
Delhi-NCR School Closed: प्रदूषण के कारण आज 19 जनवरी को स्कूल बंद, ऑनलाइन चलेगी पढ़ाई
Delhi-NCR School Closed: बढ़ते प्रदूषण और धुंध के कारण बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने आज, 19 जनवरी 2026 को दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम और गाजियाबाद के स्कूलों को बंद रखने का निर्णय लिया है।
Delhi-NCR School Closed: दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) में वायु प्रदूषण का स्तर एक बार फिर बेहद खतरनाक श्रेणी में पहुंच गया है। बढ़ते प्रदूषण और धुंध के कारण बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने आज, 19 जनवरी 2026 को दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम और गाजियाबाद के स्कूलों को बंद रखने का निर्णय लिया है। ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) के चौथे चरण (Stage 4) की पाबंदियां लागू होने के बाद अब अधिकांश स्कूलों में कक्षाएं ऑनलाइन मोड में संचालित की जा रही हैं।
GRAP-4 की पाबंदियां और स्कूलों पर असर
वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) के 'बेहद गंभीर' श्रेणी में पहुंचने के कारण दिल्ली-एनसीआर में GRAP-4 लागू कर दिया गया है। इस चरण के तहत सबसे कड़ा कदम उठाते हुए शारीरिक रूप से स्कूल जाने पर रोक लगा दी गई है।
ऑनलाइन कक्षाएं: प्रशासन ने स्कूलों को निर्देश दिया है कि वे बच्चों की पढ़ाई का नुकसान न होने दें और नियमित कक्षाओं को डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से जारी रखें।
कक्षाओं का निर्धारण: फिलहाल कक्षा 9वीं और 11वीं तक के छात्रों के लिए स्कूलों को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। हालांकि, बोर्ड परीक्षाओं (10वीं और 12वीं) को देखते हुए उनके लिए कुछ विशेष दिशा-निर्देश जारी किए जा सकते हैं, लेकिन स्वास्थ्य जोखिम को देखते हुए उन्हें भी घर पर रहने की सलाह दी गई है।
विभिन्न शहरों की स्थिति
दिल्ली: मुख्यमंत्री कार्यालय और शिक्षा विभाग ने स्पष्ट किया है कि जब तक AQI में सुधार नहीं होता, तब तक स्कूल बंद रहेंगे। बाहरी गतिविधियों पर पूरी तरह प्रतिबंध है।
नोएडा और गाजियाबाद: उत्तर प्रदेश प्रशासन ने भी दिल्ली के बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए NCR क्षेत्र के स्कूलों को बंद करने का आदेश जारी किया है।
गुरुग्राम और फरीदाबाद: हरियाणा सरकार ने स्थानीय जिलाधिकारियों को स्थिति के अनुसार स्कूलों में छुट्टी घोषित करने या ऑनलाइन मोड पर शिफ्ट करने के अधिकार दिए हैं।
छात्रों और अभिभावकों के लिए सलाह
विशेषज्ञों का कहना है कि हवा में जहरीले कणों (PM 2.5) की अधिकता बच्चों के फेफड़ों के लिए हानिकारक हो सकती है। प्रशासन ने ये सावधानियां बरतने को कहा है:
बच्चों को सुबह और शाम के समय बाहर न निकलने दें।
घरों के अंदर एयर प्यूरीफायर का उपयोग करें और खिड़की-दरवाजे बंद रखें।
ऑनलाइन क्लास के दौरान स्क्रीन टाइम और आंखों के आराम का ध्यान रखें।
आगे क्या?
पर्यावरण विभाग और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड स्थिति की निरंतर समीक्षा कर रहे हैं। यदि हवा की गुणवत्ता में सुधार होता है, तो GRAP की पाबंदियों में ढील दी जा सकती है। फिलहाल, 19 जनवरी को स्कूल बंद रहेंगे और छात्र लैपटॉप व मोबाइल के जरिए अपनी शिक्षा जारी रखेंगे।





