भारत का पहला यूनिकॉर्न IPO के लिए 8 बैंकों संग कर रहा डील! 4-5 अरब डॉलर का टार्गेट
InMobi IPO: इनमोबी ने हाल ही में 8 बड़े निवेश बैंकों को सलाहकार भूमिका के लिए चुना है। इसका लक्ष्य 500 मिलियन डॉलर से ज्यादा का IPO लाना है, जिसमें कंपनी की वैल्यूएशन 4 से 5 अरब डॉलर तक पहुंच सकती है।

InMobi IPO: इनमोबी भारत की सबसे चर्चित एडटेक कंपनियों में से एक है, जो मोबाइल विज्ञापन के क्षेत्र में काफी आगे है। यह भारत का पहला यूनिकॉर्न यानी 1 अरब डॉलर वैल्यूएशन वाल पहली स्टार्टअप बना था। अब कंपनी ने घरेलू बाजार में धमाकेदार IPO की तैयारी शुरू कर दी है। मनीकंट्रोल की खबर के मुताबिक इनमोबी ने हाल ही में 8 बड़े निवेश बैंकों को सलाहकार भूमिका के लिए चुना है। इसका लक्ष्य 500 मिलियन डॉलर से ज्यादा का IPO लाना है, जिसमें कंपनी की वैल्यूएशन 4 से 5 अरब डॉलर तक पहुंच सकती है। यह कदम भारतीय स्टार्टअप इकोसिस्टम के लिए एक मील का पत्थर साबित हो सकता है।
8 निवेश बैंकों के साथ चल रही चर्चा
एंपिच प्रेजेंटेशन पूरा होने के बाद इनमोबी इन 8 बैंकों के साथ उन्नत स्तर की बातचीत में है। इनमें कोटक महिंद्रा कैपिटल, एक्सिस कैपिटल, जेफरीज, जेपी मॉर्गन, मोतीलाल ओसवाल, आईआईएफएल कैपिटल, बीओएफए सिक्योरिटीज और यूबीएस शामिल हैं। ये बैंक IPO की पूरी प्रक्रिया को मैनेज करेंगे, जिसमें रोडशो, प्राइसिंग और लिस्टिंग शामिल है।
मनीकंट्रोल के सूत्र बताते हैं कि यह सिन्डिकेट बाद में बदल भी सकता है, अगर जरूरत पड़ी तो नए बैंक जुड़ सकते हैं। इतने बड़े सिन्डिकेट का चयन कंपनी की महत्वाकांक्षा को दर्शाता है। इनमोबी का यह कदम न सिर्फ उसके शेयरधारकों के लिए फायदेमंद होगा, बल्कि भारतीय निवेशकों को भी एक मजबूत ऐडटेक स्टॉक मिलेगा।
PO से पहले कंपनी एक प्री-IPO राउंड करेगी, जिसमें नए निवेशक जुड़ सकते हैं। सबसे अहम बात, इनमोबी सिंगापुर से भारत में रिवर्स फ्लिप प्रक्रिया चला रही है। इससे कंपनी पूरी तरह भारतीय हो जाएगी, जो IPO नियमों के लिए जरूरी है। इनमोबी के को-फाउंडर नावीन तेवतिया और अन्य ने कंपनी को वैश्विक स्तर पर पहुंचाया है, जो अब भारतीय बाजार में लिस्ट होने को तैयार है।
इनमोबी का सफर
इनमोबी की शुरुआत 2007 में हुई थी और यह गूगल, फेसबुक जैसे दिग्गजों से मुकाबला करती है। मोबाइल ऐडटेक में इसकी तकनीक AI पर आधारित है, जो ब्रांड्स को बेहतर टारगेटिंग देती है। भारत के उभरते डिजिटल मार्केट में यह IPO समय पर आ रहा है, जब NSE और BSE पर टेक IPO का क्रेज है। इससे ऐडटेक सेक्टर को बूस्ट मिलेगा और निवेशक एआई, डेटा एनालिटिक्स में रुचि लेंगे। कुल मिलाकर, यह 500 मिलियन डॉलर का IPO भारतीय स्टॉक मार्केट को नई ऊंचाई दे सकता है।
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Drigraj Madheshiaदृगराज मद्धेशिया:-लाइव हिन्दुस्तान में पिछले 6 साल से बिजनेस टीम का अहम हिस्सा हैं। दृगराज को पत्रकारिता में 21 वर्षों का लंबा अनुभव है। इन्होंने टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में अपनी स्पेशल खबरों से खास पहचान बनाई है। शेयर मार्केट, कमोडिटी, पर्सनल फाइनेंस और यूटिलिटी पर विशेष पकड़। मैथ्स से ग्रेजुएट, मास कम्युनिकेशन और कंप्यूटर साइंस में पीजी डिप्लोमा। दृगराज, रिसर्च और एनॉलिस के जरिए मार्केट डेटा को आसान भाषा में 'कुछ अलग' पाठकों तक पहुंचाते हैं। लाइव हिन्दुस्तान से पहले साढ़े सात साल तक हिन्दुस्तान अखबार में बतौर सीनियर रिपोर्टर काम किया। इसके अलावा सहारा समय, दैनिक जागरण, न्यूज नेशन में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं।
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