डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन: सरकार के खजाने में 8.11 लाख करोड़ रुपये पहुंचे
मुख्य बातें
- टैक्स कलेक्शन बढ़ने के साथ टैक्सपेयर्स को दिए गए रिफंड का आंकड़ा भी बड़ा है
- 10 अगस्त तक सरकार ने करीब 1.43 लाख करोड़ रुपये का रिफंड जारी किया
- पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में रिफंड करीब 1.38 लाख करोड़ रुपये था

देश में डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन में इस वित्त वर्ष अब तक जोरदार बढ़ोतरी हुई है। आयकर विभाग के 10 अगस्त 2026 तक के आंकड़ों के मुताबिक, सरकार को रिफंड काटने के बाद नेट डायरेक्ट टैक्स के रूप में 8.11 लाख करोड़ रुपये मिले हैं। पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में यह आंकड़ा करीब 6.59 लाख करोड़ रुपये था। यानी एक साल में नेट कलेक्शन 23.09 प्रतिशत बढ़ा है।
ग्रॉस टैक्स कलेक्शन भी करीब 20% बढ़ा
आयकर विभाग के आंकड़ों के अनुसार, 10 अगस्त तक वित्त वर्ष 2026-27 में सरकार का ग्रॉस डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन 9.55 लाख करोड़ रुपये रहा। पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में यह करीब 7.97 लाख करोड़ रुपये था। इस तरह ग्रॉस कलेक्शन में 19.75 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
सरकार ने 1.43 लाख करोड़ रुपये का रिफंड दिया
टैक्स कलेक्शन बढ़ने के साथ टैक्सपेयर्स को दिए गए रिफंड का आंकड़ा भी बड़ा है। 10 अगस्त तक सरकार ने करीब 1.43 लाख करोड़ रुपये का रिफंड जारी किया। पिछले वित्त वर्ष की इसी अवधि में रिफंड करीब 1.38 लाख करोड़ रुपये था। यानी रिफंड में भी करीब 3.79 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई।
कॉरपोरेट टैक्स से कितना पैसा आया?
आंकड़ों के अनुसार, वित्त वर्ष 2026-27 में अब तक कॉरपोरेट टैक्स का ग्रॉस कलेक्शन 3.80 लाख करोड़ रुपये रहा। पिछले साल इसी अवधि में यह करीब 3.32 लाख करोड़ रुपये था। रिफंड के बाद कॉरपोरेट टैक्स से सरकार की नेट प्राप्ति करीब 2.70 लाख करोड़ रुपये रही। पिछले वर्ष यह लगभग 2.26 लाख करोड़ रुपये थी।
गैर-कॉरपोरेट टैक्स ने भी दिखाई तेज रफ्तार
गैर-कॉरपोरेट टैक्स यानी Non-Corporate Tax (NCT) का ग्रॉस कलेक्शन इस साल 10 अगस्त तक 5.41 लाख करोड़ रुपये रहा। पिछले साल इसी अवधि में यह करीब 4.42 लाख करोड़ रुपये था।
रिफंड के बाद NCT से सरकार को 5.07 लाख करोड़ रुपये मिले, जबकि पिछले वर्ष यह करीब 4.11 लाख करोड़ रुपये था। ध्यान देने वाली बात यह है कि NCT में इंडीविजुअल्स के अलावा HUF, फर्म, AOP, BOI, स्थानीय प्राधिकरण और अन्य श्रेणियों से मिलने वाला टैक्स भी शामिल होता है।
शेयर बाजार से STT की भी अच्छी कमाई
सरकार को शेयर बाजार के लेनदेन से मिलने वाला सिक्योरिटीज टैक्स ट्रांजैक्शन (STT) भी बढ़ा है। 10 अगस्त तक वित्त वर्ष 2026-27 में STT से 33,823.74 करोड़ रुपये का ग्रॉस कलेक्शन हुआ। पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में यह करीब 22,354.31 करोड़ रुपये था। यानी STT कलेक्शन में लगभग 51 प्रतिशत की जोरदार बढ़ोतरी हुई है।
इन आंकड़ों में सबसे महत्वपूर्ण बात नेट डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन की 23.09% वृद्धि है। यानी रिफंड देने के बाद भी पिछले साल की तुलना में सरकार के पास करीब 1.52 लाख करोड़ रुपये अधिक नेट डायरेक्ट टैक्स आया है। हालांकि, यह आंकड़ा पूरे वित्त वर्ष का अंतिम टैक्स कलेक्शन नहीं है। यह 10 अगस्त 2026 तक का संचयी आंकड़ा है, इसलिए पूरे साल की टैक्स कमाई का आकलन इससे सीधे नहीं किया जा सकता।
स्रोत: आयकर विभाग, भारत सरकार; आंकड़े 10 अगस्त 2026 तक।


