राहत भरी खबर! लगातार 8 दिन की तेजी के बाद अब इतने रुपये सस्ती हुई चीनी, देखें नई रेट लिस्ट
मुख्य बातें
- घरेलू थोक जिंस बाजार में लगातार 8 दिनों की तेजी के बाद चीनी की कीमत में गिरावट आई है
- चीनी का औसत थोक भाव 91 रुपये घटकर 5,947 रुपये प्रति क्विंटल हो गया, जबकि गुड़ भी 47 रुपये सस्ता हुआ
- वहीं, खुदरा बाजार में चीनी की औसत कीमत 73 पैसे कम होकर 64.33 रुपये/किलो हो गई है

घरेलू थोक जिंस बाजार में लगातार आठ दिनों से जारी चीनी की तेजी पर आखिरकार ब्रेक लग गया। गुरुवार को चीनी की औसत थोक कीमत में 91 रुपये प्रति क्विंटल की गिरावट दर्ज की गई। इसके साथ ही गुड़, गेहूं और ज्यादातर खाद्य तेलों के दाम भी नरम पड़ गए। हालांकि, चावल और कुछ प्रमुख दालों की कीमतों में तेजी देखने को मिली। बाजार में अलग-अलग जिंसों के दाम में उतार-चढ़ाव का असर आने वाले दिनों में खुदरा कीमतों पर भी दिखाई दे सकता है। आइए जरा विस्तार से इसकी डिटेल्स जानते हैं।
₹91 घटी थोक बाजार में चीनी की औसत कीमत
थोक बाजार में चीनी की औसत कीमत 91 रुपये घटकर 5,947 रुपये प्रति क्विंटल रह गई। इससे पहले लगातार आठ कारोबारी दिनों तक चीनी के भाव में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही थी। इसी तरह गुड़ की कीमत भी 47 रुपये कम होकर 5,960 रुपये प्रति क्विंटल पर आ गई। खुदरा बाजार की बात करें तो चीनी का औसत भाव 73 पैसे घटकर 64.33 रुपये प्रति किलोग्राम रह गया, यानी थोक बाजार में आई नरमी का असर खुदरा बाजार में भी सीमित रूप से देखने को मिला है।
गेहूं और चावल की कीमत में भी फेरबदल
खाद्यान्न बाजार में भी मिलाजुला रुख रहा। औसत गुणवत्ता वाले चावल की कीमत 62 रुपये बढ़कर 4,117 रुपये प्रति क्विंटल हो गई। दूसरी ओर गेहूं के भाव में 29 रुपये की गिरावट आई और यह 2,838 रुपये प्रति क्विंटल पर पहुंच गया। गेहूं से बने आटे की कीमत भी 30 रुपये प्रति क्विंटल कम हुई। इसका मतलब है कि जहां चावल की कीमत में तेजी रही, वहीं गेहूं और आटे के बाजार में ग्राहकों को कुछ राहत मिली।
मूंग छोड़ दालों की कीमत में भी तेजी
दालों के बाजार में भी अलग-अलग रुझान देखने को मिले। मसूर दाल की औसत कीमत 41 रुपये और उड़द दाल की कीमत 29 रुपये प्रति क्विंटल बढ़ी। तुअर दाल 16 रुपये और चना दाल 12 रुपये महंगी हुई। हालांकि, मूंग दाल की कीमत में 20 रुपये प्रति क्विंटल की गिरावट दर्ज की गई। इससे साफ है कि दालों की कीमतों में एक समान तेजी नहीं रही और अलग-अलग दालों में मांग तथा आपूर्ति के हिसाब से बदलाव हुआ।
खाद्य तेलों का क्या हाल?
खाद्य तेलों की बात करें तो अंतरराष्ट्रीय बाजार के संकेतों का असर घरेलू बाजार पर भी पड़ा। मलेशिया के बुरसा मलेशिया डेरिवेटिव एक्सचेंज में नवंबर का पाम ऑयल वायदा एक रिंगिट मजबूत होकर 4,817 रिंगिट प्रति टन पहुंच गया। वहीं, दिसंबर का अमेरिकी सोया तेल वायदा 2.08 प्रतिशत गिरकर 66.33 सेंट प्रति पौंड रह गया।
घरेलू बाजार में पाम ऑयल की औसत कीमत 145 रुपये और मूंगफली तेल 106 रुपये प्रति क्विंटल सस्ता हुआ। वनस्पति तेल में 55 रुपये, सूरजमुखी तेल में 48 रुपये और सरसों तेल में 42 रुपये प्रति क्विंटल की गिरावट आई। हालांकि, सोया तेल की कीमत 19 रुपये प्रति क्विंटल बढ़ गई। कुल मिलाकर बाजार में चीनी की तेजी पर फिलहाल ब्रेक लगा है, जबकि अन्य जरूरी खाद्य वस्तुओं में कीमतों का रुख मिश्रित बना हुआ है।


