ईरान-अमेरिका युद्ध की वजह से कराह रहा शेयर बाजार, गिरावट के पीछे 4 बड़ी वजह, निवेशकों ने खड़े किए हाथ
Why Stock Market Crashed Today: शेयर बाजार घुटनों के बल पर रेंग रहा है। सेंसेक्स और निफ्टी में भारी गिरावट ने निवेशकों को हिलाकर रख दिया है। ईरान-इजरायल युद्ध की वजह से अरब देशों में खड़ा हुआ नया संकट, कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आदि फैक्टर्स का असर शेयर बाजार पर आज को साफ देखने को मिल रहा है।
Why Stock Market Crashed Today: शेयर बाजार घुटनों के बल पर रेंग रहा है। सेंसेक्स और निफ्टी में भारी गिरावट ने निवेशकों को हिलाकर रख दिया है। ईरान-इजरायल युद्ध की वजह से अरब देशों में खड़ा हुआ नया संकट, कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आदि फैक्टर्स का असर शेयर बाजार पर आज बुधवार को साफ देखने को मिल रहा है। बता दें, घरेलू स्टॉक मार्केट आज 1 दिन की छुट्टी के बाद खुला है।
2-2 प्रतिशत लुढ़का शेयर बाजार
सेंसेक्स आज बुधवार को 1750 अंक या फिर 2.2 प्रतिशत की गिरावट के साथ 78480.63 अंक के इंट्रा-डे लो लेवल पर पहुंच गया था। वहीं, निफ्टी 500 अंक या फिर 2.1 प्रतिशत की गिरावट के बाद 24334.85 अंक पर पहुंच गया था। शेयर बाजार में भारी गिरावट की वजह से निवेशकों के 9 लाख करोड़ रुपये डूब गए हैं। बीएसई लिस्टेड फर्म का मार्केट कैप आज सुह 9.20 मिनट पर 457 लाख करोड़ रुपये से गिरकर 448 लाख करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया।
शेयर बाजार में भारी गिरावट के पीछे की वजह क्या है?
1- अमेरिका-ईरान युद्ध के समाप्त नहीं होने के मिल रहे संकेत
ईरान के सुप्रीम लीडर की मौत के बाद ईरान किसी भी समझौते को मानने के लिए तैयार नहीं हो रहा है। वह इजरायन और अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर लगातार हमला कर रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार ईरान ने अपना नया सुप्रीम लीडर भी चुन लिया है। बदली परिस्थितियों में लग नहीं रहा है कि जल्दी की कोई समझौता होगा। इसकी वजह से घरेलू बाजार पर इस समय बड़ा दबाव है।
2- रुपया रिकार्ड लो लेवल पर पहुंचा
डॉलर के मुकाबले रुपया और कमजोर हो गया है। बुधवार को एक डॉलर की कीमत 66 पैसे की गिरावट के बाद 92.15 रुपये हो गया है। यह नया रिकॉर्ड लो लेवल है। अमेरिका-ईरान युद्ध की वजह से स्थितियों में बड़ा बदलाव देखने को मिला है। जिसका सीधा असर रुपये की मजबूती पर भी पड़ा है।
3- कच्चे तेल की कीमतों में इजाफा
ब्रेंट क्रूड ऑयल 82 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर ट्रेड कर रहा है। ईरान-अमेरिका युद्ध की वजह से कच्चे तेल के डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क पर बुरा असर पड़ा है। इसका भी असर देखने को मिल रहा है। अर्थशास्त्रियों के अनुमान के मुताबिक अगर तेल की कीमतों में इजाफा होता है तब की स्थिति में 1 डॉलर की कीमत बढ़ने पर भारत का बिल में 16000 करोड़ रुपये बढ़ जाएगा। बता दें, भारत 90 प्रतिशत तेल इंपोर्ट करता है। ऐसे में उसकी निर्भरता दूसरे देशों पर अधिक है।
4- FPI की तरफ से हुई भारी बिकवाली
सोमवार को एक बार फिर से एफपीआई की तरफ से भारी बिकवाली की गई है। 2 मार्च को विदेशी निवेशकों ने घरेलू शेयर बाजारों से 6832 करोड़ रुपये निकाले हैं। जोकि 4 महीने का सबसे न्यूनतम स्तर है।
(यह निवेश की सलाह नहीं है। शेयर बाजार जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश से पहले एक्सपर्ट्स की सलाह जरूर लें।)
लेखक के बारे में
Tarun Pratap Singhतरुण प्रताप सिंह, लाइव हिन्दुस्तान के साथ अक्टूबर 2020 से कार्यरत हैं। मौजूदा समय में बिजनेस टीम का हिस्सा हैं। लाइव हिन्दुस्तान के लिए स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस, कमोडिटी मार्केट, सरकारी योजनाओं पर खबर पर लिखने के साथ-साथ आईपीओ पर वीडियो इंटरव्यू की भी जिम्मेदारी सम्भालते हैं। लाइव हिन्दुस्तान की वीडियो टीम के लिए 2022 में उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव में टीम लीड करते हुए 200 विधानसभा सीट में ग्राउंड रिपोर्टिंग, इंटरव्यू और स्पेशल स्टोरीज कर चुके हैं। श्री राम जन्मभूमि प्राण प्रतिष्ठा समारोह, 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान भी उत्तर प्रदेश में ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव है। साल 2025 में प्रयागराज में सम्पन्न हुए महाकुंभ में 40 दिन से अधिक दिन तक कुंभ नगरी में रहकर अनेकों वीडियो इंटरव्यू और स्पेशल स्टोरिज किए थे।
शिक्षा
बी.ए (ऑनर्स) और एम.ए की पढ़ाई काशी हिन्दू विश्वविद्यालय वाराणसी से पूरा किया है। भारतीय जनसंचार संस्थान, नई दिल्ली से हिंदी पत्रकारिता में डिप्लोमा किया है।
अनुभव -
HT का हिस्सा बनने से पहले स्वतंत्र तौर पर 2019 में लोकसभा चुनाव, 2019 में हरियाणा विधानसभा, 2020 दिल्ली विधानसभा चुनाव और 2020 में दिल्ली दंगा की ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव प्राप्त है। श्री राम मंदिर भूमि पूजन (साल 2020) के दौरान भी बतौर स्वतंत्र पत्रकार अपनी सेवाएं दिए हैं।
दैनिक जागरण के एक स्पेशल कार्यक्रम के तहत वाराणसी में दो अलग-अलग साल में 100-100 बच्चों को संसदीय कार्यप्रणाली की 15 दिनों की ट्रेनिंग भी देने का अनुभव प्राप्त है।
विशेषताएं -
वीडियो रिपोर्टिंग में दक्षता हासिल है। कई इंटरव्यू और ग्राउंड ओपनियन वीडियो नेशनल लेवल पर विमर्श का केंद्र बने हैं। बिजनेस और राजनीति के अलावा क्रिकेट, धर्म और साहित्य पर लिखना-पढ़ना पसंद है।



