ITR फाइल करने से चूक गए तो क्या हुआ, अब भी बची है ये डेडलाइन

लाइव हिन्दुस्तान
Follow us on Google News
share

मुख्य बातें

  • अगर आप अपनी तय समय-सीमा तक आईटीआर फाइल करने से चूक गए हैं तो भी सेक्शन 139(4) के तहत ITR फाइल कर सकते हैं
  • वहीं, संशोधित रिटर्न फाइल करने का भी मौका है
Revised ITR Tax income tax
ITR फाइल करने से चूक गए तो भी राहत की खबर

नौकरीपेशा लोगों के लिए इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) भरने की डेडलाइन 31 जुलाई को खत्म हो चुकी है। हालांकि, अब भी कई लोग ऐसे होंगे जो ITR फाइल करने से चूक गए हैं। अगर आप भी उन लोगों में हैं तो ये खबर आपके काम की हो सकती है। दरअसल, अगले कुछ महीने में ऐसी डेडलाइन आने वाली है जिसके बारे में टैक्सपेयर्स को जानना जरूरी है।

31 अगस्त और 31 अक्टूबर

बिजनेस या प्रोफेशन से इनकम वाले टैक्सपेयर्स जो ITR-3 या ITR-4 का इस्तेमाल करते हैं और जिनके अकाउंट्स का टैक्स ऑडिट जरूरी नहीं है, उनके पास रिटर्न भरने के लिए 31 अगस्त तक का समय है। इसमें फ्रीलांसर, कंसल्टेंट और छोटे बिजनेस के मालिक शामिल हैं। यह अतिरिक्त महीना इस साल खास तौर पर उन बिजनेस वालों को ज्यादा समय देने के लिए शुरू किया गया था जिन्हें ऑडिट की जरूरत नहीं है, ताकि वे अपने अकाउंट्स को क्लोज कर सकें। जिनके अकाउंट्स का सेक्शन 44AB के तहत ऑडिट होना जरूरी है, उन्हें 31 अक्टूबर तक का समय मिलता है। उनके ऑडिटर को रिटर्न भरने की तारीख से एक महीने पहले यानी 30 सितंबर तक ऑडिट रिपोर्ट फाइल करनी होती है।

31 दिसंबर: बिलेटेड ITR

अगर आप अपनी तय समय-सीमा तक आईटीआर फाइल करने से चूक गए हैं तो भी सेक्शन 139(4) के तहत ITR फाइल कर सकते हैं। यह 'बिलेटेड रिटर्न' फाइल करने की प्रक्रिया है। यह सुविधा 31 दिसंबर 2026 तक उपलब्ध है। हालांकि, इसके लिए आपको कुछ कीमत चुकानी होगी। अगर आपकी कुल आय ₹5 लाख से कम है तो आपको सेक्शन 234F के तहत ₹1000 की लेट फीस देनी पड़ सकती है। अगर आय इससे अधिक है तो ₹5000 तक देने होंगे।

इसके अलावा, 31 जुलाई से बकाया टैक्स पर सेक्शन 234A के तहत हर महीने 1% की दर से ब्याज भी लगेगा। बिलेटेड रिटर्न फाइल करने पर आप कुछ नुकसान को भविष्य के सालों में 'कैरी फॉरवर्ड' (आगे ले जाने) का अधिकार खो देते हैं, हालांकि हाउस प्रॉपर्टी से हुए नुकसान को अभी भी कैरी फॉरवर्ड किया जा सकता है।

31 दिसंबर: संशोधित रिटर्न

सेक्शन 139(5) के तहत संशोधित रिटर्न उन टैक्सपेयर्स के लिए है जिन्होंने समय पर रिटर्न फाइल किया था लेकिन बाद में उन्हें कोई गलती, कोई छूटा हुआ डिडक्शन, गलत बैंक डिटेल्स या ऐसी आय का पता चला जो पहले नहीं बताई गई थी। ऐसी किसी भी गलती को 31 दिसंबर तक रिटर्न को रिवाइज करके ठीक किया जा सकता है। संशोधित ITR की आखिरी तारीख 31 मार्च 2027 है, लेकिन 31 दिसंबर के बाद फाइल किए गए किसी भी रिवाइज्ड रिटर्न पर पेनल्टी लग सकती है।

Deepak Kumar

लेखक के बारे में

Deepak Kumar

हिन्दुस्तान डिजिटल में करीब 5 साल से कार्यरत दीपक कुमार यहां बिजनेस की खबरें लिखते हैं। दीपक को स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस के अलावा बिजनेस से जुड़े तमाम विषयों की गहरी समझ है। वह जटिल आर्थिक और कारोबारी मुद्दों को सरल, संतुलित और आम बोलचाल की भाषा में पाठकों तक पहुंचाना बखूबी जानते हैं। उनकी बिजनेस सेक्शन के अलावा एंटरटेनमेंट, स्पोर्ट्स और पॉलिटिक्स से जुड़ी खबरों पर भी मजबूत पकड़ है। दीपक को उनके बेहतरीन काम के लिए विभिन्न स्तरों पर सम्मानित भी किया जा चुका है। मूल रूप से बिहार के सीवान जिले से ताल्लुक रखने वाले दीपक के पास पत्रकारिता का करीब 13 साल का अनुभव है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत अमर उजाला से की। इसके बाद दैनिक भास्कर, आजतक और इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में भी काम किया। इसका अगला पड़ाव हिन्दुस्तान डिजिटल था, जहां वह वर्तमान में असिस्टेंट न्यूज एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। दीपक ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से मास कम्युनिकेशन में ग्रेजुएशन की पढ़ाई की जबकि हिमाचल प्रदेश सेंट्रल यूनिवर्सिटी से पोस्ट ग्रेजुएट हुए हैं। जहां एक तरफ वह सोशल मीडिया पर सक्रिय हैं तो वहीं नई तकनीकों से खुद को अपडेट रखते हैं। खाली समय में फिल्में देखना, खाना बनाना और क्रिकेट खेलना पसंद है।

और पढ़ें
बिजनेस न्यूज, आज के पेट्रोल और डीजल के दाम, शेयर बाजार की ताज़ा खबरें, आईटीआर न्यूज से जुड़ी जरूरी जानकारी पढ़ने के लिए Live Hindustan App अभी डाउनलोड करें।