NEET UG Admit Card 2026 : नीट परीक्षा के एडमिट कार्ड आज, neet.nta.nic.in से सीधे करें डाउनलोड
NEET UG 2026 के एडमिट कार्ड आज जारी हो रहे हैं। परीक्षा 3 मई को होगी। जानिए कैसे अपना हॉल टिकट डाउनलोड करें।

NEET UG Admit Card 2026 : मेडिकल की दुनिया में कदम रखने का सपना देख रहे लाखों छात्रों के लिए आज का दिन बेहद अहम है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) आज, यानी 26 अप्रैल 2026 को नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट (neet-UG) के एडमिट कार्ड जारी करने जा रही है। अगर आपने भी इस साल नीट परीक्षा के लिए आवेदन किया है, तो आप एनटीए की आधिकारिक वेबसाइट neet.nta.nic.in पर जाकर अपना हॉल टिकट चेक और डाउनलोड कर सकते हैं। याद रहे कि परीक्षा में अब गिनती के दिन बचे हैं, ऐसे में एडमिट कार्ड का पास होना सबसे जरूरी दस्तावेज है। बिना इसके परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी।
कब और कैसे होगी परीक्षा?
इस साल की नीट यूजी परीक्षा 3 मई 2026 को आयोजित की जाएगी। परीक्षा का समय दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक निर्धारित किया गया है। पूरे 180 मिनट (3 घंटे) की इस परीक्षा में छात्रों की काबिलियत को परखा जाएगा। यह परीक्षा कुल 720 अंकों की होगी, जिसमें फिजिक्स, केमिस्ट्री और बायोलॉजी (बॉटनी और जूलॉजी) जैसे विषयों से सवाल पूछे जाएंगे।
एडमिट कार्ड डाउनलोड करने का सबसे आसान तरीका
एनटीए ने छात्रों की सुविधा के लिए डाउनलोड की प्रक्रिया को काफी सरल रखा है। आप नीचे दिए गए स्टेप्स को फॉलो करके अपना एडमिट कार्ड निकाल सकते हैं -
- 1. सबसे पहले आधिकारिक पोर्टल neet.nta.nic.in पर जाएं।
- 2. होमपेज पर नजर आ रहे "Candidate Activity" सेक्शन को देखें।
- 3. यहां आपको "NEET UG Admit Card 2026" का लिंक मिलेगा, उस पर क्लिक करें।
- 4. अब अपना एप्लीकेशन नंबर और पासवर्ड (या जन्म तिथि) दर्ज करें और 'Submit' बटन दबाएं।
- 5. आपका एडमिट कार्ड स्क्रीन पर आ जाएगा। इसे ध्यान से देखें और डाउनलोड कर लें
- 6. भविष्य के लिए इसका एक रंगीन प्रिंटआउट जरूर निकाल कर रखें।
एडमिट कार्ड में क्या-क्या चेक करें?
जब आप अपना हॉल टिकट डाउनलोड करें, तो उसमें दी गई जानकारी को एक बार बारीकी से जरूर पढ़ लें। इसमें निम्नलिखित विवरण दिए होंगे:
उम्मीदवार का नाम और रोल नंबर
परीक्षा केंद्र का नाम और सटीक पता
सेंटर कोड (Centre Code)
रिपोर्टिंग टाइम (ताकि आप समय से पहले पहुंच सकें)
परीक्षा के नियम और जरूरी निर्देश
जरूरी सलाह है कि अगर आपके एडमिट कार्ड में फोटो, नाम की स्पेलिंग या किसी भी जानकारी में कोई गड़बड़ दिखती है, तो तुरंत एनटीए के हेल्पलाइन नंबर या ईमेल के जरिए अधिकारियों से संपर्क करें।
एग्जाम पैटर्न को एक बार फिर समझ लें
नीट की तैयारी तो आपकी पक्की होगी ही, लेकिन एक नजर पैटर्न पर डालना भी जरूरी है। परीक्षा में कुल 180 अनिवार्य सवाल होंगे।
बायोलॉजी (बॉटनी और जूलॉजी): यहाँ से सबसे ज्यादा 90 सवाल आएंगे, जो कुल 360 अंकों के होंगे।
फिजिक्स और केमिस्ट्री: इन दोनों विषयों से 45-45 सवाल पूछे जाएंगे। हर विषय 180 अंकों का होगा।
मार्किंग स्कीम का रखें ध्यान
नीट परीक्षा में 'नेगेटिव मार्किंग' का बड़ा खेल होता है। हर सही जवाब पर आपको 4 अंक मिलेंगे, लेकिन एक भी गलत जवाब देने पर आपका 1 अंक काट लिया जाएगा। अगर आप किसी सवाल का जवाब नहीं देते हैं, तो उसके लिए न कोई अंक मिलेगा और न ही कटेगा। इसलिए, तुक्का लगाने से बचें और उन्हीं सवालों को हल करें जिन पर आपको पूरा भरोसा हो। एनटीए की ओर से परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा और पारदर्शिता के कड़े इंतजाम किए गए हैं। सभी छात्र-छात्राओं को सलाह दी जाती है कि वे एडमिट कार्ड पर दिए गए ड्रेस कोड और प्रतिबंधित वस्तुओं की सूची को ध्यान से पढ़ लें।
