JEE Advanced 2026 के बाद शुरू हुआ इंतजार, कब आएगी Answer Key; रिजल्ट-काउंसलिंग पर क्या अपडेट
JEE Advanced 2026 परीक्षा के बाद आईआईटी रुड़की ने आंसर की, रिस्पॉन्स शीट, रिजल्ट का पूरा शेड्यूल जारी किया। जानिए सभी जरूरी तारीखें।

देशभर के अलग अलग शहरों में रविवार 17 मई को JEE Advanced 2026 परीक्षा आयोजित की गई। इस बार परीक्षा आयोजित कराने की जिम्मेदारी आईआईटी रुड़की के पास थी। पेपर खत्म होते ही अब लाखों छात्रों की नजर आंसर की, रिस्पॉन्स शीट, रिजल्ट और आईआईटी में दाखिले के प्रॉसेस पर टिक गई है। JEE Advanced देश की सबसे कठिन इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं में गिनी जाती है। इसी परीक्षा के जरिए देश के प्रतिष्ठित IIT संस्थानों में दाखिला मिलता है। इस बार भी परीक्षा के बाद सोशल मीडिया और छात्र समूहों में पेपर के कठिनाई स्तर और संभावित कटऑफ को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
आईआईटी रुड़की ने जारी किया पूरा पोस्ट एग्जाम शेड्यूल
परीक्षा खत्म होने के साथ ही आईआईटी रुड़की ने आधिकारिक पोर्टल पर आगे की प्रक्रिया का पूरा कार्यक्रम साझा कर दिया है। इसमें रिस्पॉन्स शीट, प्रोविजनल आंसर की, फाइनल आंसर की और रिजल्ट से जुड़ी सभी महत्वपूर्ण तारीखें शामिल हैं। सबसे पहले छात्रों की रिस्पॉन्स शीट जारी होगी ताकि वे देख सकें कि परीक्षा में उन्होंने कौन से जवाब दर्ज किए थे। इसके बाद प्रोविजनल आंसर की जारी की जाएगी, जिस पर छात्र आपत्ति भी दर्ज करा सकेंगे।
कब जारी होगी रिस्पॉन्स शीट और आंसर की
JEE Advanced 2026 में पेपर 1 और पेपर 2 देने वाले उम्मीदवारों की रिस्पॉन्स शीट 21 मई 2026 को शाम 5 बजे जारी की जाएगी। इसके बाद 25 मई 2026 सुबह 10 बजे प्रोविजनल आंसर की जारी होगी। अगर किसी छात्र को आंसर की में किसी सवाल या उत्तर पर आपत्ति होती है तो वह 25 मई से 26 मई 2026 शाम 5 बजे तक फीडबैक विंडो के जरिए अपनी आपत्ति दर्ज करा सकेगा। सभी आपत्तियों की जांच के बाद फाइनल आंसर की 1 जून 2026 सुबह 10 बजे जारी की जाएगी। इसके बाद किसी तरह का बदलाव स्वीकार नहीं किया जाएगा।
रिजल्ट और ऑल इंडिया रैंक कब आएगी
JEE Advanced 2026 का रिजल्ट 1 जून 2026 को घोषित किया जाएगा। इसी दिन छात्रों की कैटेगरी वाइज ऑल इंडिया यानी AIR भी जारी होगी। रैंक तैयार करते समय फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ्स के कुल अंकों को आधार बनाया जाएगा। IIT में सीट मिलने का सबसे बड़ा आधार यही रैंक होगी। हर साल की तरह इस बार भी अच्छी AIR पाने वाले छात्रों के बीच कंप्यूटर साइंस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसी ब्रांचों की सबसे ज्यादा मांग रहने की संभावना है।
बीआर्क में दाखिले के लिए देनी होगी एएटी परीक्षा
जो छात्र आईआईटी में बीआर्क पाठ्यक्रम में दाखिला लेना चाहते हैं, उन्हें एएटी यानी आर्किटेक्चर एप्टीट्यूड टेस्ट भी देना होगा। यह परीक्षा आईआईटी बीएचयू वाराणसी, आईआईटी खड़गपुर और आईआईटी रुड़की में बीआर्क प्रवेश के लिए जरूरी है। एएटी के लिए पंजीकरण 1 जून से 2 जून 2026 तक होगा। परीक्षा 4 जून को आयोजित की जाएगी और इसका परिणाम 7 जून को जारी होगा। इस परीक्षा में अलग से रैंक नहीं दी जाती। छात्रों को सिर्फ उत्तीर्ण होना होता है।
काउंसलिंग से मिलेगा आईआईटी में दाखिला
जेईई एडवांस रिजल्ट आने के बाद जोसा काउंसलिंग शुरू होगी। इसी प्रक्रिया के जरिए आईआईटी, एनआईटी और दूसरे संस्थानों में सीटें आवंटित की जाएंगी। छात्रों को ऑनलाइन जाकर अपनी पसंद के कॉलेज और शाखा भरनी होगी। सीट आवंटन जेईई एडवांस रैंक, श्रेणी और सीटों की उपलब्धता के आधार पर होगा। आईआईटी में दाखिले के लिए छात्रों को 12वीं में कम से कम 75 प्रतिशत अंक लाने होंगे। वहीं एससी, एसटी और दिव्यांग छात्रों के लिए यह सीमा 65 प्रतिशत तय की गई है।
