
अमेरिका से मिली इस भारतीय कंपनी को बड़ी खुशखबरी, शेयर में लगा 20% का अपर सर्किट
यह उछाल कंपनी की उस बड़ी घोषणा के बाद आया है, जिसमें बताया गया कि अमेरिकी खाद्य एवं औषधि प्रशासन (US FDA) ने उसके नए एंटीबायोटिक Zaynich के लिए दाखिल न्यू ड्रग एप्लीकेशन (NDA) को औपचारिक रूप से स्वीकार कर लिया है।
Wockhardt Ltd Share: वॉकहार्ट लिमिटेड के शेयर सोमवार, 1 दिसंबर को 20% की तेज बढ़त के साथ ट्रेड कर रहे थे। कंपनी के शेयर में अपर सर्किट लगा और यह 1,482 रुपये पर पहुंच गया था। यह उछाल कंपनी की उस बड़ी घोषणा के बाद आया है, जिसमें बताया गया कि अमेरिकी खाद्य एवं औषधि प्रशासन (US FDA) ने उसके नए एंटीबायोटिक Zaynich के लिए दाखिल न्यू ड्रग एप्लीकेशन (NDA) को औपचारिक रूप से स्वीकार कर लिया है।
भारत के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि
Zaynich के लिए यह आवेदन 30 सितंबर को दायर किया गया था। यह क्षण भारत के फार्मास्यूटिकल उद्योग के लिए ऐतिहासिक इसलिए है क्योंकि पहली बार किसी भारतीय कंपनी द्वारा विकसित नई केमिकल यूनिट (NCE) के लिए US FDA ने NDA स्वीकार किया है। यह उपलब्धि भारत की दवा नवाचार क्षमता को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान देती है, क्योंकि अब तक भारत मुख्य रूप से जेनेरिक दवाओं के लिए जाना जाता था।
खतरनाक बैक्टीरियल संक्रमणों के खिलाफ नई उम्मीद
Zaynich Wockhardt द्वारा विकसित एक नवीन और पहली बार विकसित की जाने वाली श्रेणी का एंटीबायोटिक है। इसका लक्ष्य उन बैक्टीरियल संक्रमणों का इलाज करना है, जो दवाओं के प्रति अत्यधिक प्रतिरोधी हो चुके हैं। दुनिया भर में एंटीमाइक्रोबियल रेजिस्टेंस (AMR) तेजी से बढ़ रही है और नई एंटीबायोटिक दवाओं का विकास काफी धीमा है। ऐसे में Zaynich का विकास और FDA की स्वीकृति दवा अनुसंधान में एक महत्वपूर्ण कदम है।
कंपनी ने क्या कहा?
कंपनी ने कहा कि US FDA द्वारा आवेदन स्वीकार किया जाना, दवा की स्वीकृति प्रक्रिया में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। यह उसके वैज्ञानिक अनुसंधान और नवाचार की सफलता को दर्शाता है। कंपनी ने आगे कहा कि NDA स्वीकार किए जाने से न सिर्फ Wockhardt को बढ़त मिली है, बल्कि यह भारत के संपूर्ण फार्मा सेक्टर के लिए भी बड़ी उपलब्धि है, जो अब जेनेरिक दवाओं से आगे बढ़कर नई दवा खोज में अपनी पहचान बना रहा है। कंपनी का कहना है कि कंपनी Zaynich को वैश्विक बाजारों में उपलब्ध कराने के लिए नियामक प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है, ताकि बढ़ती एंटीबायोटिक प्रतिरोध की समस्या का समाधान मिल सके।





