IIT जाने का रास्ता हुआ साफ! JEE Advanced 2026 का पूरा शेड्यूल, 17 मई को होगा सबसे बड़ा इम्तिहान
आईआईटी रुड़की ने जेईई एडवांस्ड 2026 का पूरा शेड्यूल जारी कर दिया है। 17 मई को होने वाली परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन, एलिजिबिलिटी और रिजल्ट की पूरी जानकारी यहां पढ़ें।

देश के लाखों युवाओं की आंखों में इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (IIT) के कैंपस में कदम रखने का बड़ा सपना होता है। सालों की जी तोड़ मेहनत, रातों की नींदे कुर्बान करना और किताबों की दुनिया में खुद को खो देना, यह सब सिर्फ उस एक दिन के लिए होता है जब उनका सामना देश के सबसे मुश्किल इम्तिहान से होता है। अगर आप भी उस मंजिल की तरफ कदम बढ़ा रहे हैं, तो अपनी कमर कस लीजिए, क्योंकि आईआईटी रुड़की (IIT Roorkee) ने जेईई एडवांस्ड 2026 (JEE Advanced 2026) का पूरा शेड्यूल जारी कर दिया है।
आईआईटी रुड़की ने इस साल परीक्षा आयोजित करने की जिम्मेदारी ली है और उन्होंने तारीखों का जो ऐलान किया है, उसके मुताबिक देश के इस सबसे प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग एंट्रेंस एग्जाम का आयोजन 17 मई 2026 को किया जाएगा। आइए, इस महा मुकाबले से जुड़ी हर एक बारीक जानकारी को आसान हिंदुस्तानी जुबान में तफ्सील से समझते हैं।
कब है परीक्षा और क्या है दोनों पेपर्स का समय?
जेईई एडवांस्ड की परीक्षा हमेशा से अपने कड़े नियमों के लिए जानी जाती है। 17 मई 2026 को यह परीक्षा एक ही दिन में दो अलग अलग शिफ्ट (Sessions) में आयोजित की जाएगी।
- पेपर 1 (Paper 1): सुबह 9 बजे से दोपहर 12 बजे तक।
- पेपर 2 (Paper 2): दोपहर 2:30 बजे से शाम 5:30 बजे तक।
सबसे अहम बात जो हर कैंडिडेट को याद रखनी है, वह यह है कि दोनों पेपर्स में शामिल होना पूरी तरह से अनिवार्य (Mandatory) है। अगर कोई भी छात्र किसी एक पेपर को छोड़ देता है या उसमें शामिल नहीं होता है, तो उसका नाम मेरिट लिस्ट के लिए बिल्कुल भी कंसीडर नहीं किया जाएगा।
रजिस्ट्रेशन की तारीखें और प्रक्रिया
अगर आप इस परीक्षा के लिए खुद को योग्य मानते हैं, तो आपको इसके रजिस्ट्रेशन की तारीखों को अपने कैलेंडर में मार्क कर लेना चाहिए:
भारतीय छात्रों के लिए: रजिस्ट्रेशन विंडो 23 अप्रैल 2026 से खुलेगी और 2 मई 2026 को बंद हो जाएगी।
विदेशी छात्रों के लिए: विदेशी नागरिक (Foreign nationals) अपना रजिस्ट्रेशन थोड़ा पहले, 6 अप्रैल से ही शुरू कर सकेंगे।
यह पूरी आवेदन प्रक्रिया (Application process) पूरी तरह से ऑनलाइन होगी। छात्रों को आधिकारिक पोर्टल jeeadv.ac.in पर जाकर अपना फॉर्म भरना होगा।
एडमिट कार्ड और एग्जाम सेंटर के सख्त नियम
तैयारी के साथ साथ परीक्षा के दिन की सावधानियां भी बेहद जरूरी हैं। छात्रों के एडमिट कार्ड (Hall Tickets) 11 मई से 17 मई 2026 के बीच डाउनलोड करने के लिए उपलब्ध रहेंगे। परीक्षा केंद्र पर जाने वाले हर छात्र को अपने एडमिट कार्ड की एक प्रिंटेड कॉपी (Hard copy) और एक वैलिड फोटो आईडी साथ लेकर जाना होगा। ध्यान रहे, मोबाइल फोन में एडमिट कार्ड की सॉफ्ट कॉपी किसी भी हाल में मंजूर नहीं की जाएगी, इसलिए प्रिंटआउट पहले से निकालकर रख लें।
