Sahara Refund: सहारा में फंसे हैं जिनके पैसे, उनके लिए गोल्डन चांस, 10 लाख तक क्लेम करें दोबारा
Sahara Refund Updates: अगर आपने सहारा इंडिया में पैसा जमा कर रखा है और क्लेम करने के बावजूद आपके खाते में अभी तक पैसा नहीं आया है तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। सहारा इंडिया रिफंड पोर्टल पर एक बार फिर से रिसबमिशन का विकल्प खुल गया है।

Sahara Refund Updates: अगर आपने सहारा इंडिया में पैसा जमा कर रखा है और क्लेम करने के बावजूद आपके खाते में अभी तक पैसा नहीं आया है तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। सहारा इंडिया रिफंड पोर्टल पर एक बार फिर से रिसबमिशन का विकल्प खुल गया है। पोर्टल के मुताबिक आप उन जमाकर्ताओं में से हैं, जिन्हें उनके क्लेम में कमियां बताई गई हैं या भुगतान न हो पाने की सूचना दी गई है, तो आपके लिए यह जानकारी बेहद अहम है। ऐसे सभी जमाकर्ताओं से अनुरोध है कि वे बताई गई कमियों को दूर करते हुए रीसबमिशन पोर्टल पर अपना दावा दोबारा प्रस्तुत करें।
रीसबमिशन से जुड़ी मुख्य बातें
फिलहाल,10 लाख रुपये तक के दावों को दोबारा प्रस्तुत करने की प्रक्रिया जारी है। एक बार जब आप अपना क्लेम सही तरीके से दोबारा जमा कर देते हैं, तो इसे 45 वर्किंग डेज के भीतर प्रोसेस कर दिया जाएगा। यह पूरा प्रोसेस डिजिटल और पारदर्शी तरीके से की जा रही है।
अब तक 50000 रुपये तक क्लेम प्रोसेस्ड
CRCS-सहारा रिफंड पोर्टल में जमा किए गए एप्लीकेशन प्रोसेस हो गए हैं और हर एप्लीकेशन पर 50,000 रुपये या उससे कम का पेमेंट उन एलिजिबल डिपॉजिटर्स को किया गया है, जिनके क्लेम वेरिफाई हो सके। जिन डिपॉजिटर्स के क्लेम में कमियों की वजह से वेरिफाई नहीं हो सके, उन्हें “CRCS-सहारा रिफंड पोर्टल” के जरिए कमी के मैसेज भेजे गए हैं।
यह CRCS-सहारा रिफंड पोर्टल (रीसबमिशन) कमियों को ठीक करने के बाद क्लेम को फिर से जमा करने के लिए शुरू किया गया है। ये डिपॉजिटर्स अपने हर कमी वाले क्लेम की कमियों को ठीक कर सकते हैं और रीसबमिशन पोर्टल के जरिए आगे की प्रोसेसिंग के लिए अपने क्लेम को फिर से जमा कर सकते हैं, जिसे पोर्टल पर लोड को मैनेज करने के लिए धीरे-धीरे कमियों वाले डिपॉजिटर्स के लिए खोला गया है।
पोर्टल ऑनलाइन क्लेम दोबारा जमा करने के 45 वर्किंग डेज के अंदर दोबारा जमा किए गए क्लेम को प्रोसेस करेगा। डिपॉजिटर्स से रिक्वेस्ट है कि वे रीसबमिशन एप्लीकेशन फ़ॉर्म में चारों सोसाइटियों से जुड़ी कमियों वाले सभी क्लेम दोबारा जमा करें। केवल पोर्टल के जरिए ऑनलाइन दोबारा जमा किए गए क्लेम ही माने जाएंगे। इसके लिए आप सीधे इस लिंक पर जा सकते हैं: https://mocresubmit.crcs.gov.in/resubmission/#/home
कहां करें संपर्क?
अगर आपको किसी तकनीकी सहायता या जानकारी की आवश्यकता हो, तो आप पोर्टल हेल्पडेस्क नंबर 01120909044 और 01120909045 पर संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा, समितियों के नंबर 0522 6937100, 0522 3108400, 0522 6931000 और 08069208210 पर भी फोन किया जा सकता है। संपर्क करने का समय सुबह 9:30 बजे से शाम 6:00 बजे तक, सोमवार से शुक्रवार (केंद्र सरकार की छुट्टियों को छोड़कर) है।
लेखक के बारे में
Drigraj Madheshiaदृगराज मद्धेशिया पिछले 21 वर्षों से पत्रकारिता जगत का एक विश्वसनीय चेहरा हैं। वर्तमान में 'लाइव हिन्दुस्तान' की बिजनेस टीम के एक महत्वपूर्ण सदस्य के रूप में, वे शेयर बाजार, कमोडिटी, पर्सनल फाइनेंस और यूटिलिटी सेक्टर पर अपनी गहरी पकड़ रखते हैं। वह कलम से बाजार की नब्ज टटोलने वाले एक पत्रकार हैं, जो शेयर बाजार से लेकर आपकी जेब (Personal Finance) तक, हर खबर को आसान बनाते हैं। टीवी, प्रिंट और डिजिटल मीडिया के अपने विस्तृत अनुभव के साथ, दृगराज जटिल मार्केट डेटा को आम पाठकों के लिए 'कुछ अलग' और आसान भाषा में पेश करने के लिए पहचाने जाते हैं। उन्होंने अपने करियर में हिन्दुस्तान, सहारा समय, दैनिक जागरण और न्यूज नेशन जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं। मूलत: उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के रहने वाले दृगराज मैथ्स बैकग्राउंड होने के कारण डेटा और कैलकुलेशन में माहिर हैं, जो बिजनेस पत्रकारिता के लिए एक बड़ा प्लस पॉइंट है। उन्होंने कॅरियर की शुरुआत गोरखपुर से सहारा समय साप्ताहिक से बतौर फ्रीलांसर की और बहुत ही जल्द सहारा समय उत्तर प्रदेश/उत्तराखंड के हिस्सा बन गए। इसके बाद छत्तीसगढ़ में वॉच न्यूज से जुड़े। टीवी को छोड़ हिन्दुस्तान अखबार के बरेली एडिशन की लॉन्चिंग टीम का हिस्सा बने। साढ़े सात साल की मैराथन पारी के बाद अगला पड़ाव न्यूज नेशन डिजिटल रहा। इसके बाद एक बार फिर हिन्दुस्तान दिल्ली से जुड़े और अब डिजिटल टीम का हिस्सा हैं। और पढ़ें


