IGNOU BEd एडमिशन 2026 शुरू, 27 फरवरी तक मौका; घर बैठे ऐसे भरें फॉर्म
शिक्षक बनने का सपना देख रहे उम्मीदवारों के लिए सुनहरा मौका है। समय रहते आवेदन करें और अपने सपने को दिशा दें।

IGNOU BEd Admission 2026: शिक्षा के क्षेत्र में करियर बनाने का सपना देखने वाले युवाओं के लिए बड़ी खबर सामने आई है। Indira Gandhi National Open University ने बीएड कार्यक्रम 2026 के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। अब इच्छुक उम्मीदवार बिना किसी भागदौड़ के अपने घर से ही ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। विश्वविद्यालय ने आवेदन की अंतिम तिथि 27 फरवरी 2026 तय की है, इसलिए अभ्यर्थियों को सलाह दी जा रही है कि वे समय रहते फॉर्म भर लें ताकि आखिरी समय की तकनीकी दिक्कतों से बचा जा सके।
बीएड कोर्स उन छात्रों के लिए बेहद अहम माना जाता है जो भविष्य में स्कूल स्तर पर अध्यापन करना चाहते हैं। यह कार्यक्रम न सिर्फ शिक्षण की बुनियादी समझ देता है बल्कि कक्षा प्रबंधन, बाल मनोविज्ञान, शिक्षण पद्धति और मूल्यांकन जैसे जरूरी पहलुओं की गहरी जानकारी भी प्रदान करता है। दूरस्थ शिक्षा प्रणाली के जरिए चलने वाला यह कोर्स नौकरीपेशा लोगों और ग्रामीण इलाकों के छात्रों के लिए भी बेहद सुविधाजनक साबित होता है।
क्या होनी चाहिए योग्यता?
आवेदन के लिए पात्रता की बात करें तो उम्मीदवार के पास विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, वाणिज्य या मानविकी विषयों में स्नातक या परास्नातक की डिग्री होना जरूरी है और उसमें कम से कम 50 प्रतिशत अंक होने चाहिए। वहीं इंजीनियरिंग या प्रौद्योगिकी पृष्ठभूमि से आने वाले अभ्यर्थियों के लिए विज्ञान और गणित में विशेषज्ञता के साथ न्यूनतम 55 प्रतिशत अंक अनिवार्य रखे गए हैं। विश्वविद्यालय द्वारा मान्यता प्राप्त समकक्ष योग्यता वाले उम्मीदवार भी आवेदन कर सकते हैं।
आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों को नियमों के अनुसार अंकों में छूट दी गई है। अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग (नॉन क्रीमी लेयर) तथा दिव्यांग श्रेणी के उम्मीदवारों के लिए न्यूनतम अंकों की सीमा 45 प्रतिशत निर्धारित की गई है। यह प्रावधान शिक्षा में समान अवसर सुनिश्चित करने के उद्देश्य से रखा गया है, ताकि ज्यादा से ज्यादा अभ्यर्थी शिक्षक प्रशिक्षण से जुड़ सकें।
कैसे करें आवेदन?
आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन रखी गई है, जिससे देश के किसी भी हिस्से से उम्मीदवार आसानी से फॉर्म भर सकते हैं। सबसे पहले अभ्यर्थियों को विश्वविद्यालय के बीएड प्रवेश पोर्टल पर जाना होगा। वहां होम पेज पर दिखाई देने वाले बीएड आवेदन लिंक पर क्लिक करके पंजीकरण करना होगा। पंजीकरण के दौरान ईमेल आईडी और मोबाइल नंबर दर्ज करना अनिवार्य होगा, क्योंकि आगे की सारी जानकारी इसी माध्यम से भेजी जाएगी।
इसके बाद उम्मीदवारों को अपनी व्यक्तिगत जानकारी, शैक्षणिक योग्यता और अन्य जरूरी विवरण सावधानीपूर्वक भरने होंगे। आवेदन करते समय पासपोर्ट आकार की फोटो, हस्ताक्षर और आवश्यक दस्तावेज निर्धारित प्रारूप और आकार में अपलोड करने होंगे। सभी विवरण सही तरीके से भरने के बाद आवेदन शुल्क का भुगतान ऑनलाइन माध्यम से किया जाएगा। प्रक्रिया पूरी होने के बाद अभ्यर्थियों को अपने भरे हुए आवेदन पत्र की प्रति डाउनलोड करके सुरक्षित रखनी चाहिए, ताकि भविष्य में जरूरत पड़ने पर उसका उपयोग किया जा सके।
न करें अंतिम तिथी का इंतजार?
