SBI फंड्स मैनेजमेंट IPO: पहले ही दिन 68% सब्सक्रिप्शन, ग्रे मार्केट में शेयर का क्या है रेट?
मुख्य बातें
- SBI फंड्स मैनेजमेंट IPO खुलने से पहले ही कंपनी ने एंकर निवेशकों से 2,663 करोड़ रुपये जुटा लिए हैं
- भारतीय जीवन बीमा निगम, एचडीएफसी म्यूचुअल फंड, आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल म्यूचुअल फंड, निप्पॉन इंडिया म्यूचुअल फंड और एचडीएफसी लाइफ इंश्योरेंस ने भी इस हिस्सेदारी में भाग लिया

एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट का आईपीओ, 14 जुलाई से ही निवेशकों के लिए खोल दिया गया है और यह 16 जुलाई तक सब्सक्रिप्शन के लिए उपलब्ध रहेगा। यह आईपीओ कुल 9,795 करोड़ रुपये का है, जिसमें हिस्सा लेने के लिए निवेशकों को कम से कम 26 शेयरों के लिए आवेदन करना होगा और इसके मल्टीपल में ही बोली लगाई जा सकती है। प्रत्येक शेयर की कीमत 545 रुपये से 574 रुपये के बीच तय की गई है, और निवेशक अपनी इच्छानुसार इस दायरे में बोली लगा सकते हैं।
एंकर निवेशकों से 2,663 करोड़ रुपये जुटाए
आईपीओ खुलने से पहले ही कंपनी ने एंकर निवेशकों से 2,663 करोड़ रुपये जुटा लिए हैं, जो इस IPO में विश्वास का बड़ा संकेत है। इन एंकर निवेशकों में वैश्विक और घरेलू दोनों स्तर के प्रमुख संस्थान शामिल हैं।
कंपनी ने 129 एंकर निवेशकों को 574 रुपये प्रति शेयर की दर से कुल 4,63,93,095 इक्विटी शेयर आवंटित किए हैं। इस लिस्ट में सिंगापुर की जीआईसी, अबू धाबी निवेश प्राधिकरण, कैपिटल वर्ल्ड इन्वेस्टर्स, ब्लैकरॉक, फिडेलिटी मैनेजमेंट, गोल्डमैन सैक्स, और नॉर्वेजियन बैंक।
इसके अलावा, भारतीय दिग्गज जैसे भारतीय जीवन बीमा निगम, एचडीएफसी म्यूचुअल फंड, आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल म्यूचुअल फंड, निप्पॉन इंडिया म्यूचुअल फंड और एचडीएफसी लाइफ इंश्योरेंस ने भी इस हिस्सेदारी में भाग लिया।
कर्मचारियों को प्रति शेयर 54 रुपये की छूट
इस आईपीओ का 50% हिस्सा योग्य संस्थागत खरीदारों के लिए, कम से कम 15% गैर-संस्थागत निवेशकों के लिए और 35% खुदरा निवेशकों के लिए रिजर्व किया गया है। वहीं, कंपनी के पात्र कर्मचारियों को प्रति शेयर 54 रुपये की छूट दी जा रही है।
आवंटन की प्रक्रिया 17 जुलाई को पूरी होने की संभावना है, जबकि रिफंड की कार्रवाई 20 जुलाई से शुरू होगी और सफल आवेदकों के डीमैट खातों में शेयर उसी दिन जमा कर दिए जाएंगे। शेयरों की लिस्टिंग 21 जुलाई को बीएसई और एनएसई पर होने की उम्मीद है।
ग्रे मार्केट में क्या हैं दाम
ग्रे मार्केट में इस आईपीओ की प्रीमियम बात करें तो वर्तमान में यह 88 रुपये है, जो 574 रुपये के अपर प्राइस बैंड के हिसाब से लगभग 662 रुपये का अनुमानित लिस्टिंग प्राइस दर्शाता है। यानी, आईपीओ मूल्य से 15.33% अधिक। हालांकि, पिछले 10 सत्रों के ग्रे मार्केट रुझानों को देखें तो प्रीमियम 75 से 140 रुपये के बीच उतार-चढ़ाव रहा है, जो कुछ हद तक निवेशकों की अनिश्चितता को दिखाता है।
पहले दिन की सब्सक्रिप्शन स्थिति की बात करें तो कुल 68% सब्सक्रिप्शन हुआ है। खुदरा हिस्सेदारी 62% भरी गई है, जबकि गैर-संस्थागत हिस्सेदारी 1.39 गुना और कर्मचारियों व शेयरधारकों के हिस्से क्रमशः 1.02 गुना और 1.04 गुना सब्सक्राइब हुए हैं। संस्थागत हिस्से में केवल 8% ही बोलियां आई हैं।
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Drigraj Madheshiaदृगराज मद्धेशिया पिछले 21 वर्षों से पत्रकारिता जगत का एक विश्वसनीय चेहरा हैं। वर्तमान में 'लाइव हिन्दुस्तान' की बिजनेस टीम के एक महत्वपूर्ण सदस्य के रूप में, वे शेयर बाजार, कमोडिटी, पर्सनल फाइनेंस और यूटिलिटी सेक्टर पर अपनी गहरी पकड़ रखते हैं। वह कलम से बाजार की नब्ज टटोलने वाले एक पत्रकार हैं, जो शेयर बाजार से लेकर आपकी जेब (Personal Finance) तक, हर खबर को आसान बनाते हैं। टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया के अपने विस्तृत अनुभव के साथ, दृगराज जटिल मार्केट डेटा को आम पाठकों के लिए 'कुछ अलग' और आसान भाषा में पेश करने के लिए पहचाने जाते हैं। उन्होंने अपने करियर में हिन्दुस्तान, सहारा समय, दैनिक जागरण और न्यूज नेशन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं। मूलत: उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के रहने वाले दृगराज मैथ्स बैकग्राउंड होने के कारण डेटा और कैलकुलेशन में माहिर हैं, जो बिजनेस पत्रकारिता के लिए एक बड़ा प्लस पॉइंट है। उन्होंने कॅरियर की शुरुआत गोरखपुर से सहारा समय साप्ताहिक से बतौर फ्रीलांसर की और बहुत ही जल्द सहारा समय उत्तर प्रदेश/उत्तराखंड के हिस्सा बन गए। इसके बाद छत्तीसगढ़ में वॉच न्यूज से जुड़े। टीवी को छोड़ हिन्दुस्तान अखबार के बरेली एडिशन की लॉन्चिंग टीम का हिस्सा बने। साढ़े सात साल की मैराथन पारी के बाद अगला पड़ाव न्यूज नेशन डिजिटल रहा। इसके बाद एक बार फिर हिन्दुस्तान दिल्ली से जुड़े और अब डिजिटल टीम का हिस्सा हैं। और पढ़ें


