IPS Jandeep Kaur Tiwana: सिर्फ खूबसूरती ही नहीं, पंजाब की इस बेटी की संघर्ष की कहानी भी जीत लेगी दिल
पंजाब की जनदीप कौर तिवाना नौकरी के साथ रात में पढ़ाई करके यूपीएससी में 147वीं रैंक लाईं, अब उनकी वायरल तस्वीरों से चर्चा में हैं।

ips jandeep kaur tiwana success story: समुद्र किनारे की कुछ तस्वीरें, चेहरे पर आत्मविश्वास से भरी मुस्कान और सोशल मीडिया पर लाइक-कमेंट की झड़ी... बस इतना ही काफी था IPS अफसर जनदीप कौर तिवाना को रातों-रात चर्चा में लाने के लिए। पिछले कुछ दिनों से उनकी खूबसूरत तस्वीरें इंटरनेट पर जमकर वायरल हो रही हैं, और लोग उनकी तारीफ करते नहीं थक रहे। लेकिन जैसे-जैसे उनके फोटो शेयर होते गए, वैसे-वैसे उनकी असली कहानी भी सामने आने लगी - और यही कहानी असल में दिलचस्प है। यह सिर्फ खूबसूरती की बात नहीं, बल्कि एक ऐसी लड़की के जज्बे की दास्तान है जिसने दिन में दफ्तर की फाइलें निपटाईं और रात में किताबों के सहारे अपना सपना बुना।
जनदीप कौर इन दिनों तेलंगाना के हैदराबाद स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल राष्ट्रीय पुलिस अकादमी (SVPNPA) में अपनी ट्रेनिंग पूरी कर रही हैं। वे मूल रूप से पंजाब के फतेहगढ़ साहिब जिले की रहने वाली हैं। उनका गांव है चनार्थल खुर्द है जहां वे पली-बढ़ीं और दसवीं तक की पढ़ाई भी वहीं से पूरी की। इसके बाद उन्होंने थापर यूनिवर्सिटी से इलेक्ट्रॉनिक्स इंस्ट्रुमेंटेशन एंड कंट्रोल में बीटेक की डिग्री हासिल की। इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करने के बाद बहुत से लोग नौकरी की तलाश में लग जाते हैं पर जनदीप के दिमाग में तभी से देश की सबसे कठिन परीक्षा यानी यूपीएससी घूमने लगी थी।
मंजिल था आईपीएस बनना
शुरुआत आसान नहीं रही। बिना किसी खास तैयारी के उन्होंने पहली बार यूपीएससी का इम्तिहान दिया, मगर नतीजा उनके हक में नहीं आया। यह झटका किसी को भी तोड़ सकता था लेकिन जनदीप ने हार मानने के बजाय रास्ता बदला। 2018 में उन्होंने एसएससी सीजीएल परीक्षा दी और पूरे देश में 68वीं रैंक हासिल करके इनकम टैक्स इंस्पेक्टर बन गईं। नौकरी अच्छी थी, स्थिरता भी थी, मगर मन कहीं और था। असली मंजिल तो आईपीएस बनना था, और यही वजह थी कि उन्होंने यूपीएससी की तैयारी कभी छोड़ी नहीं।
यूट्यूब पर लेक्चर सुनना बनाई आदत
दिलचस्प बात यह है कि इनकम टैक्स विभाग में काम करते हुए जब उनका सामना आईआरएस अधिकारियों से हुआ, तो वहीं से उन्हें दोबारा यूपीएससी की तैयारी में जुटने की प्रेरणा मिली। मगर दिक्कत यह थी कि दिन भर दफ्तर की ड्यूटी निभानी होती थी, ऐसे में ऑफलाइन कोचिंग जॉइन करना मुमकिन नहीं था। जनदीप ने इसका भी तोड़ निकाल लिया। उन्होंने पूरे सिलेबस को पांच से छह हिस्सों में बांट डाला और रात के समय यूट्यूब और तमाम ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की मदद से पढ़ाई शुरू कर दी। हर रात दफ्तर से थकी-हारी लौटने के बाद भी किताबों से नाता नहीं तोड़ा, यूट्यूब पर लेक्चर सुनना और नोट्स बनाना उनकी रोज की आदत बन गई।
रंग लाई मेहनत
मेहनत आखिरकार रंग लाई। यूपीएससी 2024 की परीक्षा में जनदीप कौर तिवाना ने ऑल इंडिया 147वीं रैंक हासिल की और आईपीएस अधिकारी बनने का अपना सपना साकार कर दिखाया। नौकरी करते हुए, बिना कोचिंग के, सिर्फ रात के घंटों में पढ़ाई करके यह मुकाम हासिल करना आसान नहीं था, लेकिन जनदीप ने साबित कर दिया कि अगर इरादा पक्का हो तो हालात कोई भी हों, मंज़िल दूर नहीं रहती।
आज जब उनकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं, तो लोग सिर्फ उनकी खूबसूरती की तारीफ नहीं कर रहे, बल्कि उनके संघर्ष को भी सलाम कर रहे हैं। नौकरी और पढ़ाई के बीच तालमेल बिठाना, बार-बार असफलता के बाद भी हिम्मत न हारना और आखिरकार अपने दम पर मंजिल तक पहुंचना, जनदीप कौर तिवाना की यह कहानी उन तमाम युवाओं के लिए मिसाल बन गई है जो नौकरी करते हुए बड़े सपने देखने से डरते हैं।