विश्वविद्यालय की ओर से साफ कहा गया है कि आवेदन की अंतिम तिथि का इंतजार न करें। अक्सर अंतिम दिनों में वेबसाइट पर अधिक भार होने से तकनीकी समस्या आ सकती है, जिससे फॉर्म भरने में परेशानी होती है। समय से पहले आवेदन करने पर उम्मीदवार निश्चिंत रह सकते हैं और अपनी तैयारी पर पूरा ध्यान दे सकते हैं।
बीएड कार्यक्रम का महत्व आज के समय में और भी बढ़ गया है, क्योंकि नई शिक्षा नीतियों और बदलते पाठ्यक्रम ढांचे के साथ प्रशिक्षित शिक्षकों की मांग तेजी से बढ़ रही है। ऐसे में यह कोर्स न केवल रोजगार के नए अवसर खोलता है बल्कि शिक्षा व्यवस्था में गुणवत्तापूर्ण बदलाव लाने का रास्ता भी तैयार करता है। दूरस्थ माध्यम से संचालित होने के कारण यह उन लोगों के लिए भी उपयोगी है जो नौकरी या अन्य जिम्मेदारियों के साथ पढ़ाई जारी रखना चाहते हैं।
आवेदन विंडो बंद होने के बाद विश्वविद्यालय पात्र उम्मीदवारों को प्रवेश प्रक्रिया के अगले चरणों की जानकारी अलग से जारी करेगा। इसलिए अभ्यर्थियों को अपने पंजीकृत ईमेल और मोबाइल संदेशों पर नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है।

लेखक के बारे में
Himanshu Tiwariशॉर्ट बायो: हिमांशु तिवारी पिछले 10 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और मौजूदा वक्त में लाइव हिन्दुस्तान के करियर टीम से जुड़े हुए हैं।
परिचय एवं अनुभव
हिमांशु तिवारी डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया का एक जाना-पहचाना नाम हैं। बीते 10 सालों से वह लगातार पत्रकारिता में सक्रिय हैं और इस वक्त लाइव हिन्दुस्तान में चीफ सब एडिटर के तौर पर काम कर रहे हैं और बीते 3 साल से वह इस संस्थान से जुड़े हैं। शिक्षा, करियर, नौकरियों, नीट, जेईई, बैंकिंग, एसएससी और यूपीएससी, यूपीपीएससी, बीपीएससी और आरपीएससी जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों पर उनकी खास पकड़ मानी जाती है। हिमांशु ने साल 2016 में पत्रकारिता की शुरुआत एबीपी न्यूज के डिजिटल प्लेटफॉर्म से किया। इसके बाद वह इंडिया टीवी और जी न्यूज (डीएनए) जैसे बड़े न्यूज चैनलों के डिजिटल प्लेटफॉर्म का भी हिस्सा रह चुके हैं। हिमांशु तिवारी सिर्फ पत्रकार नहीं, बल्कि एक सजग पाठक और आजीवन विद्यार्थी हैं, उनकी यही खूबी उनके कार्य में परिलक्षित होती है। उनका मानना है कि इन परीक्षाओं से जुड़ी सही और समय पर जानकारी लाखों युवाओं के भविष्य को दिशा दे सकती है, इसलिए वह इस बीट को सिर्फ खबर नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी की तरह देखते हैं।
लेखन की सोच और मकसद
हिमांशु के लिए पत्रकारिता का मतलब सिर्फ सूचना देना नहीं है, बल्कि पाठक को सोचने की जगह देना भी है। खासकर करियर और शिक्षा के क्षेत्र में वह यह मानते हैं कि एक गलत या अधूरी खबर किसी छात्र की पूरी तैयारी को भटका सकती है। इसलिए उनके लेखन में सरल भाषा, ठोस तथ्य और व्यावहारिक नजरिया हमेशा प्राथमिकता में रहता है। उनकी कोशिश रहती है कि पाठक को सिर्फ खबर की जानकारी ही न हो, बल्कि यह भी समझ आए कि उस खबर का उसके जीवन और भविष्य से क्या रिश्ता है।
शिक्षा और अकादमिक पृष्ठभूमि
हिमांशु मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से ताल्लुक रखते हैं। उन्होंने कलकत्ता विश्वविद्यालय से स्नातक की पढ़ाई की और फिर जामिया मिलिया इस्लामिया, नई दिल्ली से पत्रकारिता के गुर सीखे। जामिया में मिली ट्रेनिंग ने उन्हें यह समझ दी कि पत्रकारिता सिर्फ तेज खबर लिखने का नाम नहीं, बल्कि तथ्यों की जांच, संदर्भ की समझ और संतुलित नजरिए से बात रखने की कला है।
रुचियां और निजी झुकाव
काम से इतर हिमांशु की गहरी रुचि समकालीन इतिहास, समानांतर सिनेमा और दर्शन में रही है। राजनीति और विदेश नीति पर पढ़ना-लिखना उन्हें विशेष रूप से पसंद है। इसी रुचि के चलते उन्होंने दो लोकसभा चुनावों और दर्जनों विधानसभा चुनावों की कवरेज की, जहां राजनीति को उन्होंने बेहद नजदीक से देखा और समझा। चुनावी आंकड़ों की बारीकियां, नेताओं के भाषण, जमीनी मुद्दे और जनता की प्रतिक्रियाएं, इन सभी पहलुओं को समेटते हुए उन्होंने सैकड़ों खबरें और विश्लेषण तैयार किए, जो राजनीतिक प्रक्रिया की गहरी समझ को दर्शाते हैं।
विशेषज्ञताएं
- शिक्षा, करियर और नौकरियों से जुड़ी खबरों पर विशेष रुचि और निरंतर लेखन
- नीट, जेईई और राज्यवार बोर्ड परीक्षाओं से जुड़े मुद्दों, बदलावों और परिणामों पर गहन फोकस
- UPSC, UPPSC, MPPSC, BPSC, RPSC और JPSC जैसी सिविल सेवा परीक्षाओं की तैयारी, पैटर्न और नीतिगत पहलुओं पर पैनी नजर
- अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम और विदेश नीति से जुड़े विषयों का विश्लेषणात्मक लेखन
- राजनीति, चुनावी आंकड़ों और जमीनी मुद्दों पर सरल और तथ्यपरक एक्सप्लेनर तैयार करने का अनुभव




