बंगाल में बढ़ेगी कर्मचारियों की सैलरी! DA हाइक और 7वें वेतन आयोग पर इस दिन होगा बड़ा फैसला
मुख्य बातें
- पश्चिम बंगाल सरकार 18 मई की कैबिनेट बैठक में DA बढ़ोतरी और 7वें वेतन आयोग पर बड़ा फैसला ले सकती है
- सरकारी कर्मचारी लंबे समय से केंद्र के बराबर महंगाई भत्ता देने की मांग कर रहे हैं
- अगर फैसला हुआ तो लाखों कर्मचारियों और पेंशनर्स की सैलरी और पेंशन में बड़ा इजाफा हो सकता है

पश्चिम बंगाल के लाखों सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए आने वाले दिनों में बड़ी राहत की खबर आ सकती है। राज्य सरकार 18 मई को होने वाली कैबिनेट बैठक में महंगाई भत्ता (DA) और 7वें वेतन आयोग (7th Pay Commission) को लेकर बड़ा फैसला ले सकती है। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने संकेत दिए हैं कि इस बैठक में कर्मचारियों की लंबे समय से चली आ रही मांगों पर गंभीर चर्चा होगी। खास बात यह है कि राज्य कर्मचारी लगातार केंद्र सरकार के बराबर DA देने की मांग कर रहे हैं और यह मामला फिलहाल सुप्रीम कोर्ट में भी लंबित है। ऐसे में नई सरकार से कर्मचारियों की उम्मीदें काफी बढ़ गई हैं।
मुख्यमंत्री ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि पिछली कैबिनेट बैठक में केवल तैयार फाइलों पर ही फैसले लिए जा सके थे, लेकिन अगली बैठक में कई बड़े नीतिगत मुद्दों पर चर्चा होगी। इनमें महिलाओं के खिलाफ अपराध, संस्थागत भ्रष्टाचार, आरजी कर केस और सबसे अहम DA तथा 7वें वेतन आयोग का मुद्दा शामिल रहेगा। उन्होंने साफ संकेत दिए कि सरकार कर्मचारियों और पेंशनर्स को केंद्र के बराबर महंगाई भत्ता देने पर विचार कर सकती है। अगर ऐसा होता है, तो यह राज्य के लाखों कर्मचारियों और रिटायर्ड कर्मचारियों के लिए बड़ी आर्थिक राहत साबित होगी।
दरअसल, पिछले कई सालों से पश्चिम बंगाल के सरकारी कर्मचारी केंद्र और राज्य के DA में भारी अंतर को लेकर नाराज रहे हैं। केंद्र सरकार के कर्मचारियों को जहां लगातार बढ़ा हुआ DA मिल रहा है, वहीं बंगाल के कर्मचारियों का कहना है कि उन्हें काफी कम भत्ता दिया जा रहा है। इसी वजह से कई बार प्रदर्शन और आंदोलन भी हुए। अब नई सरकार के आने के बाद कर्मचारियों को उम्मीद है कि वेतन और भत्तों में बड़ा सुधार देखने को मिल सकता है।
इसके साथ ही 7वें वेतन आयोग के गठन पर भी चर्चा बेहद अहम मानी जा रही है। अगर सरकार आयोग बनाने का फैसला लेती है, तो राज्य कर्मचारियों की बेसिक सैलरी, भत्तों और पेंशन में बड़ा बदलाव संभव है। इससे कर्मचारियों की आय बढ़ेगी और राज्य की अर्थव्यवस्था पर भी सकारात्मक असर पड़ सकता है। हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि इससे सरकार पर हजारों करोड़ रुपये का अतिरिक्त वित्तीय बोझ भी पड़ सकता है।
मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने यह भी कहा कि अगली कैबिनेट बैठक के बाद वरिष्ठ मंत्री दिलीप घोष और अग्निमित्रा पॉल मीडिया को फैसलों की जानकारी देंगे। फिलहाल, पूरे राज्य के सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स की नजर 18 मई की बैठक पर टिकी हुई है, क्योंकि इस दिन DA और 7वें वेतन आयोग को लेकर बड़ा ऐलान हो सकता है।
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Sarveshwar Pathakसर्वेश्वर पाठक अक्टूबर 2022 से ‘लाइव हिंदुस्तान’ में सीनियर कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में बिजनेस और ऑटो सेक्शन के लिए
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उत्तर प्रदेश के सुलतानपुर से आने वाले सर्वेश्वर केवल एक पत्रकार ही नहीं, बल्कि सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय भागीदारी
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