27 रुपये वाले शेयर को खरीदने की मची लूट, RBI के इस फैसले का असर
मुख्य बातें
- टाइगर लॉजिस्टिक्स (इंडिया) ने बताया था कि उसे रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के फॉरेन एक्सचेंज डिपार्टमेंट से एक कंपाउंडिंग ऑर्डर मिला है
- अब इसके शेयर डिमांड में आ गए हैं

Tiger logistics share: सप्ताह के दूसरे दिन मंगलवार को भले ही शेयर बाजार में बिकवाली वाला माहौल हो लेकिन कुछ पेनी कैटेगरी के शेयर डिमांड में थे। ऐसा ही एक स्मॉल-कैप शेयर टाइगर लॉजिस्टिक्स (इंडिया) का है। इस कंपनी के शेयरों में मंगलवार को BSE पर इंट्राडे ट्रेडिंग के दौरान 4% से अधिक की बढ़त देखी गई। यह तेजी केंद्रीय रिजर्व बैंक के ऑर्डर की वजह से आई है।
क्या है डिटेल?
टाइगर लॉजिस्टिक्स (इंडिया) ने एक दिन पहले ही बताया था कि उसे रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के फॉरेन एक्सचेंज डिपार्टमेंट से एक कंपाउंडिंग ऑर्डर मिला है। कंपनी के मुताबिक उसे फॉरेन एक्सचेंज मैनेजमेंट एक्ट, 1999 (FEMA) के तहत नियमों का पालन न करने के मामले में यह ऑर्डर मिला है। इसके तहत, RBI विदेशी मुद्रा नियमों के उल्लंघन (जिसे स्वीकार किया गया हो) को एक तय मौद्रिक राशि लगाकर सुलझाता है। RBI ने कंपनी को ₹59,981 के भुगतान पर उल्लंघन के मामले को सुलझा दिया है। कंपनी ने कहा कि इस राशि के भुगतान के साथ ही मामला सुलझ गया है और कंपनी के कामकाज या अन्य गतिविधियों पर कोई खास असर नहीं पड़ेगा।
शेयर का परफॉर्मेंस
टाइगर लॉजिस्टिक्स के शेयर की बात करें तो ₹27.03 (पिछली क्लोजिंग) पर खुला और 4.1% बढ़कर ₹28.13 के इंट्राडे हाई पर पहुंच गया। इस साल अब तक टाइगर लॉजिस्टिक्स के शेयर बिकवाली मोड में हैं। यह शेयर साल-दर-साल (YTD) 23% गिर गया है। पिछले साल 18 सितंबर को ₹56.74 के 52-हफ्ते के हाई पर पहुंचने के बाद इस स्मॉल-कैप शेयर ने इस साल 23 मार्च को ₹22.87 का 52-हफ्ते का लो छुआ था।
कैसे रहे तिमाही नतीजे?
टाइगर लॉजिस्टिक्स (इंडिया) ने हाल ही में जून तिमाही के नतीजे जारी किए हैं। जून 2025 में खत्म हुई पिछली तिमाही के 4.71 करोड़ रुपये के मुकाबले जून 2026 में खत्म हुई तिमाही में कंपनी का नेट प्रॉफिट 53.93% घटकर 2.17 करोड़ रुपये हो गया। जून 2025 में खत्म हुई पिछली तिमाही के 102.52 करोड़ रुपये के मुकाबले, जून 2026 में खत्म हुई तिमाही में बिक्री 48.78% बढ़कर 152.53 करोड़ रुपये हो गई।
शेयरहोडिंग पैटर्न
टाइगर लॉजिस्टिक्स (इंडिया) के शेयरहोल्डिंग पैटर्न की बात करें तो इंडिविजुअल्स प्रमोटर्स के पास 24.05 फीसदी हिस्सेदारी है। इसमें भी सबसे बड़ी हिस्सेदारी हरप्रीत सिंह मल्होत्रा की है। हरप्रीत के पास 19.50 फीसदी या 2,06,13,510 शेयर हैं। बीनू और सिमर मल्होत्रा के पास भी कंपनी के 2 फीसदी से ज्यादा शेयर हैं। इसके अलावा, 33.43 फीसदी हिस्सेदारी प्रमोटर ग्रुप के पास है।


