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हां, हम मंदी की चपेट में जा रहे हैं...WTO चीफ ने किया दुनिया को आगाह

अमेरिकी सेंट्रल बैंक फेड रिजर्व ने लगातार तीसरी बार ब्याज दरें बढ़ाई हैं। इसाके साथ ही आगे भी ब्याज दरें बढ़ाने की बात कही है। इस वजह से अमेरिका समेत दुनियाभर में मंदी की बहस को हवा मिल गई है।

हां, हम मंदी की चपेट में जा रहे हैं...WTO चीफ ने किया दुनिया को आगाह
Deepak Kumarलाइव हिन्दुस्तान,नई दिल्लीTue, 27 Sep 2022 07:36 PM

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दुनिया मंदी की चपेट में आने वाली है। तमाम अर्थशास्त्रियों के अनुमान के बाद अब विश्व व्यापार संगठन (WTO) की प्रमुख नगोजी ओकोंजो-इवेला ने भी इस बात को स्वीकार कर लिया है। नगोजी ने कहा कि दुनिया कई चुनौतियों से घिरी है। वहीं, केंद्रीय बैंकों के पास ब्याज दरें बढ़ाने के अलावा कोई ठोस विकल्प नहीं बचा है। ऐसे तमाम कारणों की वजह से हम वैश्विक मंदी की ओर बढ़ रहे हैं। 

झेल रहे हैं कई चुनौतियां: नगोजी ने कहा, "मुझे लगता है कि एक वैश्विक मंदी का दौर आ रहा है। हम इस दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। हमें रिकवरी के बारे में सोचना शुरू करना होगा।" नगोजी ने यूक्रेन-रूस जंग का हवाला देते हुए कहा कि हम कई तरह की चुनौतियां देख रहे हैं। वैश्विक स्तर पर हम सुरक्षा, जलवायु, ऊर्जा और खाद्य कीमतों के झटके झेल रहे हैं। इससे लगभग हर देश एक ही समय में प्रभावित हैं।

केंद्रीय बैंकों के पास विकल्प नहीं: नगोजी ने आगे कहा कि केंद्रीय बैंकों के पास वास्तव में ब्याज दरों को बढ़ाने के अलावा कोई विकल्प नहीं है। इसका असर उभरते बाजारों और विकासशील देशों पर काफी गंभीर हो सकता है। नगोजी के मुताबिक केंद्रीय बैंकों को यह निर्धारित करने की आवश्यकता पर है कि क्या मुद्रास्फीति मजबूत डिमांड की वजह से ही है या कुछ और समस्याएं है। नगोजी ने कहा कि मेरी सबसे बड़ी चिंता खाद्य सुरक्षा है।

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आपको बता दें कि अमेरिकी सेंट्रल बैंक फेड रिजर्व ने लगातार तीसरी बार ब्याज दरें बढ़ाई हैं। इसाके साथ ही आगे भी ब्याज दरें बढ़ाने की बात कही है। इस वजह से अमेरिका समेत दुनियाभर में मंदी की बहस को हवा मिल गई है। दुनियाभर में शेयर बाजार क्रैश हो रहे हैं। अमेरिकी शेयर बाजार का इंडेक्स- एसएंडपी 500 दिसंबर 2020 के बाद से सबसे निचले स्तर पर आ गया है। 

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