JNU Recruitment 2026: जेएनयू में नौकरी पाने का सुनहरा मौका, 267 नॉन-टीचिंग पदों पर भर्ती
जेएनयू ने 267 नॉन-टीचिंग पोस्ट के लिए ऑफिशियल नोटिफिकेशन जारी किया है। एलिजिबल कैंडिडेट 29 जून से 27 जुलाई 2026 तक ऑनलाइन अप्लाई कर सकते हैं।

सरकारी नौकरी की तलाश कर रहे नौजवानों के लिए एक बेहद अच्छी खबर सामने आई है। देश की सबसे मशहूर और जानी-मानी यूनिवर्सिटी में शुमार जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (जेएनयू) ने नॉन-टीचिंग पदों के लिए एक बड़ा नोटिफिकेशन जारी किया है। अगर आप भी राजधानी दिल्ली में रहकर एक बेहतरीन और पक्की नौकरी का सपना देख रहे हैं, तो ये खबर खास आपके लिए है। जेएनयू ने कुल 267 खाली पदों को भरने के लिए आवेदन मांगे हैं। इस भर्ती अभियान के जरिए यूनिवर्सिटी में ग्रुप ए, बी और सी के कई अलग-अलग पदों पर योग्य उम्मीदवारों की बहाली की जाएगी। जेएनयू की इस नई भर्ती के लिए ऑनलाइन फॉर्म भरने का सिलसिला 29 जून 2026 से शुरू हो चुका है। ऐसे में जो भी उम्मीदवार इन पदों के लिए अपनी दावेदारी पेश करना चाहते हैं, वो 27 जुलाई 2026 तक अपना फॉर्म भर सकते हैं। ध्यान रहे कि यही तारीख फीस जमा करने की भी आखिरी तारीख है।
अब बात करते हैं कि आखिर किन पदों पर भर्तियां निकली हैं और आपके लिए इसमें क्या मौका है। इस नोटिफिकेशन के मुताबिक, कुल 267 पदों पर बहाली होनी है, जिसमें हर तरह की योग्यता रखने वालों के लिए कोई न कोई मौका जरूर मौजूद है। इसमें सबसे ज्यादा 46 पद जूनियर असिस्टेंट के रखे गए हैं। इसके अलावा, मेस हेल्पर के 30, इंजीनियरिंग अटेंडेंट के 30, कुक के 27, स्टेनोग्राफर के 20, वर्क्स असिस्टेंट के 19 और मल्टी टास्किंग स्टाफ (एमटीएस) के 15 पदों पर भी शानदार भर्ती की जाएगी। इतना ही नहीं, जो लोग ऊंचे पदों की ख्वाहिश रखते हैं या जिनके पास खास डिग्रियां हैं, उनके लिए असिस्टेंट रजिस्ट्रार, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर, पब्लिक रिलेशन ऑफिसर, और सिस्टम एनालिस्ट जैसे ग्रुप 'ए' के भी कई बड़े पद मौजूद हैं।
क्या रखी गई आयु सीमा?
जहां तक उम्र की बात है, तो हर पद के हिसाब से अलग-अलग उम्र सीमा तय की गई है। लेकिन मोटे तौर पर, अधिकतम उम्र सीमा 40 से 45 साल के बीच रखी गई है। आपकी उम्र का हिसाब 27 जुलाई 2026 को आधार मानकर लगाया जाएगा। इसके अलावा, आरक्षित वर्गों को सरकारी नियमों के मुताबिक उम्र सीमा में अच्छी खासी छूट भी मिलेगी। हर पद के लिए पढ़ाई-लिखाई और तजुर्बे की मांग बिल्कुल अलग है। किसी पद के लिए दसवीं पास होना काफी है, तो किसी के लिए ग्रेजुएशन या खास डिग्री की जरूरत पड़ेगी। इसलिए, फॉर्म भरने से पहले जेएनयू का ऑफिशियल नोटिफिकेशन एक बार तसल्ली से जरूर पढ़ लें ताकि कोई गलती न हो।
कितनी देनी होगी आवेदन फीस?
आवेदन करने के लिए आपको कितनी फीस चुकानी होगी, चलिए इसे भी आसान भाषा में समझ लेते हैं। जेएनयू ने पदों को ग्रुप के हिसाब से बांटा है और उसी के मुताबिक फीस भी तय की है। अगर आप ग्रुप 'ए' के पदों के लिए अप्लाई कर रहे हैं और जनरल, ओबीसी या ईडब्ल्यूएस कैटेगरी में आते हैं, तो आपको 1500 रुपये फीस देनी होगी। वहीं, इसी ग्रुप में एससी, एसटी और महिलाओं के लिए फीस 1000 रुपये है। अगर बात ग्रुप 'बी' और 'सी' के पदों की करें, तो जनरल, ओबीसी और ईडब्ल्यूएस वालों को 1000 रुपये और एससी, एसटी व महिलाओं को 600 रुपये चुकाने होंगे। सबसे अच्छी बात ये है कि दिव्यांग उम्मीदवारों को किसी भी पद के लिए कोई फीस नहीं देनी है, उनके लिए ये आवेदन बिल्कुल मुफ्त है। फीस का पेमेंट आपको ऑनलाइन ही करना होगा।
आवेदन कैसे करें?