लेखक के बारे में
Himanshu Tiwariशॉर्ट बायो: हिमांशु तिवारी पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और मौजूदा वक्त में लाइव हिन्दुस्तान के करियर टीम से जुड़े हुए हैं।
परिचय एवं अनुभव
हिमांशु तिवारी डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया का एक जाना-पहचाना नाम हैं। बीते 10 सालों से वह लगातार पत्रकारिता में सक्रिय हैं और इस वक्त लाइव हिन्दुस्तान में चीफ सब एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं और बीते 3 साल से वह इस संस्थान से जुड़े हैं। शिक्षा, करियर, नौकरियों, नीट, जेईई, बैंकिंग, एसएससी और यूपीएससी, यूपीपीएससी, बीपीएससी और आरपीएससी जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों पर उनकी खास पकड़ मानी जाती है। हिमांशु ने साल 2016 में पत्रकारिता की शुरुआत एबीपी न्यूज के डिजिटल प्लेटफॉर्म से किया। इसके बाद वह इंडिया टीवी और जी न्यूज (डीएनए) जैसे बड़े न्यूज चैनलों के डिजिटल प्लेटफॉर्म का भी हिस्सा रह चुके हैं। हिमांशु तिवारी सिर्फ पत्रकार नहीं, बल्कि एक सजग पाठक और आजीवन विद्यार्थी हैं, उनकी यही खूबी उनके कार्य में परिलक्षित होती है। उनका मानना है कि इन परीक्षाओं से जुड़ी सही और समय पर जानकारी लाखों युवाओं के भविष्य को दिशा दे सकती है, इसलिए वह इस बीट को सिर्फ खबर नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी की तरह देखते हैं।
लेखन की सोच और मकसद
हिमांशु के लिए पत्रकारिता का मतलब सिर्फ सूचना देना नहीं है, बल्कि पाठक को सोचने की जगह देना भी है। खासकर करियर और शिक्षा के क्षेत्र में वह यह मानते हैं कि एक गलत या अधूरी खबर किसी छात्र की पूरी तैयारी को भटका सकती है। इसलिए उनके लेखन में सरल भाषा, ठोस तथ्य और व्यावहारिक नजरिया हमेशा प्राथमिकता में रहता है। उनकी कोशिश रहती है कि पाठक को सिर्फ खबर की जानकारी ही न हो, बल्कि यह भी समझ आए कि उस खबर का उसके जीवन और भविष्य से क्या रिश्ता है।
शिक्षा और अकादमिक पृष्ठभूमि
हिमांशु मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से ताल्लुक रखते हैं। उन्होंने कलकत्ता विश्वविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई की और फिर जामिया मिलिया इस्लामिया, नई दिल्ली से पत्रकारिता के गुर सीखे। जामिया में मिली ट्रेनिंग ने उन्हें यह समझ दी कि पत्रकारिता सिर्फ तेज खबर लिखने का नाम नहीं, बल्कि तथ्यों की जांच, संदर्भ की समझ और संतुलित नजरिए से बात रखने की कला है।
रुचियां और निजी झुकाव
काम से इतर हिमांशु की गहरी रुचि समकालीन इतिहास, समानांतर सिनेमा और दर्शन में रही है। राजनीति और विदेश नीति पर पढ़ना-लिखना उन्हें विशेष रूप से पसंद है। इसी रुचि के चलते उन्होंने दो लोकसभा चुनावों और दर्जनों विधानसभा चुनावों की कवरेज की, जहां राजनीति को उन्होंने बेहद नजदीक से देखा और समझा। चुनावी आंकड़ों की बारीकियां, नेताओं के भाषण, जमीनी मुद्दे और जनता की प्रतिक्रियाएं, इन सभी पहलुओं को समेटते हुए उन्होंने सैकड़ों खबरें और विश्लेषण तैयार किए, जो राजनीतिक प्रक्रिया की गहरी समझ को दर्शाते हैं।
विशेषज्ञताएं
- शिक्षा, करियर और नौकरियों से जुड़ी खबरों पर विशेष रुचि और निरंतर लेखन
- नीट, जेईई और राज्यवार बोर्ड परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों, बदलावों और परिणामों पर गहन फोकस
- UPSC, UPPSC, MPPSC, BPSC, RPSC और JPSC जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं की तैयारी, पैटर्न और नीतिगत पहलुओं पर पैनी नजर
- अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम और विदेश नीति से जुड़े विषयों का विश्लेषणात्मक लेखन
- राजनीति, चुनावी आंकड़ों और जमीनी मुद्दों पर सरल और तथ्यपरक एक्सप्लेनर तैयार करने का अनुभव


