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बिहार मैट्रिक रिजल्ट : गणित ने बिगाड़ा खेल, 3.50 लाख से ज्यादा छात्र हुए फेल

बिहार बोर्ड मैट्रिक के रिजल्ट में सबसे ज्यादा गणित विषय में छात्र असफल रहे हैं। अगर गणित का रिजल्ट बेहतर होता तो उत्तीर्णता का प्रतिशत ज्यादा होता। लेकिन गणित विषय ने बिहार बोर्ड के रिजल्ट का गणित बिगाड़ दिया। बोर्ड की मानें तो गणित में लगभग साढ़े तीन लाख छात्र असफल हुए हैं। अधिकतर छात्र गणित में ही फेल हो गये हैं। ज्ञात हो कि मैट्रिक में कुल 5 लाख 38 हजार 825 छात्र असफल हुए हैं। इसमें सबसे ज्यादा गणित विषय से छात्र शामिल हैं। गणित के अलावा साइंस और अंग्रेजी में भी अधिकतर छात्र फेल हुए हैं। साइंस में भी पास परसेंटेज कम है। साइंस में लगभग एक लाख से अधिक छात्र असफल हुए हैं। वहीं अंग्रेजी में दो लाख से अधिक छात्र असफल हुए हैं। अधिकतर छात्र जो दो विषय में फेल हैं उसमें साइंस और गणित विषय में छात्रों की संख्या अधिक है। 

 

- सीबीएसई पैटर्न पर था प्रश्न पत्र का डिजाइन 
इस बार बोर्ड ने सभी विषयों में सिलेबस के अनुसार अंकों का बंटवारा प्रश्नों के बीच किया था। प्रश्न पत्र में जितने भी प्रश्न थे, उसे सिलेबस के सभी चैप्टर को रखा गया था। हर चैप्टर से प्रश्न पूछे गये थे। लेकिन छात्रों ने सिलेबस के अनुसार पढ़ाई नहीं की थी। वहीं स्कूल में भी सिलेबस के अनुसार पढ़ाई नहीं हुई थी। इससे गणित विषय में छात्रों को अधिक परेशानी हुई। 

 

- गणित की परीक्षा के बाद हुआ था हंगामा 
मैट्रिक की गणित परीक्षा के बाद छात्रों ने बोर्ड पर आरोप लगाया था कि गणित में सिलेबस के बाहर से प्रश्न पूछे गये हैं। कई दिनों तक हंगामा होने के बाद बोर्ड ने इसके लिए एक्सपर्ट की कमेटी बनाई। पांच विशेषज्ञों की कमेटी ने अपनी रिपोर्ट में प्रश्न पत्र सिलेबस के अंदर होने की बात कहीं थी। गणित का सारा प्रश्न सिलेबस से ही पूछा गया था। 

कुल असफल विद्यार्थियों की संख्या  -  5 लाख 58 हजार 825
गणित में असफल विद्यार्थियों की संख्या  - 3 लाख 50 हजार 
साइंस में असफल विद्यार्थियों की संख्या   -  एक लाख के लगभग 

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  • Web Title:more than 350 thousands students fail in mathematics in bihar board matric result 2018