
मोदी सरकार ने निकाला ट्रंप टैरिफ का तोड़, निर्यातकों को होगा बड़ा फायदा
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को निर्यात संवर्धन मिशन (EPM) को मंजूरी दे दी है। यह छह साल की अवधि वाला मिशन होगा, जिसकी कुल लागत ₹25,060 करोड़ तय की गई है। इसके तहत सरकार ने क्रेडिट गारंटी स्कीम के विस्तार के लिए ₹20,000 करोड़ का फंड आवंटित किया है।
अमेरिका के ट्रंप प्रशासन की ओर से लगाए गए टैरिफ का तोड़ केंद्र सरकार ने निकाल लिया है। दरअसल, केंद्र सरकार की कैबिनेट बैठक में बुधवार को 25,060 रुपये के व्यय के साथ निर्यात संवर्धन मिशन को मंजूरी दे दी गई। यह मिशन इस वित्त वर्ष से शुरू होगा और छह वित्त वर्ष के लिए होगा। इस मिशन को दो सब-स्कीम्स: निर्यात प्रोत्साहन और निर्यात दिशा के माध्यम से क्रियान्वित किया जाएगा।
सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इस फैसले की जानकारी देते हुए कहा कि निर्यात संवर्धन मिशन के तहत एमएसएमई निर्यातकों को ब्याज सहायता दी जाएगी। इसके साथ ही कैबिनेट ने अपने महत्वपूर्ण खनिज मिशन के अंतर्गत ग्रेफाइट, सीजियम, रुबिडियम और जिरकोनियम की रॉयल्टी दरों को युक्तिसंगत बनाने को भी मंजूरी दे दी।
ऋण गारंटी योजना
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने निर्यातकों के लिए ऋण गारंटी योजना (सीजीएसई) शुरू करने को मंजूरी दे दी। इस योजना के तहत नेशनल क्रेडिट गारंटी ट्रस्टी कंपनी लिमिटेड (एनसीजीटीसी) सदस्य वित्तीय संस्थानों को पात्र निर्यातकों, जिनमें एमएसएमई भी शामिल हैं, को 20,000 करोड़ रुपये तक की अतिरिक्त ऋण सुविधा देने पर 100 प्रतिशत ऋण गारंटी कवरेज प्रदान करेगी।
ट्रंप टैरिफ का है तोड़
निर्यात संवर्धन मिशन के तहत सरकार हाल ही में ग्लोबल टैरिफ ग्रोथ से प्रभावित क्षेत्रों, जैसे वस्त्र, चमड़ा, रत्न एवं आभूषण, इंजीनियरिंग सामान और समुद्री उत्पादों को प्राथमिकता के आधार पर सहायता प्रदान करेगी। परियोजना के हस्तक्षेप का उद्देश्य निर्यात ऑर्डरों को बनाए रखने, नौकरियों की रक्षा करने और नए भौगोलिक क्षेत्रों में विविधीकरण को बढ़ावा देने में मदद करना है। बता दें कि अमेरिका के ट्रंप प्रशासन ने 27 अगस्त से भारतीय वस्तुओं पर 50 प्रतिशत का भारी शुल्क लगाया है।
खनिजों पर रॉयल्टी
केंद्र सरकार ने घरेलू उत्पादन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ग्रेफाइट, सीजियम, रुबिडियम और जिरकोनियम जैसे महत्वपूर्ण खनिजों पर रॉयल्टी दरों को युक्तिसंगत बनाने को मंजूरी दे दी।सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसके बारे में बताया कि इन चार महत्वपूर्ण खनिजों के ब्लॉक की नीलामी की जाएगी। मंत्रिमंडल के इस फैसले से सीजियम, रुबिडियम और जिरकोनियम युक्त खनिज ब्लॉक की नीलामी को बढ़ावा मिलेगा। इससे न केवल इन खनिजों को बल्कि इनसे जुड़े अन्य महत्वपूर्ण खनिजों, जैसे लिथियम, टंगस्टन, आरईईएस और नियोबियम आदि को भी लाभ मिलेगा।





