UKPSC : प्रधानाचार्य भर्ती पर संकट के बादल, ज्यादातर एलटी टीचर TET पास नहीं, सुप्रीम कोर्ट ने किया है अनिवार्य

UKPSC : प्रधानाचार्य भर्ती पर संकट के बादल, ज्यादातर एलटी टीचर TET पास नहीं, सुप्रीम कोर्ट ने किया है अनिवार्य

संक्षेप:

उत्तराखंड प्रधानाचार्य भर्ती एक बार फिर संकट में है। एलटी कैडर शिक्षकों के लिए टीईटी की अनिवार्यता की वजह से यह स्थिति पैदा हो रही है। आयोग अपने स्तर पर भर्ती पर निर्णय लेगा।

Oct 16, 2025 06:57 am ISTPankaj Vijay लाइव हिन्दुस्तान, विशेष संवाददाता, देहरादून
share

उत्तराखंड के सरकारी इंटर कॉलेज में प्रधानाचार्य की सीधी भर्ती पर एक बार फिर संकट के बादल मंडरा गए हैं। सुप्रीम कोर्ट के एलटी कैडर शिक्षकों के लिए टीईटी की अनिवार्यता की वजह से यह स्थिति पैदा हो रही है। शिक्षा सचिव रविनाथ रमन ने लोक सेवा आयेाग को पत्र भेजकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश की जानकारी दी है। सूत्रों के अनुसार आयोग अपने स्तर पर भर्ती पर निर्णय लेगा। प्रधानाचार्य 692 पदों के लिए फरवरी 2026 में परीक्षा प्रस्तावित है। मालूम हो कि प्रधानाचार्य भर्ती के लिए आवेदन करने वाले ज्यादातर एलटी शिक्षक आरटीई एक्ट लागू होने से पहले के बैच के हैं। टीईटी की बाध्यता न होने की वजह से उनमें अधिकांश ने टीईटी नहीं की गई है।

LiveHindustan को अपना पसंदीदा Google न्यूज़ सोर्स बनाएं – यहां क्लिक करें।

बुधवार शाम हिन्दुस्तान से बातचीत में शिक्षा सचिव ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के पिछले माह जारी आदेश के बाद सभी पहलुओं का अध्ययन किया है। सरकार अन्य राज्यों के समान टीईटी की अनिवार्यता के आदेश पर पुनर्विचार याचिका दायर कर रही है। फिलहाल आयेाग को ताजा स्थिति की जानकारी दे दी गई है।

पिछले साल सितंबर 2024 में सरकार के अनुरोध पर आयोग को परीक्षा स्थगित करनी पड़ी थी। इसके बाद सरकार ने नियमावली को संशोधन कर एलटी कैडर शिक्षकों को भर्ती के पात्र कर दिया था। इस बीच पिछले महीने सुप्रीम कोर्ट का टीईटी से जुड़ा आदेश आ गया है।

Pankaj Vijay

लेखक के बारे में

Pankaj Vijay
पंकज विजय लाइव हिन्दुस्तान में डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। यहां वह करियर, एजुकेशन, जॉब्स से जुड़ी खबरें देखते हैं। पंकज को पत्रकारिता में डेढ़ दशक से ज्यादा का अनुभव है। लाइव हिन्दुस्तान के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने एनडीटीवी डिजिटल, आजतक डिजिटल, अमर उजाला समाचार पत्र में काम किया। करियर-एजुकेशन-जॉब्स के अलावा वह विभिन्न संस्थानों में देश-विदेश, राजनीति, रिसर्च व धर्म से जुड़ी बीट पर भी काम कर चुके हैं। भारतीय जनसंचार संस्थान (आईआईएमसी), दिल्ली से हिन्दी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा व डीयू से इतिहास में बीए ऑनर्स किया है। और पढ़ें
लेटेस्ट एजुकेशन न्यूज़ अपडेट हिंदी में हिंदुस्तान पर, Hindi News, क्रिकेट न्यूज पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।