कौन दे सकता है यह परीक्षा? (Eligibility Criteria)
जेईई एडवांस्ड के दरवाजे हर किसी के लिए नहीं खुलते। इसके लिए कुछ बेहद सख्त पैमाने तय किए गए हैं:
1. जेईई मेन की मेरिट: जेईई मेन 2026 (JEE Main 2026) के पेपर 1 (BE/BTech) में टॉप 2,50,000 रैंक हासिल करने वाले छात्र ही इसके लिए अप्लाई कर सकते हैं (इसमें सभी कैटेगरी शामिल हैं)।
2. अटेम्प्ट की लिमिट: कोई भी छात्र लगातार दो सालों में अधिकतम दो बार ही यह परीक्षा दे सकता है।
3. 12वीं क्लास का नियम: छात्र ने साल 2025 या 2026 में पहली बार 12वीं की परीक्षा फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ्स (PCM) के साथ पास की हो।
4. अगर किसी छात्र ने पहले कभी किसी भी आईआईटी में एडमिशन लिया है, तो वह इस परीक्षा के लिए अयोग्य (Not eligible) माना जाएगा।
आंसर की, नतीजे और आगे का रास्ता
परीक्षा खत्म होने के बाद छात्रों की धड़कनें तेज हो जाती हैं। आईआईटी रुड़की ने रिजल्ट तक का पूरा खाका खींच दिया है:
- 21 मई 2026: छात्रों की रिस्पॉन्स शीट (Candidate response sheets) जारी की जाएगी।
- 25 मई 2026: प्रोविजनल आंसर की (Provisional answer key) जारी होगी।
25 से 26 मई 2026: इस बीच छात्र किसी भी सवाल या जवाब को लेकर अपनी आपत्ति (Objections) दर्ज करा सकेंगे।
1 जून 2026: सुबह 10 बजे तक फाइनल आंसर की और नतीजे (Results) घोषित कर दिए जाएंगे।
2 जून 2026: नतीजों के ठीक अगले दिन से आईआईटी में एडमिशन के लिए जोसा (JoSAA) काउंसलिंग की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
वो सस्पेंस जो इस परीक्षा को बनाता है सबसे अलग
जेईई एडवांस्ड की सबसे बड़ी खूबसूरती और खौफ इसका 'सस्पेंस' है। हालांकि इसका सिलेबस 11वीं और 12वीं के फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ्स तक ही सीमित रहता है, लेकिन परीक्षा की मार्किंग स्कीम, अंकों का बंटवारा (Marks distribution) और सवालों की संख्या कितनी होगी, यह सब कुछ परीक्षा के दिन ही छात्रों के सामने खुलता है। यही अनिश्चितता (Unpredictability) इस एग्जाम की असली पहचान है।
9 अप्रैल को जेईई मेन का सेशन 2 खत्म हो जाएगा। इसके बाद छात्रों के पास जेईई एडवांस्ड की एक्सक्लूसिव तैयारी के लिए लगभग साढ़े पांच हफ्ते का वक्त बचेगा। अब यह वक्त है अपनी सारी ताकत झोंक देने का, क्योंकि मंजिल अब ज्यादा दूर नहीं है।
लेखक के बारे में
Himanshu Tiwariशॉर्ट बायो: हिमांशु तिवारी पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और मौजूदा वक्त में लाइव हिन्दुस्तान के करियर टीम से जुड़े हुए हैं।
परिचय एवं अनुभव
