9 करोड़ से ज्यादा शेयरों की डील, गदगद ब्रोकरेज ने कहा- मुनाफे के लिए खरीद लो
मुख्य बातें
- मीशो (Meesho) के शेयर की कीमत में लगभग 5% की बढ़ोतरी हुई
- मीशो में लगभग 1,540 करोड़ रुपये की ब्लॉक डील में 9.3 करोड़ शेयरों (जो कुल इक्विटी का लगभग 2 प्रतिशत है) के ट्रांजैक्शन की खबर आई

Meesho share price: ऑनलाइन शॉपिंग के लिए चर्चित कंपनी मीशो के शेयर में बुधवार को तगड़ा उछाल आया। सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन बुधवार, 10 जून को मीशो (Meesho) के शेयर की कीमत में लगभग 5% की बढ़ोतरी हुई। यह बढ़ोतरी ऐसे समय में हुई जब ग्लोबल ब्रोकरेज फर्म जेफरीज (Jefferies) ने शेयर पर नया टारगेट प्राइस दिया है। इसके अलावा, एक ब्लॉक डील की भी खबर आई है।
1,540 करोड़ रुपये की ब्लॉक डील
मीशो में लगभग 1,540 करोड़ रुपये की ब्लॉक डील में 9.3 करोड़ शेयरों (जो कुल इक्विटी का लगभग 2 प्रतिशत है) के ट्रांजैक्शन की खबर आई। यह ट्रांजैक्शन कंपनी के छह महीने के शेयरहोल्डर लॉक-इन पीरियड के खत्म होने के एक दिन बाद हुआ है, जिससे IPO से पहले की होल्डिंग्स का एक बड़ा हिस्सा ट्रेडिंग के लिए योग्य हो गया है। नुवामा अल्टरनेटिव एंड क्वांटिटेटिव रिसर्च के डेटा के अनुसार, 10 जून को मीशो की कुल इक्विटी का लगभग 68 प्रतिशत हिस्सा ट्रेडिंग के लिए योग्य हो गया। हालांकि लॉक-इन खत्म होने का मतलब यह नहीं है कि निवेशक तुरंत शेयर बेचेंगे।
शेयर का परफॉर्मेंस
मीशो के शेयर परफॉर्मेंस की बात करें तो यह 166.95 रुपये की पिछली क्लोजिंग के मुकाबले 174.65 रुपये पर पहुंच गया। ब्रोकरेज जेफरीज ने शेयर का ₹225 का टारगेट प्राइस तय करते हुए कवरेज शुरू किया है। यह मौजूदा कीमत से लगभग 35% की बढ़त की संभावना दिखाता है।
जेफरीज के अनुसार मीशो भारत में तेजी से एक बड़े वैल्यू-कॉमर्स प्लेटफॉर्म के रूप में उभर रही है, जो खासतौर पर गैर-मेट्रो शहरों के कीमत-संवेदनशील ग्राहकों को लक्षित करती है। कंपनी की मजबूत ग्राहक पहुंच, उत्पाद खोज (प्रोडक्ट डिस्कवरी) क्षमता और कुशल लॉजिस्टिक्स नेटवर्क इसके ग्रोथ को गति दे रहे हैं। ब्रोकरेज के मुताबिक मीशो FY26 और FY30 के बीच लगभग 25% का नेट मर्चेंडाइज वैल्यू (NMV) CAGR हासिल करेगी। इसके साथ ही कंपनी के FY30 तक लगभग 3% का एडजस्टेड एबिटा मार्जिन हासिल करने का अनुमान है।
जेफरीज ने कहा कि मीशो का कमीशन-फ्री मॉडल बड़ी संख्या में MSME विक्रेताओं को आकर्षित कर रहा है। इससे ग्राहकों को कम कीमत पर उत्पाद उपलब्ध हो रहे हैं जबकि कंपनी का विक्रेता आधार भी लगातार बढ़ रहा है।
कैसे रहे तिमाही नतीजे?
31 मार्च को समाप्त बीते वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में मीशो का घाटा कम होकर 166.34 करोड़ रुपये रह गया। इससे पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में कंपनी को 1,391.38 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था। तिमाही के दौरान कंपनी की आय 47.13 प्रतिशत बढ़कर 3,531.21 करोड़ रुपये हो गई, जो एक साल पहले इसी तिमाही में 2,399.97 करोड़ रुपये थी। इस बीच, कंपनी का कुल खर्च 3,807 करोड़ रुपये रहा, जबकि एक साल पहले समान तिमाही में 2,636.83 करोड़ रुपये था। पूरे वित्त वर्ष 2025-26 के लिए मीशो का घाटा 2024-25 के 3,941.70 करोड़ रुपये से कम होकर 1,357.73 करोड़ रुपये रह गया।
लेखक के बारे में
Deepak Kumarहिन्दुस्तान डिजिटल में करीब 5 साल से कार्यरत दीपक कुमार यहां बिजनेस की खबरें लिखते हैं। दीपक को स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस के अलावा बिजनेस से जुड़े तमाम विषयों की गहरी समझ है। वह जटिल आर्थिक और कारोबारी मुद्दों को सरल, संतुलित और आम बोलचाल की भाषा में पाठकों तक पहुंचाना बखूबी जानते हैं। उनकी बिजनेस सेक्शन के अलावा एंटरटेनमेंट, स्पोर्ट्स और पॉलिटिक्स से जुड़ी खबरों पर भी मजबूत पकड़ है। दीपक को उनके बेहतरीन काम के लिए विभिन्न स्तरों पर सम्मानित भी किया जा चुका है। मूल रूप से बिहार के सीवान जिले से ताल्लुक रखने वाले दीपक के पास पत्रकारिता का करीब 13 साल का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत अमर उजाला से की। इसके बाद दैनिक भास्कर, आजतक और इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में भी काम किया। इसका अगला पड़ाव हिन्दुस्तान डिजिटल था, जहां वह वर्तमान में असिस्टेंट न्यूज एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। दीपक ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन की पढ़ाई की जबकि हिमाचल प्रदेश सेंट्रल यूनिवर्सिटी से पोस्ट ग्रेजुएट हुए हैं। जहां एक तरफ वह सोशल मीडिया पर सक्रिय हैं तो वहीं नई तकनीकों से खुद को अपडेट रखते हैं। खाली समय में फिल्में देखना, खाना बनाना और क्रिकेट खेलना पसंद है।
और पढ़ें

