सन फार्मा ने अमेरिकी कंपनी पर लगाया 11.75 अरब डॉलर का दांव, आज शेयरों पर रखें नजर
सन फार्मा की यह डील सिर्फ एक अधिग्रहण नहीं, बल्कि भारतीय फार्मा सेक्टर की वैश्विक ताकत का संकेत है। अगर सब कुछ योजना के मुताबिक रहा, तो 2027 तक सन फार्मा महिला स्वास्थ्य बाजार में एक बड़ी वैश्विक खिलाड़ी के रूप में उभर सकती है।

भारत की दिग्गज फार्मा कंपनी सन फार्मा ने अमेरिकी कंपनी ऑर्गेनॉन को खरीदने का बड़ा फैसला किया है। इस डील के तहत सन फार्मा ऑर्गेनॉन के हर शेयर के लिए 14 डॉलर कैश देगी। इस आधार पर कंपनी की कुल एंटरप्राइज वैल्यू करीब 11.75 अरब डॉलर आंकी गई है। यह हाल के वर्षों में भारत की सबसे बड़ी विदेशी अधिग्रहण डील्स में से एक मानी जा रही है। इस खबर के बाद आज मार्केट की नजर सन फार्मा के शेयरों पर रहेगी। शुक्रवार को सन फार्मा के शेयर 3.65 प्रतिशत नीचे 1618.50 रुपये पर बंद हुए थे।
फंडिंग कैसे होगी
इस अधिग्रहण को पूरा करने के लिए सन फार्मा अपनी मौजूदा कैश के साथ-साथ बैंकों से वित्तीय सहायता लेगी। कंपनी ने साफ किया है कि यह डील मजबूत फाइनेंशियल प्लानिंग के साथ की जा रही है, जिससे बैलेंस शीट पर ज्यादा दबाव न पड़े।
2027 तक पूरी होगी डील
ब्लूमबर्ग के मुताबिक इस डील को दोनों कंपनियों के बोर्ड से मंजूरी मिल चुकी है। अब इसे पूरा करने के लिए रेगुलेटरी अप्रूवल और ऑर्गेनॉन के शेयरधारकों की सहमति जरूरी होगी। सभी शर्तें पूरी होने के बाद यह डील 2027 की शुरुआत तक पूरी होने की उम्मीद है।
क्या करती है ऑर्गेनॉन
अमेरिका के न्यू जर्सी स्थित ऑर्गेनॉन की शुरुआत 2021 में मर्क एंड कंपनी से अलग होकर हुई थी। कंपनी का फोकस महिला स्वास्थ्य से जुड़े अहम क्षेत्रों पर है, जिनमें ब्रेस्ट कैंसर, गर्भनिरोधक, ऑस्टियोपोरोसिस और मेनोपॉज शामिल हैं। कंपनी पर पिछले साल के अंत तक करीब 8.8 अरब डॉलर का कर्ज भी था, जबकि इसका मार्केट कैप लगभग 3 अरब डॉलर के आसपास रहा है।
दूसरे खरीदार भी थे रेस में
सूत्रों के मुताबिक, इस डील के लिए जर्मनी की एक कंपनी और कुछ प्राइवेट इक्विटी फर्म्स ने भी रुचि दिखाई थी। इसके बावजूद सन फार्मा ने बड़ी बोली लगाकर यह सौदा अपने नाम कर लिया।
सन फार्मा की रणनीति: ग्लोबल विस्तार पर बड़ा फोकस
करीब 41 अरब डॉलर मार्केट वैल्यू वाली सन फार्मा भारत की सबसे बड़ी फार्मा कंपनी है। इस अधिग्रहण के जरिए कंपनी ग्लोबल लेवल पर अपनी पकड़ और मजबूत करना चाहती है, खासकर महिला स्वास्थ्य जैसे तेजी से बढ़ते सेगमेंट में।
(डिस्क्लेमर: एक्सपर्ट्स की सिफारिशें, सुझाव, विचार और राय उनके अपने हैं, लाइव हिन्दुस्तान के नहीं। यहां सिर्फ शेयर के परफॉर्मेंस की जानकारी दी गई है, यह निवेश की सलाह नहीं है। शेयर मार्केट में निवेश जोखिमों के अधीन है और निवेश से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)
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Drigraj Madheshiaदृगराज मद्धेशिया पिछले 21 वर्षों से पत्रकारिता जगत का एक विश्वसनीय चेहरा हैं। वर्तमान में 'लाइव हिन्दुस्तान' की बिजनेस टीम के एक महत्वपूर्ण सदस्य के रूप में, वे शेयर बाजार, कमोडिटी, पर्सनल फाइनेंस और यूटिलिटी सेक्टर पर अपनी गहरी पकड़ रखते हैं। वह कलम से बाजार की नब्ज टटोलने वाले एक पत्रकार हैं, जो शेयर बाजार से लेकर आपकी जेब (Personal Finance) तक, हर खबर को आसान बनाते हैं। टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया के अपने विस्तृत अनुभव के साथ, दृगराज जटिल मार्केट डेटा को आम पाठकों के लिए 'कुछ अलग' और आसान भाषा में पेश करने के लिए पहचाने जाते हैं। उन्होंने अपने करियर में हिन्दुस्तान, सहारा समय, दैनिक जागरण और न्यूज नेशन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं। मूलत: उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के रहने वाले दृगराज मैथ्स बैकग्राउंड होने के कारण डेटा और कैलकुलेशन में माहिर हैं, जो बिजनेस पत्रकारिता के लिए एक बड़ा प्लस पॉइंट है। उन्होंने कॅरियर की शुरुआत गोरखपुर से सहारा समय साप्ताहिक से बतौर फ्रीलांसर की और बहुत ही जल्द सहारा समय उत्तर प्रदेश/उत्तराखंड के हिस्सा बन गए। इसके बाद छत्तीसगढ़ में वॉच न्यूज से जुड़े। टीवी को छोड़ हिन्दुस्तान अखबार के बरेली एडिशन की लॉन्चिंग टीम का हिस्सा बने। साढ़े सात साल की मैराथन पारी के बाद अगला पड़ाव न्यूज नेशन डिजिटल रहा। इसके बाद एक बार फिर हिन्दुस्तान दिल्ली से जुड़े और अब डिजिटल टीम का हिस्सा हैं। और पढ़ें


