स्मॉल-कैप शेयरों में जबरदस्त तेजी, 70% तक उछले ओला और गैलेंट, क्या पैसे लगाने का सही समय है?
इस महीने निफ्टी स्मॉल-कैप 250 इंडेक्स में 13% से अधिक की बढ़त दर्ज की गई है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक स्मॉल-कैप में मौका है, लेकिन सावधानी के साथ। जल्दबाजी में पैसे न लगाएं। गिरावट पर अच्छी कंपनियों में छोटी-छोटी खरीदारी करें।

भारतीय शेयर मार्केट के स्मॉल-कैप सेगमेंट में पिछले कुछ दिनों से जबरदस्त तेजी देखने को मिल रही है। इसकी मुख्य वजह क्रूड ऑयल की कीमतों में हाई से गिरावट, पश्चिम एशिया में तनाव कम होने के संकेत, और रिटेल इन्वेस्टर्स की मजबूत भागीदारी। 16 अप्रैल तक के आंकड़ों के मुताबिक, निफ्टी स्मॉल-कैप 250 इंडेक्स में 13% से अधिक की बढ़त दर्ज की गई है, जबकि बेंचमार्क निफ्टी 50 में केवल 8% की बढ़त रही।
कौन-कौन से स्मॉल-कैप शेयर बने टॉप परफॉर्मर
इस महीने कई स्मॉल-कैप शेयरों ने निवेशकों को अच्छा खासा रिटर्न दिया है। ओला इलेक्ट्रिक और गैलेंट जैसे शेयरों में 70% तक की उछाल आई है। निफ्टी स्मॉलकैप 250 इंडेक्स की 250 में से 230 से अधिक कंपनियों के शेयर अप्रैल में हरे निशान पर हैं और 175 शेयरों में 10% से अधिक की बढ़त देखी गई है।
आज के कारोबार में भी छोटे शेयर कर रहे कमाल: आज यानी 17 अप्रैल (शुक्रवार) को कारोबार के दौरान निफ्टी स्मॉलकैप 250 इंडेक्स 1% से अधिक चढ़ गया, जबकि निफ्टी 50 सिर्फ 0.5% की मामूली बढ़त ही दर्ज कर पाया।
क्या स्मॉल कैप स्टॉक्स में अब निवेश करना चाहिए?
शेयर मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि स्मॉल-कैप में मौका है, लेकिन सतर्कता भी जरूरी है। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के मुख्य निवेश रणनीतिकार वीके विजयकुमार कहते हैं, "निवेशकों को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बयानों बयानों पर नहीं, बल्कि कार्रवाई पर ध्यान देना चाहिए।"
विजयकुमार के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) के फिर से बिकवाली पर आने का डर बड़े शेयरों पर भारी पड़ रहा है। इसलिए निकट भविष्य में स्मॉल-कैप शेयर बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं।
स्मॉल कैप स्टॉक्स में निवेश के टिप्स
अरिहंत कैपिटल के अर्पित जैन कहते हैं, “स्मॉल-कैप में एक्सपोजर रखने में कोई नुकसान नहीं, लेकिन गिरावट पर धीरे-धीरे (स्टैगर्ड) निवेश करें। मौजूदा ऊंचाई पर उछाल का पीछा करना अच्छा नहीं है। मजबूत बैलेंस शीट और अच्छे मैनेजमेंट वाली कंपनियां चुनें। सारी पूंजी एक साथ न लगाएं। कम से कम 2 से 3 साल का नजरिया रखें। कमजोर कमाई वाली कंपनियों में पैसा न लगाएं। 20 से 30% के उतार-चढ़ाव के लिए तैयार रहें और बिना रिसर्च के फैसला न लें।”
किस सेक्टर के शेयर पर करें फोकस
बड़जाते स्टॉक एंड शेयर्स के तुषार बड़जाते कहते हैं, "भारत की 5 साल की कमाई वृद्धि (16.2%) उभरते बाजारों में सबसे मजबूत है। वित्त वर्ष 2027 तक 12-16% और FY28 तक 17-19% कमाई में वृद्धि की उम्मीद है। यह डरने का समय नहीं, बल्कि चुनिंदा बनने का समय है। बैंकिंग, इंफ्रा, मेटल्स, डिफेंस, वॉटर मैनेजमेंट और हेल्थकेयर पर फोकस करें।"
(डिस्क्लेमर: एक्सपर्ट्स की सिफारिशें, सुझाव, विचार और राय उनके अपने हैं, लाइव हिन्दुस्तान के नहीं। शेयर मार्केट में निवेश जोखिमों के अधीन है और निवेश से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)
लेखक के बारे में
Drigraj Madheshiaदृगराज मद्धेशिया पिछले 21 वर्षों से पत्रकारिता जगत का एक विश्वसनीय चेहरा हैं। वर्तमान में 'लाइव हिन्दुस्तान' की बिजनेस टीम के एक महत्वपूर्ण सदस्य के रूप में, वे शेयर बाजार, कमोडिटी, पर्सनल फाइनेंस और यूटिलिटी सेक्टर पर अपनी गहरी पकड़ रखते हैं। वह कलम से बाजार की नब्ज टटोलने वाले एक पत्रकार हैं, जो शेयर बाजार से लेकर आपकी जेब (Personal Finance) तक, हर खबर को आसान बनाते हैं। टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया के अपने विस्तृत अनुभव के साथ, दृगराज जटिल मार्केट डेटा को आम पाठकों के लिए 'कुछ अलग' और आसान भाषा में पेश करने के लिए पहचाने जाते हैं। उन्होंने अपने करियर में हिन्दुस्तान, सहारा समय, दैनिक जागरण और न्यूज नेशन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं। मूलत: उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के रहने वाले दृगराज मैथ्स बैकग्राउंड होने के कारण डेटा और कैलकुलेशन में माहिर हैं, जो बिजनेस पत्रकारिता के लिए एक बड़ा प्लस पॉइंट है। उन्होंने कॅरियर की शुरुआत गोरखपुर से सहारा समय साप्ताहिक से बतौर फ्रीलांसर की और बहुत ही जल्द सहारा समय उत्तर प्रदेश/उत्तराखंड के हिस्सा बन गए। इसके बाद छत्तीसगढ़ में वॉच न्यूज से जुड़े। टीवी को छोड़ हिन्दुस्तान अखबार के बरेली एडिशन की लॉन्चिंग टीम का हिस्सा बने। साढ़े सात साल की मैराथन पारी के बाद अगला पड़ाव न्यूज नेशन डिजिटल रहा। इसके बाद एक बार फिर हिन्दुस्तान दिल्ली से जुड़े और अब डिजिटल टीम का हिस्सा हैं। और पढ़ें