लेखक के बारे में
Himanshu Tiwariशॉर्ट बायो: हिमांशु तिवारी पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और मौजूदा वक्त में लाइव हिन्दुस्तान के करियर टीम से जुड़े हुए हैं।
परिचय एवं अनुभव
हिमांशु तिवारी डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया का एक जाना-पहचाना नाम हैं। बीते 10 सालों से वह लगातार पत्रकारिता में सक्रिय हैं और इस वक्त लाइव हिन्दुस्तान में चीफ सब एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं और बीते 3 साल से वह इस संस्थान से जुड़े हैं। शिक्षा, करियर, नौकरियों, नीट, जेईई, बैंकिंग, एसएससी और यूपीएससी, यूपीपीएससी, बीपीएससी और आरपीएससी जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों पर उनकी खास पकड़ मानी जाती है। हिमांशु ने साल 2016 में पत्रकारिता की शुरुआत एबीपी न्यूज के डिजिटल प्लेटफॉर्म से किया। इसके बाद वह इंडिया टीवी और जी न्यूज (डीएनए) जैसे बड़े न्यूज चैनलों के डिजिटल प्लेटफॉर्म का भी हिस्सा रह चुके हैं। हिमांशु तिवारी सिर्फ पत्रकार नहीं, बल्कि एक सजग पाठक और आजीवन विद्यार्थी हैं, उनकी यही खूबी उनके कार्य में परिलक्षित होती है। उनका मानना है कि इन परीक्षाओं से जुड़ी सही और समय पर जानकारी लाखों युवाओं के भविष्य को दिशा दे सकती है, इसलिए वह इस बीट को सिर्फ खबर नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी की तरह देखते हैं।
लेखन की सोच और मकसद
हिमांशु के लिए पत्रकारिता का मतलब सिर्फ सूचना देना नहीं है, बल्कि पाठक को सोचने की जगह देना भी है। खासकर करियर और शिक्षा के क्षेत्र में वह यह मानते हैं कि एक गलत या अधूरी खबर किसी छात्र की पूरी तैयारी को भटका सकती है। इसलिए उनके लेखन में सरल भाषा, ठोस तथ्य और व्यावहारिक नजरिया हमेशा प्राथमिकता में रहता है। उनकी कोशिश रहती है कि पाठक को सिर्फ खबर की जानकारी ही न हो, बल्कि यह भी समझ आए कि उस खबर का उसके जीवन और भविष्य से क्या रिश्ता है।
शिक्षा और अकादमिक पृष्ठभूमि
हिमांशु मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से ताल्लुक रखते हैं। उन्होंने कलकत्ता विश्वविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई की और फिर जामिया मिलिया इस्लामिया, नई दिल्ली से पत्रकारिता के गुर सीखे। जामिया में मिली ट्रेनिंग ने उन्हें यह समझ दी कि पत्रकारिता सिर्फ तेज खबर लिखने का नाम नहीं, बल्कि तथ्यों की जांच, संदर्भ की समझ और संतुलित नजरिए से बात रखने की कला है।
रुचियां और निजी झुकाव
काम से इतर हिमांशु की गहरी रुचि समकालीन इतिहास, समानांतर सिनेमा और दर्शन में रही है। राजनीति और विदेश नीति पर पढ़ना-लिखना उन्हें विशेष रूप से पसंद है। इसी रुचि के चलते उन्होंने दो लोकसभा चुनावों और दर्जनों विधानसभा चुनावों की कवरेज की, जहां राजनीति को उन्होंने बेहद नजदीक से देखा और समझा। चुनावी आंकड़ों की बारीकियां, नेताओं के भाषण, जमीनी मुद्दे और जनता की प्रतिक्रियाएं, इन सभी पहलुओं को समेटते हुए उन्होंने सैकड़ों खबरें और विश्लेषण तैयार किए, जो राजनीतिक प्रक्रिया की गहरी समझ को दर्शाते हैं।
विशेषज्ञताएं
- शिक्षा, करियर और नौकरियों से जुड़ी खबरों पर विशेष रुचि और निरंतर लेखन
- नीट, जेईई और राज्यवार बोर्ड परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों, बदलावों और परिणामों पर गहन फोकस
- UPSC, UPPSC, MPPSC, BPSC, RPSC और JPSC जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं की तैयारी, पैटर्न और नीतिगत पहलुओं पर पैनी नजर
- अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम और विदेश नीति से जुड़े विषयों का विश्लेषणात्मक लेखन
- राजनीति, चुनावी आंकड़ों और जमीनी मुद्दों पर सरल और तथ्यपरक एक्सप्लेनर तैयार करने का अनुभव


