
122 गुना सब्सक्राइब हुआ पावर कंपनी का IPO, अब लिस्टिंग से पहले GMP दे रहा मुनाफे के संकेत
12 से 14 जनवरी के बीच चले इस इश्यू में निवेशकों ने कुल 52.49 करोड़ शेयरों के लिए बोली लगाई, जबकि ऑफर साइज सिर्फ 42.8 लाख शेयरों का था। इस दौरान करीब 82,700 आवेदन आए, जिससे साफ है कि निवेशकों का भरोसा इस कंपनी पर मजबूत नजर आया।
Avana Electrosystems IPO: पावर सेक्टर के लिए कंट्रोल और रिले पैनल बनाने वाली कंपनी अवाना इलेक्ट्रोसिस्टम्स (Avana Electrosystems) के आईपीओ को निवेशकों से जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला है। यह आईपीओ बोली के आखिरी दिन यानी 14 जनवरी को कुल 122.65 गुना सब्सक्राइब हुआ। 12 से 14 जनवरी के बीच चले इस इश्यू में निवेशकों ने कुल 52.49 करोड़ शेयरों के लिए बोली लगाई, जबकि ऑफर साइज सिर्फ 42.8 लाख शेयरों का था। इस दौरान करीब 82,700 आवेदन आए, जिससे साफ है कि निवेशकों का भरोसा इस कंपनी पर मजबूत नजर आया।
किस कैटेगरी से कितना सब्सक्राइब
निवेशकों की अलग-अलग कैटेगरी में बात करें तो नॉन-इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (NII) सबसे आगे रहे, जिन्होंने अपने हिस्से को 219.36 गुना सब्सक्राइब किया। इसके बाद रिटेल निवेशकों ने जबरदस्त दिलचस्पी दिखाई और उनका कोटा 137.5 गुना भरा। वहीं क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) का हिस्सा भी 54.9 गुना सब्सक्राइब हुआ। आईपीओ का शेयर अलॉटमेंट 15 जनवरी को फाइनल होगा, जबकि कंपनी के शेयर 19 जनवरी से NSE Emerge प्लेटफॉर्म पर ट्रेडिंग के लिए उपलब्ध होंगे।
ग्रे मार्केट का हाल
ग्रे मार्केट की बात करें तो अवाना इलेक्ट्रोसिस्टम्स के आईपीओ शेयर वहां ₹12 प्रीमियम यानी 20% से ज्यादा प्रीमियम पर ट्रेड करते दिखे। मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक, पिछले दो सेशन्स में ग्रे मार्केट प्रीमियम 13–16% से बढ़कर 20% से ऊपर पहुंच गया है। बेंगलुरु स्थित यह कंपनी इस आईपीओ के जरिए कुल ₹35.22 करोड़ जुटा रही है। आईपीओ का प्राइस बैंड ₹56 से ₹59 प्रति शेयर रखा गया था और यह इश्यू कुल 59.7 लाख शेयरों का है। इसमें 51.76 लाख शेयर फ्रेश इश्यू और 7.94 लाख शेयर ऑफर फॉर सेल (OFS) के तहत प्रमोटर्स द्वारा बेचे गए हैं।
अवाना इलेक्ट्रोसिस्टम्स 11 केवी से लेकर 220 केवी तक के कस्टमाइज्ड कंट्रोल और रिले पैनल बनाती है, जिनका इस्तेमाल पावर ट्रांसमिशन लाइन, पावर ट्रांसफॉर्मर, मीडियम और लो वोल्टेज पैनल, प्रोटेक्शन रिले और सब-स्टेशन ऑटोमेशन सिस्टम में होता है। कंपनी फ्रेश इश्यू से मिलने वाली रकम में से ₹11.55 करोड़ एक नई इंटीग्रेटेड मैन्युफैक्चरिंग यूनिट लगाने में खर्च करेगी। वहीं ₹8.6 करोड़ वर्किंग कैपिटल की जरूरतों के लिए और बाकी राशि जनरल कॉरपोरेट कामों में इस्तेमाल की जाएगी। इस आईपीओ के लिए इंडकैप एडवाइजर्स ने मर्चेंट बैंकर की भूमिका निभाई है।