हिमांशु तिवारी डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया का एक जाना-पहचाना नाम हैं। बीते 10 सालों से वह लगातार पत्रकारिता में सक्रिय हैं और इस वक्त लाइव हिन्दुस्तान में चीफ सब एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं और बीते 3 साल से वह इस संस्थान से जुड़े हैं। शिक्षा, करियर, नौकरियों, नीट, जेईई, बैंकिंग, एसएससी और यूपीएससी, यूपीपीएससी, बीपीएससी और आरपीएससी जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों पर उनकी खास पकड़ मानी जाती है। हिमांशु ने साल 2016 में पत्रकारिता की शुरुआत एबीपी न्यूज के डिजिटल प्लेटफॉर्म से किया। इसके बाद वह इंडिया टीवी और जी न्यूज (डीएनए) जैसे बड़े न्यूज चैनलों के डिजिटल प्लेटफॉर्म का भी हिस्सा रह चुके हैं। हिमांशु तिवारी सिर्फ पत्रकार नहीं, बल्कि एक सजग पाठक और आजीवन विद्यार्थी हैं, उनकी यही खूबी उनके कार्य में परिलक्षित होती है। उनका मानना है कि इन परीक्षाओं से जुड़ी सही और समय पर जानकारी लाखों युवाओं के भविष्य को दिशा दे सकती है, इसलिए वह इस बीट को सिर्फ खबर नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी की तरह देखते हैं।
लेखन की सोच और मकसद
हिमांशु के लिए पत्रकारिता का मतलब सिर्फ सूचना देना नहीं है, बल्कि पाठक को सोचने की जगह देना भी है। खासकर करियर और शिक्षा के क्षेत्र में वह यह मानते हैं कि एक गलत या अधूरी खबर किसी छात्र की पूरी तैयारी को भटका सकती है। इसलिए उनके लेखन में सरल भाषा, ठोस तथ्य और व्यावहारिक नजरिया हमेशा प्राथमिकता में रहता है। उनकी कोशिश रहती है कि पाठक को सिर्फ खबर की जानकारी ही न हो, बल्कि यह भी समझ आए कि उस खबर का उसके जीवन और भविष्य से क्या रिश्ता है।
शिक्षा और अकादमिक पृष्ठभूमि
हिमांशु मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से ताल्लुक रखते हैं। उन्होंने कलकत्ता विश्वविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई की और फिर जामिया मिलिया इस्लामिया, नई दिल्ली से पत्रकारिता के गुर सीखे। जामिया में मिली ट्रेनिंग ने उन्हें यह समझ दी कि पत्रकारिता सिर्फ तेज खबर लिखने का नाम नहीं, बल्कि तथ्यों की जांच, संदर्भ की समझ और संतुलित नजरिए से बात रखने की कला है।
रुचियां और निजी झुकाव
काम से इतर हिमांशु की गहरी रुचि समकालीन इतिहास, समानांतर सिनेमा और दर्शन में रही है। राजनीति और विदेश नीति पर पढ़ना-लिखना उन्हें विशेष रूप से पसंद है। इसी रुचि के चलते उन्होंने दो लोकसभा चुनावों और दर्जनों विधानसभा चुनावों की कवरेज की, जहां राजनीति को उन्होंने बेहद नजदीक से देखा और समझा। चुनावी आंकड़ों की बारीकियां, नेताओं के भाषण, जमीनी मुद्दे और जनता की प्रतिक्रियाएं, इन सभी पहलुओं को समेटते हुए उन्होंने सैकड़ों खबरें और विश्लेषण तैयार किए, जो राजनीतिक प्रक्रिया की गहरी समझ को दर्शाते हैं।
विशेषज्ञताएं
- शिक्षा, करियर और नौकरियों से जुड़ी खबरों पर विशेष रुचि और निरंतर लेखन
- नीट, जेईई और राज्यवार बोर्ड परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों, बदलावों और परिणामों पर गहन फोकस
- UPSC, UPPSC, MPPSC, BPSC, RPSC और JPSC जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं की तैयारी, पैटर्न और नीतिगत पहलुओं पर पैनी नजर
- अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम और विदेश नीति से जुड़े विषयों का विश्लेषणात्मक लेखन
- राजनीति, चुनावी आंकड़ों और जमीनी मुद्दों पर सरल और तथ्यपरक एक्सप्लेनर तैयार करने का अनुभव


