बजट में मिली बंपर सौगात: इन 5 डिफेंस स्टॉक्स में तूफानी तेजी के आसार
Defence Stocks: वित्त वर्ष 2026-27 के बजट में रक्षा के लिए रिकॉर्ड आवंटन ने डिफेंस स्टॉक्स में तेजी की संभावनाएं बढ़ा दी हैं। प्रमुख कंपनियों जैसे HAL, BEL, और Mazagon Dock के लिए निवेश के अवसरों की जानकारी जानें और अपने निवेश के फैसले को मजबूत करें।

Defence Stocks: अगर आप डिफेंस कंपनियों के शेयर में पैसा लगाने की सोच रहे हैं तो यह समय आपके लिए बिल्कुल सही है। क्योंकि, वित्त वर्ष 2026-27 के बजट में रक्षा के लिए रिकॉर्ड 7.84 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जो पिछले वर्ष की तुलना में 15% अधिक है। खास बात यह है कि पूंजीगत खर्च में 21.8% की बढ़ोतरी करके 2.19 लाख करोड़ रुपये किया गया है। इसके अलावा, रक्षा अधिग्रहण परिषद ने हाल ही में 3.60 लाख करोड़ रुपये के अधिग्रहण प्रस्तावों को मंजूरी दी है, जिससे निवेशकों की दिलचस्पी और बढ़ गई है।
चालू वित्त वर्ष में अब तक 3.3 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाओं को मंजूरी मिल चुकी है, जो पिछले साल के 2.2 लाख करोड़ रुपये से कहीं ज्यादा है। इस आधार पर ब्रोकरेज का मानना है कि रक्षा पीएसयू और चुनिंदा निजी कंपनियां निरंतर वृद्धि के लिए अच्छी स्थिति में हैं।
एंटीक ब्रोकिंग की टॉप डिफेंस स्टॉक्स में खरीदारी की सलाह
हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL): टार्गेट प्राइस 6,346 रुपये
एंटीक एचएएल को लेकर पॉजिटिव है, क्योंकि डिफेंस एयरोस्पेस में उसकी प्रमुख स्थिति है। कंपनी के पास अगले 10-15 वर्षों में तेजस और एएमसीए जैसे 300 से अधिक विमान बनाने का अवसर है। बढ़ते स्वदेशीकरण से एचएएल को सीधा फायदा होगा। ब्रोकरेज ने 6,346 रुपये के टार्गेट प्राइस के साथ खरीदारी रेटिंग बनाए रखी है।

भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL): टार्गेट प्राइस 532 रुपये
बीईएल को इलेक्ट्रॉनिक वारफेयर सिस्टम, रडार और मिसाइल इलेक्ट्रॉनिक्स में बढ़ते आवंटन का सबसे बड़ा लाभार्थी माना गया है। क्यूआरएसएएम कार्यक्रम (करीब 300 अरब रुपये) जैसे बड़े ऑर्डर मिलने की उम्मीद है। बीईएल के विविध पोर्टफोलियो और बेहतर मार्जिन से कमाई की मजबूत संभावना बनती है। एंटीक ने 532 रुपये के टार्गेट प्राइस के साथ खरीदारी रेटिंग दोहराई है।
मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स
कांप्लेक्स युद्धपोतों और पनडुब्बियों के निर्माण में मझगांव डॉक की अद्वितीय क्षमता है। यह एकमात्र भारतीय शिपयार्ड है जिसके पास पनडुब्बी निर्माण का अनुभव है। ब्रोकरेज को पी-75(I) परियोजना और अतिरिक्त स्कॉर्पीन पनडुब्बियों से 1.0-1.05 लाख करोड़ रुपये के ऑर्डर मिलने की उम्मीद है, जिससे लंबी अवधि के लिए राजस्व की स्पष्ट तस्वीर बनेगी।
पीटीसी इंडस्ट्रीज
एयरोस्पेस और रक्षा में इस्तेमाल होने वाले टाइटेनियम व सुपर-अलॉय घटकों के कारण पीटीसी रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है। कंपनी का एयरोस्पेस मटेरियल कॉम्प्लेक्स शुरू होने से राजस्व में बड़ी बढ़ोतरी होगी। एंटीक ने 23,005 रुपये के टार्गेट प्राइस के साथ खरीदारी रेटिंग बरकरार रखी है।
सोलर इंडस्ट्रीज
सोलर इंडस्ट्रीज को रक्षा विनिर्माण में लंबी अवधि का निवेश का जरिया माना गया है। विस्फोटक, गोला-बारूद और अपग्रेडेड डिफेंस टेक्नोलाजी में कंपनी की मजबूत पकड़ है। वित्त वर्ष 2026 की तीसरी तिमाही तक इसका डिफेंस ऑर्डर बुक लगभग 191 अरब रुपये का था, जो मजबूत राजस्व संभावना दर्शाता है।
डिफेंस सेक्टर का भविष्य
एंटीक के अनुसार, भू-राजनीतिक तनाव और आधुनिकीकरण की जरूरत ने रक्षा खर्च में बड़ी वृद्धि को अपरिहार्य बना दिया है। पनडुब्बियों, मिसाइलों, ड्रोन और रडार जैसे बड़े प्लेटफॉर्मों के लिए मंजूरी मिल चुकी है, जिससे वित्त वर्ष 2027-28 में ऑर्डर प्रवाह की मजबूत संभावना है। ब्रोकरेज का कहना है कि निकट भविष्य में डिफेंस पीएसयू के पास वृद्धि के जबरदस्त अवसर हैं और आने वाले वर्षों में रक्षा पूंजीगत खर्च में दोहरे अंकों की वृद्धि जारी रहेगी।
(डिस्क्लेमर: एक्सपर्ट्स की सिफारिशें, सुझाव, विचार और राय उनके अपने हैं, लाइव हिन्दुस्तान के नहीं। शेयर मार्केट में निवेश जोखिमों के अधीन है और निवेश से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)

लेखक के बारे में
Drigraj Madheshiaदृगराज मद्धेशिया:-लाइव हिन्दुस्तान में पिछले 6 साल से बिजनेस टीम का अहम हिस्सा हैं। दृगराज को पत्रकारिता में 21 वर्षों का लंबा अनुभव है। इन्होंने टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया में अपनी स्पेशल खबरों से खास पहचान बनाई है। शेयर मार्केट, कमोडिटी, पर्सनल फाइनेंस और यूटिलिटी पर विशेष पकड़। मैथ्स से ग्रेजुएट, मास कम्युनिकेशन और कंप्यूटर साइंस में पीजी डिप्लोमा। दृगराज, रिसर्च और एनॉलिस के जरिए मार्केट डेटा को आसान भाषा में 'कुछ अलग' पाठकों तक पहुंचाते हैं। लाइव हिन्दुस्तान से पहले साढ़े सात साल तक हिन्दुस्तान अखबार में बतौर सीनियर रिपोर्टर काम किया। इसके अलावा सहारा समय, दैनिक जागरण, न्यूज नेशन में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं।
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