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12वीं पास कमर्शियल पायलट कैसे बनें, कहां से करें कोर्स और ट्रेनिंग

12वीं पास कमर्शियल पायलट कैसे बनें, कहां से करें कोर्स और ट्रेनिंग

संक्षेप:

कमर्शियल पायलट बनने के लिए 10+2 में पीसीएम जरूरी है। इसके बाद भारत सरकार की संस्था डीजीसीए (डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन) से क्लास 1 मेडिकल फिटनेस सर्टिफिकेट लेना होता है।

Dec 15, 2025 01:23 pm ISTPankaj Vijay लाइव हिन्दुस्तान, आशीष आदर्श, नई दिल्ली
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एविएशन में आई इस उथल-पुथल का मुख्य कारण भारत सरकार द्वारा निर्धारित मापदंडों को विमान कंपनी द्वारा समय पर नहीं पूरा करना है। कंपनियां पायलटों से तय सीमा से ज्यादा काम ले रही थीं। इस कारण सरकार की सख्ती से अचानक यह स्थिति उत्पन्न हुई। अब तमाम कंपनियों को सरकार के नियमों का पालन करने के लिए बड़ी संख्या में पायलट और क्रू मेंबरों की भर्ती करनी होगी। अतः कमर्शियल पायलट के रूप में आपको अनेक अवसर प्राप्त होंगे।

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बोलचाल की भाषा में हम जिन्हें पायलट कहते हैं, वे दरअसल कमर्शियल पायलट होते हैं, जो पैसेंजर, कार्गो या चार्टर उड़ानों को उड़ाने के लिए विभिन्न एयरलाइन में काम करते हैं। कमर्शियल पायलट के मुख्य कामों में विमान को सुरक्षित और समय पर उड़ाना,यात्रियों और क्रू की सुरक्षा का ध्यान रखना, मौसम, नेविगेशन और एयर ट्रैफिक कंट्रोल के निर्देशों का पालन करना, उड़ान से पहले और बाद में विमान की जांच करना इत्यादि कार्य शामिल हैं। कमर्शियल पायलट के तौर पर आपको एयर इंडिया, इंडिगो, अकासा, स्पाइसजेट, एयर एशिया जैसी कंपनियों और भारत में ऑपरेट होने वाली तमाम अन्य एअरलाइंस में नौकरी मिल सकती है। इस राह में कुछ चुनौतियां भी हैं, जैसे -

●शारीरिक रूप से फिट हो। विजन 6/6 हो।

●आर्थिक रूप से मजबूत होना जरूरी है, क्योंकि इसकी ट्रेनिंग अत्यधिक महंगी होती है ।

अनिवार्य योग्यताएं

●10+2 में पीसीएम जरूरी है। इसके बाद भारत सरकार की संस्था डीजीसीए (डायरेक्टोरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन) से क्लास 1 मेडिकल फिटनेस सर्टिफिकेट लेना होता है।

●मान्यता प्राप्त फ्लाइंग स्कूल में दाखिला लें, जहां से कमर्शियल पायलट लाइसेंस का प्रशिक्षण लेंगे। प्रशिक्षण के दौरान दो मुख्य हिस्से होते हैं - ग्राउंड ट्रेनिंग और फ्लाइंग ट्रेनिंग। ग्राउंड ट्रेनिंग में एयर नेविगेशन, मौसम विज्ञान, एविएशन रेगुलेशन्स और तकनीकी विषय पढ़ाए जाते हैं।

●फ्लाइंग ट्रेनिंग में वास्तविक विमान उड़ाने का अभ्यास कराया जाता है। लगभग 200 घंटे की उड़ान पूरी करनी होती है, जिसके बाद सीपीएल यानी कमर्शियल पायलट लाइसेंस मिलता है।

●मान्यता प्राप्त पायलट ट्रेनिंग इंस्टिट्यूट की जानकारी के लिए वेबसाइट dgca.gov.in पर लॉगइन करें। इसके अंतर्गत Personnel ऑप्शन पर क्लिक करें। यहां इंस्टीट्यूट और परीक्षा की पूरी जानकारी मिल जाएगी।

Pankaj Vijay

लेखक के बारे में

Pankaj Vijay
पंकज विजय लाइव हिन्दुस्तान में डिप्टी न्यूज एडिटर हैं। यहां वह करियर, एजुकेशन, जॉब्स से जुड़ी खबरें देखते हैं। पंकज को पत्रकारिता में डेढ़ दशक से ज्यादा का अनुभव है। लाइव हिन्दुस्तान के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने एनडीटीवी डिजिटल, आजतक डिजिटल, अमर उजाला समाचार पत्र में काम किया। करियर-एजुकेशन-जॉब्स के अलावा वह विभिन्न संस्थानों में देश-विदेश, राजनीति, रिसर्च व धर्म से जुड़ी बीट पर भी काम कर चुके हैं। भारतीय जनसंचार संस्थान (आईआईएमसी), दिल्ली से हिन्दी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा व डीयू से इतिहास में बीए ऑनर्स किया है। और पढ़ें
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