
Medical College: गुरुग्राम के मेडिकल कॉलेज में 883 बेड, 150 MBBS सीट; PPP मॉडल पर जल्द शुरू होगा संचालन
Shri Sheetla Mata Devi Medical College: गुरुग्राम में बन रहे श्री शीतला माता देवी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल को अब सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल पर चलाया जाएगा। कॉलेज के संचालन की जिम्मेदारी DMER को सौंप दी गई है।
Shri Sheetla Mata Devi Medical College: राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में स्वास्थ्य और शिक्षा सुविधाओं को बढ़ावा देने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। गुरुग्राम में बन रहे श्री शीतला माता देवी मेडिकल कॉलेज और अस्पताल को अब सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल पर चलाया जाएगा। जिला प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि कॉलेज के संचालन की जिम्मेदारी चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान निदेशालय (DMER) को सौंप दी गई है।
यह निर्णय हरियाणा के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी की अध्यक्षता में हुई एक उच्च-स्तरीय वर्चुअल बैठक में लिया गया, जिसमें गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (GMDA) के अधिकारियों के साथ इस प्रस्ताव पर चर्चा की गई कि अस्पताल को चलाने के लिए निजी भागीदारों को आमंत्रित किया जाए।
क्या है PPP मॉडल और क्यों लिया गया यह फैसला?
PPP मॉडल का मतलब है कि इस सरकारी परियोजना को चलाने, बनाए रखने और उसमें सेवाएं देने के लिए सरकार किसी निजी कंपनी या संगठन के साथ साझेदारी करेगी।
एक वरिष्ठ GMDA अधिकारी के अनुसार, राज्य सरकार जल्द ही निजी भागीदारों को आमंत्रित करने के लिए एक रिक्वेस्ट फॉर प्रपोजल (RFP) डॉक्यूमेंट जारी कर सकती है। इस मॉडल के तहत अस्पताल के चालू होने से पहले ही सेवा वितरण की शर्तें तय की जाएंगी जैसे कि मरीजों को रियायती दरों पर कितनी बेड सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इस तरह यह सुनिश्चित किया जाएगा कि आम जनता को भी सस्ती और अच्छी स्वास्थ्य सेवाएं मिलें।
प्रोजेक्ट की प्रगति और क्षमता
GMDA द्वारा विकसित किया जा रहा यह मेडिकल कॉलेज और अस्पताल मार्च 2026 तक चालू होने की उम्मीद है। पहले यह प्रोजेक्ट जुलाई 2024 में पूरी होने वाली थी, लेकिन देरी के कारण इसे दिसंबर 2025 और अब मार्च 2026 तक बढ़ा दिया गया है। इस अस्पताल में मरीजों के लिए 883 बेड की क्षमता होगी। इसमें हर साल लगभग 150 एमबीबीएस (MBBS) छात्रों का नामांकन किया जाएगा। जिससे क्षेत्र में डॉक्टरों की कमी को दूर करने में मदद मिलेगी।
GMDA के प्रवक्ता नेहा शर्मा ने बताया कि प्रोजेक्ट की कुल लागत 593.42 करोड़ रुपये है, जिसमें से 403.50 करोड़ रुपये का काम पूरा हो चुका है। यानी निर्माण कार्य 70% तक पूरा हो चुका है। अधिकारियों के अनुसार, अस्पताल के मुख्य ब्लॉक, टीचिंग अस्पताल और ट्रॉमा सेंटर का ढांचागत काम पूरा हो चुका है। प्लास्टरिंग, फर्श, टाइलिंग जैसे फिनिशिंग का काम प्रगति पर है। इसके अलावा, छात्रों के लिए तीन हॉस्टल और 730 लोगों के लिए आवासीय सुविधाएं भी लगभग पूरी हो चुकी हैं। यह PPP मॉडल गुरुग्राम में विश्वस्तरीय स्वास्थ्य सुविधाओं को लाने और चिकित्सा शिक्षा को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।





