जेल में बंद NEET पेपर लीक के आरोपी ने मांगी चौंकाने वाली किताबें, शर्त के साथ मिली मंजूरी
तिहाड़ जेल में बंद नीट परीक्षा पेपर लीक के आरोपी धनंजय लोखंडे ने पढ़ने के लिए कुछ किताबें मांगी हैं। किताबों की इस लिस्ट ने सबको चौंका दिया है। लोखंडे अब धार्मिक और साहित्यिक किताबें पढ़ना चाहता है।

तिहाड़ जेल में बंद नीट परीक्षा पेपर लीक के आरोपी धनंजय लोखंडे ने पढ़ने के लिए कुछ किताबें मांगी हैं। किताबों की इस लिस्ट ने सबको चौंका दिया है। लोखंडे अब धार्मिक और साहित्यिक किताबें पढ़ना चाहता है। उसने हनुमान चालीसा और मंगल स्तोत्र की प्रिंटेड कॉपी मांगी। इसके साथ मराठी लेखक रंजीत देसाई की छत्रपति शिवाजी पर लिखी जीवनीपरक किताब श्रीमंत योगी भी मांगी। दिल्ली की अदालत ने उनकी मांग मंजूर कर ली है। कोर्ट ने कहा कि जेल नियमों और सुरक्षा जांच के तहत इन किताबों को उनके परिवार के सदस्यों या अधिकृत वकील के जरिए उपलब्ध कराया जा सकता है।
आपको बता दें कि 3 मई को हुई मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट यूजी परीक्षा को पेपर लीक के चलते रद्द कर दिया गया था। देश के करीब 22 लाख विद्यार्थी इससे प्रभावित हुए थे। सदमें में आए कई छात्रों ने आत्महत्या कर ली थी। अब इस मामले का आरोपी सलाखों के पीछे रहकर धार्मिक पाठ और शिवाजी की कहानी पढ़ना चाहता है।
कोर्ट ने किन शर्तों पर दी अनुमति
इंडियन एक्सप्रेस की खबर के मुताबिक लोखंडे ने तिहाड़ जेल में रहते हुए धार्मिक और ऐतिहासिक पुस्तकें पढ़ने की अनुमति मांगी थी। अदालत ने अनुरोध स्वीकार करते हुए जेल अधिकारियों को संबंधित किताबें उपलब्ध कराने की अनुमति दी लेकिन यह स्पष्ट किया कि किताबें परिवार के सदस्य या अधिकृत वकील के जरिए भेजी जाएंगी और जेल मैनुअल के अनुसार सुरक्षा जांच के बाद ही उन्हें सौंपा जाएगा।
लोखंडे पर CBI ने क्या आरोप लगाए हैं?
लोखंडे तिहाड़ में बंद है। CBI ने चार्जशीट में लोखंडे को कथित तौर पर उस कड़ी का अहम हिस्सा बताया है, जिसके जरिए लीक हुए NEET पेपर महाराष्ट्र से हरियाणा और फिर राजस्थान के सीकर तक पहुंचाए गए।
रिपोर्ट्स के अनुसार CBI का आरोप है कि लोखंडे ने पुणे की आरोपी मनीषा वाघमारे से NEET की परीक्षा सामग्री प्राप्त की और बाद में उसे शुभम खैरनार तक पहुंचाया। जांच एजेंसी ने कथित ट्रांसमिशन चेन में महाराष्ट्र से हरियाणा और फिर राजस्थान तक लोखंडे की भूमिका बताई है। CBI के अनुसार लोखंडे के सहयोगियों ने कथित तौर पर वाघमारे से प्रश्न पत्र की डिटेल्स ली, जिसके बाद इसे खैरनार तक पहुंचाया गया। वहां से यह कथित रूप से गुरुग्राम में यश यादव तक और फिर राजस्थान के सीकर में बिवाल परिवार तक पहुंची।
22.7 लाख से अधिक अभ्यर्थी हुए प्रभावित
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक NEET-UG 2026 परीक्षा 3 मई को आयोजित हुई थी, जिसमें 22.7 लाख से अधिक उम्मीदवार शामिल हुए थे। कथित पेपर लीक के बाद NTA ने परीक्षा रद्द कर दी थी। इसके बाद 21 जून को दोबारा परीक्षा आयोजित की ग, जबकि इसके परिणाम 16 जुलाई को घोषित किए गए। CBI ने अब तक इस मामले में 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।


