
NMC: NMC ने सत्र 2026-27 के लिए नए मेडिकल कॉलेजों से मांगे आवेदन, देश में बढ़ेंगी MBBS की सीटें
NMC Medical College: नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने सत्र 2026-27 के लिए नए मेडिकल कॉलेज खोलने और मौजूदा कॉलेजों में एमबीबीएस (MBBS) सीटों की संख्या बढ़ाने के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं।
Medical College: नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने देश में चिकित्सा शिक्षा के विस्तार और मेडिकल कॉलेजों की गुणवत्ता में सुधार के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। कमीशन ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए नए मेडिकल कॉलेज खोलने और मौजूदा कॉलेजों में एमबीबीएस (MBBS) सीटों की संख्या बढ़ाने के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। यह खबर उन छात्रों के लिए एक नई उम्मीद लेकर आई है जो भविष्य में डॉक्टर बनने का सपना देख रहे हैं।
नए मेडिकल कॉलेज और सीटों का विस्तार
एनएमसी (NMC) के नोटिफिकेशन के अनुसार, जो संस्थान नए मेडिकल कॉलेज शुरू करना चाहते हैं या जो कॉलेज अपनी मौजूदा सीटों की क्षमता में वृद्धि करना चाहते हैं, वे अब ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। यह प्रक्रिया पूरी तरह से पारदर्शी रखी गई है ताकि देश में डॉक्टरों की कमी को दूर किया जा सके और स्वास्थ्य सेवाओं को और भी मजबूत बनाया जा सके। आवेदन करने वाले संस्थानों को एनएमसी द्वारा निर्धारित सभी कड़े मानकों और बुनियादी ढांचे की शर्तों को पूरा करना अनिवार्य होगा। कॉलेज 29 दिसंबर 2025 से लेकर 28 जनवरी 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
नया शुल्क ढांचा
इस बार के नोटिफिकेशन की सबसे महत्वपूर्ण बात आवेदन शुल्क और प्रोसेसिंग फीस में किया गया बदलाव है। एनएमसी ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए एक नया शुल्क ढांचा लागू किया है। अब नए मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए आवेदन शुल्क में संशोधन किया गया है, जो पहले की तुलना में अलग है। इसके अलावा, पोस्ट ग्रेजुएट (PG) कोर्स शुरू करने और सीटों के विस्तार के लिए भी अलग-अलग शुल्क निर्धारित किए गए हैं। इस कदम का उद्देश्य आवेदन प्रक्रिया को और अधिक व्यवस्थित बनाना और यह सुनिश्चित करना है कि केवल गंभीर और सक्षम संस्थान ही इस क्षेत्र में आगे आएं।
गुणवत्ता पर जोर
एनएमसी ने स्पष्ट किया है कि केवल सीटें बढ़ाना ही उद्देश्य नहीं है, बल्कि शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखना सबसे बड़ी प्राथमिकता है। नए कॉलेजों को अनुमति देने से पहले उनके पास पर्याप्त अस्पताल बेड, आधुनिक लैब, अनुभवी फैकल्टी और छात्रों के लिए जरूरी सभी सुविधाएं होना आवश्यक है। कमीशन समय-समय पर इन संस्थानों का निरीक्षण भी करेगा ताकि नियमों की अनदेखी न हो।
मेडिकल छात्रों को होगा बड़ा फायदा
सीटों की संख्या बढ़ने से नीट (NEET) परीक्षा की तैयारी कर रहे छात्रों के बीच प्रतिस्पर्धा का दबाव थोड़ा कम होगा। अधिक सीटें होने का मतलब है कि अधिक छात्रों को अपने ही देश में और किफायती दरों पर डॉक्टरी की पढ़ाई करने का अवसर मिलेगा। साथ ही, नए कॉलेजों के खुलने से दूर-दराज के क्षेत्रों में भी बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी, क्योंकि ये कॉलेज अक्सर अपने साथ बड़े अस्पताल भी लेकर आते हैं।
इच्छुक संस्थानों को सलाह दी गई है कि वे निर्धारित समय सीमा के भीतर अपने आवेदन और आवश्यक शुल्क जमा कर दें। एनएमसी की आधिकारिक वेबसाइट पर इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश और शुल्क की पूरी जानकारी उपलब्ध करा दी गई है।

लेखक के बारे में
Prachiदिल्ली की रहने वाली प्राची लाइव हिन्दुस्तान में ट्रेनी कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं। पिछले 1.5 वर्षों से वे करियर और शिक्षा क्षेत्र की बारीकियों को कवर कर रही हैं। प्राची ने प्रतिष्ठित भारतीय जन संचार संस्थान (IIMC) से इंग्लिश जर्नलिज्म में पीजी डिप्लोमा और दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिस्ट्री ऑनर्स में ग्रेजुएशन किया है। लाइव हिन्दुस्तान से 2024 में जुड़ने से पहले, उन्होंने 'नन्ही खबर', 'सी.वाई. फ्यूचर लिमिटेड' और 'कुटुंब' जैसे संस्थानों में कंटेंट लेखक के रूप में अपनी लेखनी को निखारा है। इतिहास की समझ और पत्रकारिता के जुनून के साथ, प्राची को खाली समय में उपन्यास पढ़ना और विश्व सिनेमा देखना पसंद है।
और पढ़ें



