4 रुपये सस्ता हो गया पेट्रोल, इस सरकार ने रातों-रात लिया फैसला
मुख्य बातें
- सरकार ने पेट्रोल की कीमत में 4 रुपये प्रति लीटर की कटौती की लेकिन डीजल की कीमत में कोई बदलाव नहीं किया
- अमेरिका और ईरान के बीच जंग शुरू होने के बाद से सरकार हर शुक्रवार को पेट्रोल-डीजल के दाम की समीक्षा कर रही है

ग्लोबल टेंशन के बीच कच्चे तेल की कीमतों में तेजी बरकरार है। भारत समेत दुनियाभर में पेट्रोल और डीजल की कीमतों पर मंथन हो रहा है। भारत के पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान में भी हर शुक्रवार को मंथन हो रहा है। इस बीच, पाकिस्तान की सरकार ने पेट्रोल की कीमतों में 4 रुपये प्रति लीटर की कटौती की है। सरकार ने 12 जून को खत्म होने वाले सप्ताह के लिए पेट्रोल की कीमत में 4 रुपये प्रति लीटर की कटौती की लेकिन डीजल की कीमत में कोई बदलाव नहीं किया। पाकिस्तान सरकार की ओर से जारी आंकड़े के मुताबिक हाई-स्पीड डीजल (HSD) की एक्स-डिपो कीमत एक और हफ्ते के लिए 380.78 रुपये प्रति लीटर पर बनी रहेगी। डीजल की कीमत 10 अप्रैल को 520.35 रुपये तक पहुंच गई थी। इस लिहाज से देखें तो डीजल 140 रुपये से भी ज्यादा सस्ता हो गया है।
बता दें कि HSD को सबसे अधिक महंगाई बढ़ाने वाला ईंधन माना जाता है। इस ईंधन का इस्तेमाल माल ढुलाई में बड़े पैमाने पर होता है। सरकार अभी HSD पर कस्टम ड्यूटी, पेट्रोलियम लेवी और क्लाइमेट सपोर्ट लेवी के रूप में लगभग 100 रुपये प्रति लीटर वसूल रही है। इसके अलावा मार्जिन भी लिया जाता है।
पेट्रोल की कीमतों में कटौती
डीजल के अलावा पेट्रोल की एक्स-डिपो कीमत में 4 रुपये की कटौती की गई। पेट्रोल की मौजूदा कीमत 381.78 रुपये प्रति लीटर से घटकर 377.79 रुपये प्रति लीटर हो गई। पेट्रोल की कीमतों में लगातार चौथी बार साप्ताहिक कटौती हुई है, जिससे कुल मिलाकर लगभग 37 रुपये प्रति लीटर की कमी आई है। पेट्रोल पर कुल टैक्स 125 रुपये प्रति लीटर है, जिसमें पेट्रोलियम लेवी, कस्टम ड्यूटी और क्लाइमेट लेवी शामिल हैं। पिछले हफ्ते, सरकार ने पेट्रोल और हाई-स्पीड डीजल की कीमतों में 22 रुपये प्रति लीटर की कटौती की घोषणा की थी। सरकार केरोसिन पर पेट्रोलियम लेवी के तौर पर लगभग 21 रुपये प्रति लीटर और लाइट डीजल ऑयल पर लगभग 16 रुपये प्रति लीटर भी वसूल रही है।
अमेरिका और ईरान के बीच जंग शुरू होने के बाद से पाकिस्तान की सरकार हर शुक्रवार को पेट्रोल-डीजल के दाम की समीक्षा कर रही है। एक सप्ताह पहले शुक्रवार को पेट्रोल और डीजल के दाम में 22 रुपये की कटौती की गई थी। पेट्रोल और HSD से सबसे ज्यादा कमाई होती है, जिनकी मासिक बिक्री लगभग 7,00,000 से 8,00,000 टन है जबकि केरोसिन की मासिक मांग सिर्फ 10,000 टन है।
पेट्रोल का इस्तेमाल ज्यादातर प्राइवेट ट्रांसपोर्ट, छोटी गाड़ियों, रिक्शा और दो-पहिया वाहनों में होता है और इसका सीधा असर मिडिल और लोअर-मिडिल क्लास के बजट पर पड़ता है।
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Deepak Kumarहिन्दुस्तान डिजिटल में करीब 5 साल से कार्यरत दीपक कुमार यहां बिजनेस की खबरें लिखते हैं। दीपक को स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस के अलावा बिजनेस से जुड़े तमाम विषयों की गहरी समझ है। वह जटिल आर्थिक और कारोबारी मुद्दों को सरल, संतुलित और आम बोलचाल की भाषा में पाठकों तक पहुंचाना बखूबी जानते हैं। उनकी बिजनेस सेक्शन के अलावा एंटरटेनमेंट, स्पोर्ट्स और पॉलिटिक्स से जुड़ी खबरों पर भी मजबूत पकड़ है। दीपक को उनके बेहतरीन काम के लिए विभिन्न स्तरों पर सम्मानित भी किया जा चुका है। मूल रूप से बिहार के सीवान जिले से ताल्लुक रखने वाले दीपक के पास पत्रकारिता का करीब 13 साल का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत अमर उजाला से की। इसके बाद दैनिक भास्कर, आजतक और इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में भी काम किया। इसका अगला पड़ाव हिन्दुस्तान डिजिटल था, जहां वह वर्तमान में असिस्टेंट न्यूज एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। दीपक ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन की पढ़ाई की जबकि हिमाचल प्रदेश सेंट्रल यूनिवर्सिटी से पोस्ट ग्रेजुएट हुए हैं। जहां एक तरफ वह सोशल मीडिया पर सक्रिय हैं तो वहीं नई तकनीकों से खुद को अपडेट रखते हैं। खाली समय में फिल्में देखना, खाना बनाना और क्रिकेट खेलना पसंद है।
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