ट्रेंडिंग न्यूज़

अगली खबर पढ़ने के लिए यहाँ टैप करें

हिंदी न्यूज़ बिजनेसमार्केट में करेक्शन का इस्तेमाल इक्विटी खरीद में करें- आदित्य बिड़ला सन लाइफ

मार्केट में करेक्शन का इस्तेमाल इक्विटी खरीद में करें- आदित्य बिड़ला सन लाइफ

आदित्य बिड़ला सन लाइफ एएमसी ने अपने इक्विटी और फिक्स्ड इनकम आउटलुक 2022 में कहा है कि निवेशकों को अपने इक्विटी एलोकेशन को बनाए रखना चाहिए और किसी भी करेक्शन का उपयोग इक्विटी खरीदने के लिए करना चाहिए।...

मार्केट में करेक्शन का इस्तेमाल इक्विटी खरीद में करें- आदित्य बिड़ला सन लाइफ
Satya Prakash लाइव मिंट ,नई दिल्लीThu, 06 Jan 2022 01:42 PM

इस खबर को सुनें

0:00
/

आदित्य बिड़ला सन लाइफ एएमसी ने अपने इक्विटी और फिक्स्ड इनकम आउटलुक 2022 में कहा है कि निवेशकों को अपने इक्विटी एलोकेशन को बनाए रखना चाहिए और किसी भी करेक्शन का उपयोग इक्विटी खरीदने के लिए करना चाहिए। मध्यम से लंबी अवधि के लिए भले एएमसी ने इक्विटी बाजारों पर सकारात्मक दृष्टिकोण बनाए रखा है। इसमें उम्मीद की गई है अगले तीन वर्षों में भारतीय अर्थव्यवस्था 6.5% की वास्तविक जीडीपी ग्रोथ रेट को पा लेगी। इसके परिणामस्वरूप अगले तीन वर्षों में कॉर्पोरेट आय 15% चक्रवृद्धि वार्षिक वृद्धि दर से बढ़ने की उम्मीद है, यह दीर्घकालिक औसत से अधिक है।

बढ़ सकती हैं ब्याज दरें  
वैल्यूएशन पर टिप्पणी करते हुए, नोट में कहा गया है कि कम आय और उच्च तरलता को देखते हुए, भारतीय इक्विटी के लिए वैल्यूएशन मल्टीपल्स में वृद्धि हुई है। हालांकि, 2022 ट्रांजीशन का साल हो सकता है और अतिरिक्त लिक्विडिटी निकाली जा सकती है, इसके साथ ब्याज दरें बढ़ सकती हैं। डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, कॉर्पोरेट बैंक / फिनटेक, रियल एस्टेट में सुधार और घरेलू विनिर्माण में तेजी ग्रोथ के प्रमुख कारक रहेंगे।
हालांकि, अल्पावधि में निवेशकों को ठीक रिटर्न के लिए तैयार रहने की जरूरत है। रिपोर्ट में कहा गया है कि बाजार स्टॉक-स्पेसिफिक हो सकता है।

बैलेंस्ड एडवांटेज फंड में निवेश का सुझाव
पहली बार निवेशकों के लिए, इक्विटी में बैलेंस्ड एडवांटेज फंड में निवेश का सुझाव देती है। इसमें कम अस्थिरता के साथ निश्चित आय की तुलना में उचित रिटर्न प्रदान करने की क्षमता होती है। सेक्टर रोटेशन के साथ डायवर्सिफाइड इंडेक्स फंड में निवेश करने के सवाल पर एबीएसएल एएमसी के एमडी और सीईओ  बालासुब्रमण्यन ने कहा, “इंडेक्स-आधारित निवेश निश्चित रूप से बाजार में मदद करेगा, लेकिन वैश्विक बाजारों में ईटीएफ में ग्रोथ और कुछ कंपनियों में ज्यादा पैसा जाने से मूल्यांकन पर असर पद सकता है।

दो बार बढ़ सकती हैं दरें  
फर्म का मानना ​​​​है कि पिछले 12 महीनों में हमने जो देखा है, उसकी तुलना में निश्चित आय के क्षेत्र में अस्थिरता अधिक होगी। फंड हाउस का कहना है, केंद्रीय बैंक का ध्यान वित्तीय स्थिरता और मुद्रास्फीति पर विकास पर बना हुआ है। आदित्य बिड़ला सन लाइफ एएमसी का मानना है 2022 में अधिकतम दो बार दरों में बढ़ोतरी हो सकती है।

epaper