- सबसे पहले आपको जेएनयू की ऑफिशियल करियर वेबसाइट jnu.ac.in/career पर जाना होगा।
- वहां आपको 'JNU Non Teaching Post 2026 Apply Online' का लिंक दिखाई देगा, उस पर क्लिक करें।
- इसके बाद, अपनी चालू ईमेल आईडी और मोबाइल नंबर का इस्तेमाल करके खुद का रजिस्ट्रेशन करें।
- रजिस्ट्रेशन पूरा होने के बाद, मिले हुए आईडी और पासवर्ड से लॉगिन करें और फॉर्म में मांगी गई अपनी सारी जरूरी जानकारी (जैसे नाम, पता, पढ़ाई की डिटेल) सही-सही भर दें।
- फिर अपनी साफ-सुथरी पासपोर्ट साइज फोटो और सिग्नेचर स्कैन करके अपलोड करें।
- आखिर में ऑनलाइन फीस जमा करके अपने फॉर्म को सबमिट कर दें।
- फॉर्म सबमिट होने के बाद, कन्फर्मेशन पेज का प्रिंट आउट निकालकर अपने पास सुरक्षित जरूर रख लें, ताकि आगे चलकर जब भी जरूरत पड़े, आप उसे दिखा सकें।
लेखक के बारे में
Himanshu Tiwariशॉर्ट बायो: हिमांशु तिवारी पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और मौजूदा वक्त में लाइव हिन्दुस्तान के करियर टीम से जुड़े हुए हैं।
परिचय एवं अनुभव
हिमांशु तिवारी डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया का एक जाना-पहचाना नाम हैं। बीते 10 सालों से वह लगातार पत्रकारिता में सक्रिय हैं और इस वक्त लाइव हिन्दुस्तान में चीफ सब एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं और बीते 3 साल से वह इस संस्थान से जुड़े हैं। शिक्षा, करियर, नौकरियों, नीट, जेईई, बैंकिंग, एसएससी और यूपीएससी, यूपीपीएससी, बीपीएससी और आरपीएससी जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों पर उनकी खास पकड़ मानी जाती है। हिमांशु ने साल 2016 में पत्रकारिता की शुरुआत एबीपी न्यूज के डिजिटल प्लेटफॉर्म से किया। इसके बाद वह इंडिया टीवी और जी न्यूज (डीएनए) जैसे बड़े न्यूज चैनलों के डिजिटल प्लेटफॉर्म का भी हिस्सा रह चुके हैं। हिमांशु तिवारी सिर्फ पत्रकार नहीं, बल्कि एक सजग पाठक और आजीवन विद्यार्थी हैं, उनकी यही खूबी उनके कार्य में परिलक्षित होती है। उनका मानना है कि इन परीक्षाओं से जुड़ी सही और समय पर जानकारी लाखों युवाओं के भविष्य को दिशा दे सकती है, इसलिए वह इस बीट को सिर्फ खबर नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी की तरह देखते हैं।
लेखन की सोच और मकसद
हिमांशु के लिए पत्रकारिता का मतलब सिर्फ सूचना देना नहीं है, बल्कि पाठक को सोचने की जगह देना भी है। खासकर करियर और शिक्षा के क्षेत्र में वह यह मानते हैं कि एक गलत या अधूरी खबर किसी छात्र की पूरी तैयारी को भटका सकती है। इसलिए उनके लेखन में सरल भाषा, ठोस तथ्य और व्यावहारिक नजरिया हमेशा प्राथमिकता में रहता है। उनकी कोशिश रहती है कि पाठक को सिर्फ खबर की जानकारी ही न हो, बल्कि यह भी समझ आए कि उस खबर का उसके जीवन और भविष्य से क्या रिश्ता है।
शिक्षा और अकादमिक पृष्ठभूमि
हिमांशु मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से ताल्लुक रखते हैं। उन्होंने कलकत्ता विश्वविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई की और फिर जामिया मिलिया इस्लामिया, नई दिल्ली से पत्रकारिता के गुर सीखे। जामिया में मिली ट्रेनिंग ने उन्हें यह समझ दी कि पत्रकारिता सिर्फ तेज खबर लिखने का नाम नहीं, बल्कि तथ्यों की जांच, संदर्भ की समझ और संतुलित नजरिए से बात रखने की कला है।
रुचियां और निजी झुकाव
काम से इतर हिमांशु की गहरी रुचि समकालीन इतिहास, समानांतर सिनेमा और दर्शन में रही है। राजनीति और विदेश नीति पर पढ़ना-लिखना उन्हें विशेष रूप से पसंद है। इसी रुचि के चलते उन्होंने दो लोकसभा चुनावों और दर्जनों विधानसभा चुनावों की कवरेज की, जहां राजनीति को उन्होंने बेहद नजदीक से देखा और समझा। चुनावी आंकड़ों की बारीकियां, नेताओं के भाषण, जमीनी मुद्दे और जनता की प्रतिक्रियाएं, इन सभी पहलुओं को समेटते हुए उन्होंने सैकड़ों खबरें और विश्लेषण तैयार किए, जो राजनीतिक प्रक्रिया की गहरी समझ को दर्शाते हैं।
विशेषज्ञताएं
- शिक्षा, करियर और नौकरियों से जुड़ी खबरों पर विशेष रुचि और निरंतर लेखन
- नीट, जेईई और राज्यवार बोर्ड परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों, बदलावों और परिणामों पर गहन फोकस
- UPSC, UPPSC, MPPSC, BPSC, RPSC और JPSC जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं की तैयारी, पैटर्न और नीतिगत पहलुओं पर पैनी नजर
- अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम और विदेश नीति से जुड़े विषयों का विश्लेषणात्मक लेखन
- राजनीति, चुनावी आंकड़ों और जमीनी मुद्दों पर सरल और तथ्यपरक एक्सप्लेनर तैयार करने का अनुभव


