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28 अक्तूबर, 2020|2:22|IST

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आज से महंगे हो गए टीवी सेट, विनिर्माण में उपयोग होने वाले कलपुर्जे पर 5 फीसद आयात शुल्क लगा

एलईडी/एलसीडी टीवी के विनिर्माण में उपयोग होने वाले एक महत्वपूर्ण घटक पर 5 प्रतिशत सीमा शुल्क एक अक्टूबर यानी बृहस्पतिवार से अमल में आ जायेगा। सरकार ने बुधवार को जारी एक अधिसूचना में यह कहा।  सरकार ने पिछले साल ओपन सेल के आयात पर सीमा शुल्क से 30 सितंबर 2020 तक छूट दी थी।  घरेलू उद्योग ने विनिर्माण क्षमता तैयार करने के लिये यह समय मांगा था।  वित्त मंत्रालय ने बुधवार को जारी अधिसूचना में कहा कि एलईडी/एलसीडी टीवी पैनल के लिये ओपन सेल पर 5 प्रतिशत सीमा शुल्क लगाने का प्रावधान लागू किया।   पिछले साल तक 7,000 करोड़ रुपये मूल्य के टेलीविजन आयात किये गये थे। इस साल जुलाई अंत से टेलीविजन आयात को प्रतिबंधित श्रेणी में रखा गया है।

छोटे-बड़े सभी टीवी का बढ़ेगा दाम

टेलीविजन उद्योग की दलील है कि वह दबाव में है क्योंकि पूर्ण रूप से तैयार पैनल की कीमत 50 प्रतिशत बढ़ गई है और ओपन सेल पर 5 प्रतिशत सीमा शुल्क से टेलीविजन की कीमत करीब चार प्रतिशत बढ़ेगी। उनका कहना है कि 32 इंच के टेलीविजन का दाम 600 रुपये और 42 इंच का दाम 1,200 से 1,500 रुपये बढ़ेगा। बड़े आकार के टेलीविजन के दाम में अधिक वृद्धि होगी। वित्त मंत्रालय के सूत्र ने कहा कि प्रमुख ब्रांड 32 इंच टीवी के लिये 2,700 रुपये और 42 इंच के लिये 4,000 से 4,500 रुपये की मूल कीमत पर ओपन सेल आयात कर रहे हैं। ऐसे में अगर ओपन सेल पर पांच प्रतिशत शुल्क लगाया जाता है, यह 150 से 250 रुपये प्रति टेलीविजन से अधिक नहीं होगा।

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टेलीविजन के आयात पर 20 प्रतिशत सीमा शुल्क

पिछले साल तक 7,000 करोड़ रुपये मूल्य के टेलीविजन आयात किए गए थे। सरकार सीमा शुल्क ढांचे के जरिये टेलीविजन उद्योग की मदद कर रही है। दिसंबर 2017 से टेलीविजन के आयात पर 20 प्रतिशत सीमा शुल्क लगाया गया है। इतना ही नहीं इस साल जुलाई से टेलीविजन आयात को प्रतिबंधित श्रेणी में रखा गया है। टेलीविजन विनिर्माताओं को आयात से पूरी तरह से राहत दी जा रही है।

सालाना 7,500 करोड़ रुपये मूल्य के कल-पुर्जें आयात

वित्त मंत्रालय के सूत्रों का कहना है कि जबतक ओपन सेल का विनिर्माण घरेलू स्तर पर नहीं होता, विनिर्माण में सही मायने में तेजी नहीं आ सकती। उद्योग फिलहाल ज्यादातर कल-पुर्जे आयात कर टेलीविजन की एसेंबलिंग कर रहा है। टीवी विनिर्माता सालाना 7,500 करोड़ रुपये मूल्य के कल-पुर्जें आयात करते हैं। सूत्र ने कहा, 'सीमा शुल्क लगाये जाने से घरेलू विनिर्माताओं को ओपन सेल जैसे महत्वपूर्ण उपकरणों के विनिर्माण को लेकर प्रोत्साहन मिलेगा।

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  • Web Title:1 october TV sets became expensive parts used in manufacturing imposed 5 pct import duty