DA Image

अगली स्टोरी

class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

बिहार में 35 साल बाद होगी 558 डेंन्टल डॉक्टरों की स्थायी बहाली

image

बिहार में 35 सालों के बाद दंत चिकित्सकों की स्थायी बहाली होने जा रही है। बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी) ने दंत चिकित्सकों के साक्षात्कार का कार्यक्रम जारी कर दिया है। यह14 दिसम्बर से शुरू होगा और अगले साल 13 जनवरी को समाप्त होगा। बिहार लोक सेवा आयोग ने 3700 अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के लिए चयनित किया है। 
साक्षात्कार दो चरणों में होगा। प्रथम चरण में एक हजार अभ्यर्थियों का साक्षात्कार लिया जाएगा और शेष अभ्यर्थियों का साक्षात्कार बाद में होगा। स्वास्थ्य विभाग ने मार्च 2015 में ही स्थायी चिकित्सकों की नियुक्ति के लिए बीपीएससी के पास करीब 558 रिक्तियां भेजी हैं। लेकिन, बीपीएससी अभी तक दंत चिकित्सकों का साक्षात्कार शुरू नहीं किया था।

1982 में हुई दंत चिकित्सकों की नियुक्ति 
बिहार में वर्ष 1982 में दंत चिकित्सकों की नियुक्ति हुई थी। उसके बाद नियुक्ति नहीं हुई। राज्य में असधिसंख्य अनुबंध पर ही दंत चिकित्सक कार्यरत हैं। बिहार में दंत चिकित्सक  के 700 पद सृजित हैं। नवम्बर, 2013 के पूर्व बिहार में दंत चिकित्सकों के मात्र 83 सृजित पद थे, लेकिन नवम्बर 2013 में 617 पदों का और सृजन किया गया। बिहार में आबादी के अनुपात में दंत चिकित्सक कम हैं। राज्य में कई नए प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र खुले लेकिन दंत चिकित्सकों की संख्या नहीं बढ़ी। 
भारतीय लोक हेल्थ मानक के अनुसार वैसे स्वास्थ्य संस्थान जहां शय्याओं की संख्या 200 से ज्यादा है, वहां दो दंत चिकित्सकों की पदस्थापना की जानी है। राज्य के 36 जिला अस्पतालों, 47 अनुमंडलीय अस्पतालों में एक-एक दंत चिकित्सक के पद सृजित हैं। बिहार की 11 करोड़ जनता पर सिर्फ 9 नियमित दंत चिकित्सक ही कार्यरत हैं। स्थायी नियुक्ति में संविदा चिकित्सकों को भी प्राथमिकता मिलेगी। बिहार राज्य अनुबंध दंत चिकित्सक संघ के सचिव डा. जावेद अनवर ने कहा है कि बीपीएससी शीघ्र साक्षात्कार समाप्त कर रिजल्ट घोषित करे।
 

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:558 dentists vacancy in bihar