
IPO के लिए ओयो ने बढ़ाए कदम, 20 दिसंबर को शेयरधारकों से मांगी जाएगी मंजूरी
ओयो की पैरेंट कंपनी प्रिज्म ने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम के लिए कदम बढ़ा दिए हैं। कंपनी की 20 दिसंबर को होने वाली असाधारण आम बैठक में आईपीओ के जरिये 6,650 करोड़ रुपये जुटाने के लिए शेयरधारकों से मंजूरी मांगी जाएगी।
Oyo IPO: हॉस्पिटैलिटी सेक्टर के चर्चित ब्रांड ओयो की पैरेंट कंपनी प्रिज्म ने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) के लिए कदम बढ़ा दिए हैं। कंपनी की 20 दिसंबर को होने वाली असाधारण आम बैठक (ईजीएम) में आईपीओ के जरिये 6,650 करोड़ रुपये जुटाने के लिए शेयरधारकों से मंजूरी मांगी जाएगी। ओयो ने अपने शेयरधारकों को एक नोटिस भेजकर असाधारण आम बैठक के आयोजन और उसके एजेंडा के बारे में जानकारी दी है।
बोनस शेयर पर भी मतदान
इस सूचना के मुताबिक, शेयरधारक हरेक 19 इक्विटी शेयरों पर एक पूरी तरह चुकता इक्विटी शेयर जारी करने के बोनस इश्यू प्रस्ताव पर भी मतदान करेंगे, जिसमें पात्र शेयरधारकों को तय करने के लिए पांच दिसंबर, 2025 की तिथि तय की गई है। बोनस शेयर कंपनी के शेयर प्रीमियम और रिजर्व से जारी किए जाएंगे, जो कंपनी अधिनियम, 2013 के नियमों के अनुरूप होगा। बोनस इश्यू और आईपीओ से जुड़ी भविष्य की पूंजी जरूरतों का समर्थन करने के लिए ईजीएम में कंपनी की अधिकृत शेयर पूंजी को 2,431 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 2,491 करोड़ रुपये करने पर भी मत डाले जाएंगे।
वापस लिया था बोनस शेयर का प्रस्ताव
बीते नवंबर महीने में ओयो ने बोनस शेयर जारी करने का प्रस्ताव वापस लेने की घोषणा की थी। पहले जारी प्रस्ताव के तहत शेयरधारकों को हर 6,000 इक्विटी शेयरों पर एक वरीय शेयर मिलना था, जिसे वे या तो एक निश्चित रूपांतरण या आईपीओ प्रक्रिया में बैंकरों की नियुक्ति जैसे माइलस्टोन आधारित विकल्प में बदल सकते थे। हालांकि, इसका विरोध होने के बाद कंपनी ने यू-टर्न ले लिया।
तीसरी बार लिस्टिंग का प्रयास
यह कंपनी का सार्वजनिक लिस्टिंग का तीसरा प्रयास होगा। ओयो ने पहली बार सितंबर 2021 में अपना ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) दाखिल किया था, जिसका लक्ष्य 11-12 अरब डॉलर के मूल्यांकन पर लगभग 1.2 अरब डॉलर जुटाना था लेकिन प्रतिकूल बाजार परिस्थितियों के कारण इसे स्थगित कर दिया गया। इसने 2023 में दूसरा प्रयास किया, जब इसने प्रस्तावित आईपीओ का आकार घटाकर 400-600 मिलियन डॉलर कर दिया।





