कर पाए थे। यदि कटऑफ कम होती है, तो कम अंक वाले छात्रों को भी एमडी/एमएस करने का मौका मिल सकता है।
डीजीएमई जल्द ही काउंसलिंग का नया शेड्यूल और संशोधित कटऑफ पर आधिकारिक अधिसूचना जारी करेगा। अभ्यर्थी आधिकारिक वेबसाइट upneet.gov.in पर नियमित रूप से नजर बनाए रखें।





